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कानूनगो की सिर कुचलकर हत्या
Updated Sun, 01 Oct 2017 08:07 PM IST
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गोरखपुर। बांसगांव तहसील में तैनात कानूनगो नरसिंह कृष्ण त्रिपाठी की सिर कुचलकर हत्या कर दी गई। शनिवार को दस नंबर बोरिंग के पास स्थित गली में उनकी प्लास्टिक में लपेटकर फेंकी गई लाश मिलने से सनसनी फैल गई। सूचना पर एसएसपी भी मौके पर पहुंच गए। कानूनगो 30 सितंबर को ही सेवानिवृत्त होने वाले थे। हत्या की जांच कर रही पुलिस को नरसिंह के करीबियों पर ही संदेह है। हालांकि अभी पुलिस अफसर खुलकर कुछ नहीं बोल रहे हैं। एसएसपी का कहना है कि जल्द ही घटना का पर्दाफाश कर लिया जाएगा।
कुशीनगर के कप्तानगंज बारी गांव निवासी नरसिंह कृष्ण त्रिपाठी गोरखनाथ इलाके के राजेंद्रनगर पूर्वी ललितपुरम कॉलोनी में मकान बनवाकर परिवार के साथ रहते थे। शुक्रवार शाम ड्यूटी से लौटने के बाद वह कुछ देर में लौटने की बात कहकर घर से निकले। पास की ही एक लड़की की मदद से चौराहे तक वह बाइक से आए। इसके बाद उनका कुछ पता नहीं चला। बेटी शशि मिश्रा ने रात आठ बजे के करीब उनके मोबाइल पर कॉल की, लेकिन फोन नहीं उठा। नौ बजे दोबारा कॉल करने पर मोबाइल फोन कवरेज क्षेत्र से बाहर बताने लगा। शनिवार सुबह गुमशुदगी दर्ज कराने के लिए बेटा अनिल और सुनील कृष्ण त्रिपाठी थाने पहुंचे। उधर, पुलिस को हत्या कर फेंकी गई लावारिस लाश मिली। पुलिस ने फोटो देखकर परिवार वालों से शिनाख्त करने को कहा तो लाश नरसिंह की ही निकली। पुलिस ने हत्या का केस दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
दो बेटे व बेटी के पिता थे नरसिंह
नरसिंह के दो बेटे अनिल और सुनील हैं। बेटी शशि मिश्रा भी शादी के बाद से पति से रिश्ते ठीक न होने के कारण पिता के साथ ही रहती थीं। वह प्राइवेट जॉब करती हैं। बड़ा बेटा एटीएम का कैश वैन चलाता है, जबकि छोटा बेटा प्राइवेट जॉब करता है। घर में बच्चों का पूरा परिवार रहता है।
कुशीनगर के कप्तानगंज बारी गांव निवासी नरसिंह कृष्ण त्रिपाठी गोरखनाथ इलाके के राजेंद्रनगर पूर्वी ललितपुरम कॉलोनी में मकान बनवाकर परिवार के साथ रहते थे। शुक्रवार शाम ड्यूटी से लौटने के बाद वह कुछ देर में लौटने की बात कहकर घर से निकले। पास की ही एक लड़की की मदद से चौराहे तक वह बाइक से आए। इसके बाद उनका कुछ पता नहीं चला। बेटी शशि मिश्रा ने रात आठ बजे के करीब उनके मोबाइल पर कॉल की, लेकिन फोन नहीं उठा। नौ बजे दोबारा कॉल करने पर मोबाइल फोन कवरेज क्षेत्र से बाहर बताने लगा। शनिवार सुबह गुमशुदगी दर्ज कराने के लिए बेटा अनिल और सुनील कृष्ण त्रिपाठी थाने पहुंचे। उधर, पुलिस को हत्या कर फेंकी गई लावारिस लाश मिली। पुलिस ने फोटो देखकर परिवार वालों से शिनाख्त करने को कहा तो लाश नरसिंह की ही निकली। पुलिस ने हत्या का केस दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
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दो बेटे व बेटी के पिता थे नरसिंह
नरसिंह के दो बेटे अनिल और सुनील हैं। बेटी शशि मिश्रा भी शादी के बाद से पति से रिश्ते ठीक न होने के कारण पिता के साथ ही रहती थीं। वह प्राइवेट जॉब करती हैं। बड़ा बेटा एटीएम का कैश वैन चलाता है, जबकि छोटा बेटा प्राइवेट जॉब करता है। घर में बच्चों का पूरा परिवार रहता है।
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