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रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम के बगैर नहीं मिलेगी स्कूलों को मान्यता : डॉ. महेंद्र सिंह

Tue, 17 Sep 2019 02:06 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Tue, 17 Sep 2019 02:06 AM IST
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dr. mahendra singh in gorakhpur
गोरखनाथ मंदिर में ब्रम्हलीन महंत दिग्विजयनाथ का पूजा करते केंद्रीय जल मंत्री गजेंद्र सिंह शेखा?
रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम के बगैर नहीं मिलेगी स्कूलों को मान्यता : डॉ. महेंद्र सिंह
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गोरखपुर। प्रदेश सरकार के जलशक्ति मंत्री डॉ. महेंद्र सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार जल संचय के प्रति बहुत ही गंभीर है। इसके लिए कानून भी बनाने जा रही है। इसके तहत सभी शैक्षणिक संस्थानों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम लगाना अनिवार्य होगा। बगैर इसके स्कूलों को मान्यता नहीं मिलेगी। यदि किसी ने नहीं लगाया तो उसकी मान्यता समाप्त कर दी जाएगी। वहीं किसी उद्योग के नदी में गंदा पानी नदी डालने पर पांच से 10 लाख जुर्माना तथा मालिक को सात साल तक जेल का प्रावधान भी होगा।
जलशक्ति मंत्री गोरखनाथ मंदिर में महंत अवेद्यनाथ और दिग्विजयनाथ की पुण्यतिथि के अवसर पर चल रहे श्रद्धांजलि समारोह के पांचवें दिन ‘जल है तो कल है ’ विषय पर आयोजित संगोष्ठी में बतौर विशिष्ट अतिथि अपने विचार व्यक्त कर रहे थे। उन्होंने कहा कि सभी सरकारी संस्थाओं में अब रेन हार्वेस्टिंग सिस्टम लगाया जाएगा। रेन हारर्वेस्टिंग सिस्टम की व्यवस्था होने पर ही सरकारी भवन का नक्शा पास होगा। बताया कि अगली बारिश से पूर्व जल संचय व संवर्धन के लिए बड़ा कार्य प्रदेश सरकार की तरफ से किया जाएगा। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश देश का पहला राज्य है जहां जलशक्ति मंत्रालय बनाया गया। जन सहयोग के माध्यम से आने वाले जल संकट से हम पूरी तरह निपटने में सक्षम होंगे। उन्होंने कहा कि योगी सरकार का मानना है कि जल जीवन के लिए बहुत जरूरी है।
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प्रदेश के 151 ब्लॉक डार्क जोन में
मंत्री ने बताया कि प्रदेश के 151 ब्लॉक डार्क जोन में पहुंच गए हैं। यहां पर जल का भारी संकट है। जल संकट को रोकने के लिए प्रदेश सरकार लगातार उपाय भी कर रही है। इसके चलते 20 हजार तालाबों की खुदाई कराई गई। 22 करोड़ पौधे लगाए गए। सरकार की मंशा है कि गांव का पानी गांव में तथा खेत का पानी खेत में रहे। सरकार वह हर कदम उठाने जा रही है जिससे भूगर्भ जल संरक्षित हो सके। उन्होंने कहा कि गांव के जो कुएं बचे हैं उनका सीधा कनेक्शन नीचे के जल श्रोत जिसे गांवों में पातालतोड़ कहा जाता है, कराएंगे।
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सबमर्सिबल पंप पर लगेगा मीटर
मंत्री ने कहा कि सबमर्सिबल पंप से पानी का काफी दुरुपयोग होता है। अब सबमर्सिबल पंप नहीं लगेंगे। यदि किसी ने लगवाया तो उसे पानी का मीटर भी लगाना पड़ेगा। उसके साथ ही बगैर रेन वाटर हार्वेस्टर के पंप नहीं लगने पाएगा।
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