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सहूलियत बनी मुसीबत का सबब

Tue, 29 Mar 2016 09:04 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर Updated Tue, 29 Mar 2016 09:04 PM IST
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pension problem
पेंशन
गोरखपुर। इस महीने के अंतिम यानी 31 मार्च को सरकारी विभागों से सेवानिवृत्त होने वाले अफसरों-कर्मचारियों को अपनी पहली ही पेंशन के लिए काफी इंतजार करना पड़ सकता है। दरअसल सहूलियत के लिहाज से शुरू की जा रही नई व्यवस्था ही मुसीबत का सबब बन गई है।
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शासन के निर्देश पर एक अप्रैल से ई-पेंशन के जरिए ही रिटायर्ड अफसरों-कर्मचारियों के पेंशन का भुगतान होना है। मगर अभी तक 70 फीसदी से ज्यादा सरकारी विभागों के आहरण-वितरण अधिकारियों का डिजिटल सिग्नेचर ही नहीं तैयार हो सका है।
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सीटीओ अजय सोनकर ने बताया कि ई-पेंशन सिस्टम से विभागों के आहरण-वितरण अधिकारी संबंधित सेवानिवृत्त कर्मचारी का पूरा डाटा ऑनलाइन फीड करेंगे। इसके लिए उन्हें संबंधित प्रोफॉर्मा भी मुहैया करा दिया गया है। फीडिंग के बाद पूरी जानकारी अपर निदेशक कोषागार के आईडी पर दिखाई पड़ेगी। वहां से ओके होने के बाद यह जानकारी सीटीओ के  पास पहुंच जाएगी।
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पूरे प्रोफॉर्मा की जांच के बाद वह उसकी एक हार्ड कॉपी निकालेंगे। फिर संबंधित सेवानिवृत्त कर्मचारी को बुलाकर दोबारा सभी तथ्यों की जांच होगी। इसके बाद सीधे ट्रेजरी से ई-पेमेंट के जरिए उनके पेंशन का भुगतान हो जाएगा। सीटीओ की माने तो इस पूरी प्रक्रिया में संबंधित सेवानिवृत्त कर्मचारियों को सिर्फ एक बार ट्रेजरी आना पड़ेगा।


उन्होंने बताया कि 60 से अधिक विभागों के आहरण-वितरण अधिकारियों को लॉगिन आईडी पहले ही मुहैया करा दी गई है। मगर कई बार निर्देश जारी किए जाने के बाद भी कई अधिकारियों ने डिजिटल सिग्नेचर की प्रक्रिया पूरी नहीं की।
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