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गल्ला मंडी में हैंडपंपों के जवाब देने से पेयजल संकट
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भरुआसुमेरपुर(हमीरपुर)। कस्बे की नवीन गल्ला मंडी में लगे ज्यादातर हैंडपंप खराब हैं। जिससे किसान, व्यापारियों और पल्लेदारों को पानी नसीब नहीं हो पा रहा है। लोग पानी खरीदकर पीने के लिए मजबूर हैं। मंडी सचिव ने हैंडपंपों को ठीक कराने का प्रस्ताव बनाकर उपनिदेशक मंडी को भेजा है।
मंडी के अंदर सात हैंडपंप लगे हैं। इनमें सिर्फ एक हैंडपंप चालू है। जिसमें तीन वाटर लेवल नीचे जाने से कम व गंदा पानी दे रहे हैं। तीन हैंडपंप खराब पड़े हैं। इससे मंडी में आने वाले किसानों, व्यापारियों और पल्लेदारों को गर्मी में गला तर करने के लिए पानी नहीं नसीब होता है। लोगों को मजबूर होकर मंडी के अंदर खड़े होने वाले चाट ठेला व खोखा आदि से पानी खरीदकर प्यास बुझाने के लिए मजबूर होना पड़ता है। मंडी के व्यापारी कुंजबिहारी पांडे, उदितनारायण तिवारी, अभिषेक शिवहरे, गेहूं खरीद केंद्र प्रभारियों ने बताया कि हैंडपंप खराब होने से मंडी के अंदर पेयजल का संकट है। एक हैंडपंप में सबमर्सिबल लगा हुआ है। यह तभी तक पानी देता है जब बिजली होती है।
मंडी सचिव रामसेवक वर्मा ने बताया कि वाटर लेवल नीचे जाने से ज्यादातर हैंडपंप पानी कम देने लगे हैं। सभी हैंडपंप रिबोर लायक है। हैंडपंपों की मरम्मत के लिए मंडी के उपनिदेशक को पत्राचार किया गया है। उनसे मंडी परिसर में पेयजल संकट के मद्देनजर नए हैंडपंप की स्थापना के साथ पुराने हैंडपंपों के रिबोर कराने की मांग की गई है।
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मंडी के अंदर सात हैंडपंप लगे हैं। इनमें सिर्फ एक हैंडपंप चालू है। जिसमें तीन वाटर लेवल नीचे जाने से कम व गंदा पानी दे रहे हैं। तीन हैंडपंप खराब पड़े हैं। इससे मंडी में आने वाले किसानों, व्यापारियों और पल्लेदारों को गर्मी में गला तर करने के लिए पानी नहीं नसीब होता है। लोगों को मजबूर होकर मंडी के अंदर खड़े होने वाले चाट ठेला व खोखा आदि से पानी खरीदकर प्यास बुझाने के लिए मजबूर होना पड़ता है। मंडी के व्यापारी कुंजबिहारी पांडे, उदितनारायण तिवारी, अभिषेक शिवहरे, गेहूं खरीद केंद्र प्रभारियों ने बताया कि हैंडपंप खराब होने से मंडी के अंदर पेयजल का संकट है। एक हैंडपंप में सबमर्सिबल लगा हुआ है। यह तभी तक पानी देता है जब बिजली होती है।
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मंडी सचिव रामसेवक वर्मा ने बताया कि वाटर लेवल नीचे जाने से ज्यादातर हैंडपंप पानी कम देने लगे हैं। सभी हैंडपंप रिबोर लायक है। हैंडपंपों की मरम्मत के लिए मंडी के उपनिदेशक को पत्राचार किया गया है। उनसे मंडी परिसर में पेयजल संकट के मद्देनजर नए हैंडपंप की स्थापना के साथ पुराने हैंडपंपों के रिबोर कराने की मांग की गई है।
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