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दुष्कर्म के मामले में दो आरोपियों की जमानत खारिज
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हमीरपुर। तीन माह पूर्व खेत से वापस आ रही दिव्यांग किशोरी को पकड़कर अश्लील हरकत करने के मामले में विशेष न्यायाधीश पाक्सो एक्ट नीरज कुमार महाजन की अदालत ने आरोपी की जमानत याचिका निरस्त कर दी।
विशेष लोक अभियोजक अवध नरेश चंदेल ने बताया कि सिसोलर थानाक्षेत्र के एक गांव निवासी पीड़ित मां ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि 13 जनवरी 2022 को शाम करीब साढ़े पांच बजे उसकी दिव्यांग बेटी 15 वर्ष जो मंदबुद्धि है, खेत से वापस आ रही थी। तभी गांव निवासी आरोपी बाबूजी उर्फ पुष्पेंद्र सिंह व धीरज नशे की हालत धुत होकर उसकी पुत्री को गलत नीयत से हाथ पकड़कर अपने घर के अंदर ले गए। उसके साथ आरोपी अश्लील हरकत करने लगे। तभी पीड़िता ने शोर मचाया, शोर सुनकर वह व उसका पुत्र दौड़कर आए। तब तक दोनों आरोपी जान माल की धमकी देते हुए मौके से भाग निकले।
किशोरी को फोन कर बुलाया था
विशेष लोक अभियोजक अवध नरेश चंदेल ने बताया कि पीड़िता ने अदालत को दिए कलमबंद बयान में बताया कि 22 मार्च 2022 को दोपहर करीब 12 बजे आरोपी सुनील ने उसे फोन करके गांव के बाहर बुलाया तो वह घर पर बिना बताए चली गई। वह उसे दो वर्षों से जानती है। बताया कि अपनी मर्जी से उसके साथ कुण्डौरा गई, फिर उसके मामा के घर चली गई। उसी दिन उसके साथ मुस्करा आ गई। बताया कि आपसी सहमति से सड़क के किनारे आरोपी के साथ शारीरिक संबंध बनाए थे। कहा कि वह दोनों एक दूसरे को चाहते हैं। अपनी मर्जी से उसके साथ गई थी। कहा कि वह आरोपी के साथ शादी करना चाहती है। दूसरे दिन सुबह उसने उसे टैक्सी में बिठाकर छोड़ दिया था। लोक अभियोजक ने बताया कि विशेष न्यायाधीश पाक्सो एक्ट नीरज कुमार महाजन की अदालत ने आरोपी सुनील की जमानत याचिका खारिज कर दी है।
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विशेष लोक अभियोजक अवध नरेश चंदेल ने बताया कि सिसोलर थानाक्षेत्र के एक गांव निवासी पीड़ित मां ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि 13 जनवरी 2022 को शाम करीब साढ़े पांच बजे उसकी दिव्यांग बेटी 15 वर्ष जो मंदबुद्धि है, खेत से वापस आ रही थी। तभी गांव निवासी आरोपी बाबूजी उर्फ पुष्पेंद्र सिंह व धीरज नशे की हालत धुत होकर उसकी पुत्री को गलत नीयत से हाथ पकड़कर अपने घर के अंदर ले गए। उसके साथ आरोपी अश्लील हरकत करने लगे। तभी पीड़िता ने शोर मचाया, शोर सुनकर वह व उसका पुत्र दौड़कर आए। तब तक दोनों आरोपी जान माल की धमकी देते हुए मौके से भाग निकले।
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किशोरी को फोन कर बुलाया था
विशेष लोक अभियोजक अवध नरेश चंदेल ने बताया कि पीड़िता ने अदालत को दिए कलमबंद बयान में बताया कि 22 मार्च 2022 को दोपहर करीब 12 बजे आरोपी सुनील ने उसे फोन करके गांव के बाहर बुलाया तो वह घर पर बिना बताए चली गई। वह उसे दो वर्षों से जानती है। बताया कि अपनी मर्जी से उसके साथ कुण्डौरा गई, फिर उसके मामा के घर चली गई। उसी दिन उसके साथ मुस्करा आ गई। बताया कि आपसी सहमति से सड़क के किनारे आरोपी के साथ शारीरिक संबंध बनाए थे। कहा कि वह दोनों एक दूसरे को चाहते हैं। अपनी मर्जी से उसके साथ गई थी। कहा कि वह आरोपी के साथ शादी करना चाहती है। दूसरे दिन सुबह उसने उसे टैक्सी में बिठाकर छोड़ दिया था। लोक अभियोजक ने बताया कि विशेष न्यायाधीश पाक्सो एक्ट नीरज कुमार महाजन की अदालत ने आरोपी सुनील की जमानत याचिका खारिज कर दी है।
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