पुलिस ने दस संदिग्धों को लिया हिरासत में
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राठ (हमीरपुर)। रोडवेज डिपो के कोषागार से दो तिजोरियां उठा ले जाने के मामले में पुलिस अभी तक हवा में हाथ पैर मार रही है। अभी तक न तो चोर पुलिस के हत्थे चढ़े हैं और न ही रुपये ही बरामद हो सके हैं। पुलिस ने दस संदिग्ध लोगों को पूछतांछ के लिए हिरासत में लिया है। एक अगस्त की रात चोर रोडवेज के कोषागार की खिड़की काट कर कमरे में रखी करीब 40 किलो वजन की दो तिजोरियां उठा ले गए थे। एक तिजोरी में कंडेक्टरों से प्राप्त दो लाख 40 हजार रुपये रखे थे। एक में कुछ नहीं था। कोषागार से तिजोरी चोरी होने से रोडवेज कर्मचारियों में हड़कंप मच गया था।
इस मामले में बांदा क्षेत्र के आरएम ने कैशियर को लापरवाही के आरोप में निलंबित कर दिया था। एआरएम गौकरन ने रात में कोषागार की ड्यूटी करने वाले चौकीदार समद खां को निलंबित कर दिया था। चोरी के इस मामले में पुलिस द्वारा गश्त में लापरवाही बरतने पर एसपी अनिल कुमार ने कोतवाल जगदेव प्रसाद को हटा कर क्राइम ब्रांच के प्रभारी रहे एचडी सिंह को कोतवाल बना दिया। घटना के दो दिन बीतने के बाद भी कोतवाली पुलिस अभी तक किसी भी चोर को पकड़ नहीं सकी है। कोतवाल एचडी सिंह ने बताया कि चोरों की तलाश के लिए टीमें जगह जगह दबिश दे रहीं हैं। पुलिस ने दो दिनों के अंदर दस संदिग्ध लोगों को हिरासत में लिया है जिनसे कड़ाई से पूछतांछ की जा रही है। घटना उजागर न होने पर पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लगने लगे हैं।