{"_id":"6381093143245808123b23e8","slug":"hatya-me-do-ko-saza-hamirpur-news-knp73023645","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hamirpur News: गैर इरादतन हत्या के मामले में चचेरे भाइयों सहित चार को उम्रकैद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hamirpur News: गैर इरादतन हत्या के मामले में चचेरे भाइयों सहित चार को उम्रकैद
विज्ञापन
हमीरपुर। गैर इरादतन हत्या के मामले में जिला सत्र न्यायाधीश डा. अनुपम गोयल की अदालत ने चार दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई। प्रत्येक दोषी को 1.20 लाख के अर्थदंड भी लगाया है। साक्ष्य के अभाव में दो आरोपियों को दोषमुक्त किया है।
सुमेरपुर थानाक्षेत्र के भंभौरा गांव निवासी वादी अनिल सिंह चंदेल ने पुलिस को तहरीर दी थी। इसमें बताया कि 28 मार्च 2005 की रात नौ बजे गांव के दो चचेरे भाई अशोक सिंह व लाला उर्फ धर्मेंद्र सिंह कुछ अज्ञात साथियों के साथ उसके घर में घुस आए। सभी ने लाठी डंडों से उसके पिता छोटे सिंह चंदेल (60), भाभी पिंकी व पत्नी सीमा को बेरहमी से मारा पीटा।
आरोपी हवाई फायरिंग करते हुए जान से मारने की धमकी देकर चले गए। दूसरे दिन इलाज के दौरान उसके पिता की मौत हो गई। पुलिस ने छह आरोपियों अशोक सिंह, लाला उर्फ धर्मेंद्र सिंह निवासी भंभौरा, रामशरण उर्फ लल्लू पाल व लाला पंडित उर्फ धीरेंद्र निवासी देवगांव, कप्तान सिंह शेखूपुर, बद्री विशाल सिंह निवासी जनपद बांदा के ग्राम डाडामऊ थाना पैलानी के खिलाफ आरोप पत्र अदालत में पेश किया था।
विज्ञापन
बताया कि अदालत ने चार दोषियों अशोक सिंह, लाला उर्फ धर्मेंद्र सिंह, रामशरण उर्फ लल्लू पाल व लाला पंडित उर्फ धीरेंद्र को उम्रकैद की सजा सुनाई है। वहीं प्रत्येक पर 1.20 लाख का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माने में प्रत्येक से 50-50 हजार की धनराशि पीड़ित को दिलाए जाने का आदेश दिया है। वहीं साक्ष्यों के अभाव में आरोपी कप्तान सिंह व बद्री विशाल सिंह को दोषमुक्त किया है। कहा कि जुर्माना अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त जेल भुगतनी होगी।
ये है मामला
जिला शासकीय अधिवक्ता राजेश शुक्ला ने बताया कि घटना के 10 दिन पूर्व दोनों परिवारों के बच्चों के बीच हुए विवाद पर वादी के भाई ने दोनों बच्चों को एक-एक थप्पड़ मारकर भगाया था। जिससे खपा होकर घटना को अंजाम दिया गया था।
विज्ञापन
सुमेरपुर थानाक्षेत्र के भंभौरा गांव निवासी वादी अनिल सिंह चंदेल ने पुलिस को तहरीर दी थी। इसमें बताया कि 28 मार्च 2005 की रात नौ बजे गांव के दो चचेरे भाई अशोक सिंह व लाला उर्फ धर्मेंद्र सिंह कुछ अज्ञात साथियों के साथ उसके घर में घुस आए। सभी ने लाठी डंडों से उसके पिता छोटे सिंह चंदेल (60), भाभी पिंकी व पत्नी सीमा को बेरहमी से मारा पीटा।
विज्ञापन
आरोपी हवाई फायरिंग करते हुए जान से मारने की धमकी देकर चले गए। दूसरे दिन इलाज के दौरान उसके पिता की मौत हो गई। पुलिस ने छह आरोपियों अशोक सिंह, लाला उर्फ धर्मेंद्र सिंह निवासी भंभौरा, रामशरण उर्फ लल्लू पाल व लाला पंडित उर्फ धीरेंद्र निवासी देवगांव, कप्तान सिंह शेखूपुर, बद्री विशाल सिंह निवासी जनपद बांदा के ग्राम डाडामऊ थाना पैलानी के खिलाफ आरोप पत्र अदालत में पेश किया था।
विज्ञापन
बताया कि अदालत ने चार दोषियों अशोक सिंह, लाला उर्फ धर्मेंद्र सिंह, रामशरण उर्फ लल्लू पाल व लाला पंडित उर्फ धीरेंद्र को उम्रकैद की सजा सुनाई है। वहीं प्रत्येक पर 1.20 लाख का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माने में प्रत्येक से 50-50 हजार की धनराशि पीड़ित को दिलाए जाने का आदेश दिया है। वहीं साक्ष्यों के अभाव में आरोपी कप्तान सिंह व बद्री विशाल सिंह को दोषमुक्त किया है। कहा कि जुर्माना अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त जेल भुगतनी होगी।
ये है मामला
जिला शासकीय अधिवक्ता राजेश शुक्ला ने बताया कि घटना के 10 दिन पूर्व दोनों परिवारों के बच्चों के बीच हुए विवाद पर वादी के भाई ने दोनों बच्चों को एक-एक थप्पड़ मारकर भगाया था। जिससे खपा होकर घटना को अंजाम दिया गया था।