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विवेक हत्याकांड ः सुषमा को पहले दिन नहीं मिला खाना
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Updated Wed, 26 Apr 2017 01:13 AM IST
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पति की हत्या की आरोपी सुषमा।
- फोटो : Amar Ujala
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कैंट इलाके के विशुनपुरवा में पति विवेक की हत्या के आरोप में पकड़ी गई पत्नी सुषमा को पहले दिन जेल में खाना नहीं मिला। ऐसे में उसे पति और पुत्र की हत्या के आरोप में जेल में बंद अर्चना ने खाना खिलाया। कैदी अगर जेल में शाम को दाखिल होते हैं, उस दिन जेल प्रशासन की ओर से भोजन का इंतजाम नहीं किया जाता। वह तभी कुछ खा पाते हैं जब अन्य कैदी उन्हें खाने को दें। सुषमा भी शाम को जेल गई थी, लिहाजा अर्चना ने उसे अपने साथ खाना खिलाया।
सुषमा को सोमवार की शाम पांच बजे जेल में दाखिल किया गया था। जेल में जाते ही कुछ महिलाओं ने उस पर हमला कर दिया था, लेकिन कई अन्य महिला कैदियों ने बीच-बचाव कर उसे बचाया और अपने साथ बैरक में ले गईं। सुषमा को भी शाहपुर इलाके में डॉक्टर पति और बेटे की हत्या के आरोप में बंद अर्चना यादव की बैरक में ही रखा गया है। जेल में इस समय 75 महिलाएं बंद हैं। तकरीबन सभी पर हत्या का मुकदमा दर्ज है। इनमें से 15 महिलाएं ऐसी हैं जिनपर पति की हत्या का मुकदमा दर्ज है या विचाराधीन हैं। जेल प्रशासन के मुताबिक पति की हत्या में बंद सभी महिलाएं जेल के अंदर साथ ही रहती हैं।
मुलाकात के लिए तारीख का इंतजार
जेल में बंद सुषमा ने प्रेमी डब्लू से मुलाकात की इच्छा जताई थी, लेकिन जेल प्रशासन ने इसकी अनुमति नहीं दी। अब दोनों को केस में तारीख का इंतजार है। दोनों की कोर्ट में पेशी एक साथ होगी। इसी तरह तारीख पर ही अर्चना यादव और उसका प्रेमी भी मिलते हैं।
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दूसरी जेल भेजा जा सकता है डब्लू
विवेक की हत्या के मामले में जेल में बंद रहे डब्लू सिंह को गोरखपुर जेल से कहीं और शिफ्ट किया जा सकता है। उसे पहले भी जब हत्या के आरोप में पकड़ा गया था तो बदायूं जेल शिफ्ट किया गया था।
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सुषमा को सोमवार की शाम पांच बजे जेल में दाखिल किया गया था। जेल में जाते ही कुछ महिलाओं ने उस पर हमला कर दिया था, लेकिन कई अन्य महिला कैदियों ने बीच-बचाव कर उसे बचाया और अपने साथ बैरक में ले गईं। सुषमा को भी शाहपुर इलाके में डॉक्टर पति और बेटे की हत्या के आरोप में बंद अर्चना यादव की बैरक में ही रखा गया है। जेल में इस समय 75 महिलाएं बंद हैं। तकरीबन सभी पर हत्या का मुकदमा दर्ज है। इनमें से 15 महिलाएं ऐसी हैं जिनपर पति की हत्या का मुकदमा दर्ज है या विचाराधीन हैं। जेल प्रशासन के मुताबिक पति की हत्या में बंद सभी महिलाएं जेल के अंदर साथ ही रहती हैं।
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मुलाकात के लिए तारीख का इंतजार
जेल में बंद सुषमा ने प्रेमी डब्लू से मुलाकात की इच्छा जताई थी, लेकिन जेल प्रशासन ने इसकी अनुमति नहीं दी। अब दोनों को केस में तारीख का इंतजार है। दोनों की कोर्ट में पेशी एक साथ होगी। इसी तरह तारीख पर ही अर्चना यादव और उसका प्रेमी भी मिलते हैं।
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दूसरी जेल भेजा जा सकता है डब्लू
विवेक की हत्या के मामले में जेल में बंद रहे डब्लू सिंह को गोरखपुर जेल से कहीं और शिफ्ट किया जा सकता है। उसे पहले भी जब हत्या के आरोप में पकड़ा गया था तो बदायूं जेल शिफ्ट किया गया था।