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जंगली जानवर के हमले से महिला की मौत
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Updated Thu, 20 Oct 2016 01:42 AM IST
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मौत
- फोटो : file
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बुधवार को घर से शौच के लिए निकली महिला का खेत में शव मिला। उसके गले पर घाव था। शव को घसीटे जाने के भी निशान मिले हैं। आशंका व्यक्त की जा रही है कि जंगली जानवर के हमले से महिला की मौत हुई है। शव के पास पंजों के निशान मिलने की सूचना पर वन विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची। उसने तेंदुए के हमले की आशंका जताई है। वन विभाग की ओर से मृतक के परिवार को छह हजार रुपये की मदद की गई है।
पिपराइच प्रतिनिधि के मुताबिक रतनपुर परती टोला की गीता (30) पत्नी चंद्रभान सुबह पांच बजे के करीब घर से शौच के लिए निकली थीं। गांव के एक खेत में किसी जानवर ने हमला कर दिया और फिर शव को खींचकर ले जाने की भी कोशिश की। सुबह टहलने निकलीं कुछ महिलाओं ने गीता की चीख भी सुनी और गांव पहुंचकर लोगों को घटना की जानकारी दी। गांव वाले जब तक मौके पर पहुंचते तब तक गीता की मौत हो चुकी थी। शव के पास से लेकर खेत में कई जगह जंगली जानवर के पंजों के निशान बने हुए थे।
घटना की सूचना मिलने पर पहुंचे तिनकोनिया वन रेंज के एसडीओ मनोज शुक्ल व वन रेंजर रामसूरत यादव ने काफी देर तक जंगली जानवर की तलाश की लेकिन उसका पता नहीं चला। वन विभाग की टीम के पहुंचने से पहले ग्रामीण जंगली सुअर के हमले में महिला की मौत होने की आशंका जता रहे थे, लेकिन वन विभाग की टीम ने पंजों के निशान के आधार हमला करने वाले जानवर को तेंदुआ करार दिया। गीता के पति बाहर रहकर पेंटिंग का काम करते हैं। उनका एक बेटा सिंकदर (9) तथा दो बेटियां संजना (7) और मुस्कान (4) हैं।
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पिपराइच प्रतिनिधि के मुताबिक रतनपुर परती टोला की गीता (30) पत्नी चंद्रभान सुबह पांच बजे के करीब घर से शौच के लिए निकली थीं। गांव के एक खेत में किसी जानवर ने हमला कर दिया और फिर शव को खींचकर ले जाने की भी कोशिश की। सुबह टहलने निकलीं कुछ महिलाओं ने गीता की चीख भी सुनी और गांव पहुंचकर लोगों को घटना की जानकारी दी। गांव वाले जब तक मौके पर पहुंचते तब तक गीता की मौत हो चुकी थी। शव के पास से लेकर खेत में कई जगह जंगली जानवर के पंजों के निशान बने हुए थे।
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घटना की सूचना मिलने पर पहुंचे तिनकोनिया वन रेंज के एसडीओ मनोज शुक्ल व वन रेंजर रामसूरत यादव ने काफी देर तक जंगली जानवर की तलाश की लेकिन उसका पता नहीं चला। वन विभाग की टीम के पहुंचने से पहले ग्रामीण जंगली सुअर के हमले में महिला की मौत होने की आशंका जता रहे थे, लेकिन वन विभाग की टीम ने पंजों के निशान के आधार हमला करने वाले जानवर को तेंदुआ करार दिया। गीता के पति बाहर रहकर पेंटिंग का काम करते हैं। उनका एक बेटा सिंकदर (9) तथा दो बेटियां संजना (7) और मुस्कान (4) हैं।
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