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मृतक भी चुनेंगे ग्राम प्रधान !
गोंडा/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 21 Aug 2015 11:21 PM IST
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आरक्षण की स्थिति अभी साफ नहीं हो पायी है, लेकिन हर कीमत पर प्रधानी जीतने
की जुगत में लोगों ने मृतकों को ही मतदाता बनाकर प्रशासन के लिए सांसत
पैदा कर दी है। यह कारनामा किसी और ने नहीं बल्कि प्रशासन द्वारा लगाए गए
बीएलओ ने किए हैं। हालांकि इनके कार्यों का पर्यवेक्षण करने के लिए हर
ब्लॉक में एक-एक नोडल अधिकारी को तैनात किया गया था, लेकिन ये नोडल अधिकारी
भी चुपचाप यह तमाशा देखते रहे।
पांच सितंबर तक त्रुटि रहित मतदाता सूची का प्रकाशन होना है। सभी बूथ लेवल अधिकारियों ने जिले की 1054 ग्राम पंचायतों की संशोधित व परिवर्धित सूची को एनआईसी में फीड करा दिया है। फीडिंग के बाद गांव के लोगों की अधिकारियों के यहां बाढ़ आ गई है। किसी गांव में मृतक को मतदाता बनाया गया है तो किसी गांव में दूसरे गांव के मतदाता को जोड़ दिया गया है। कहीं नाबालिगों को वोटर बना दिया गया है तो कहीं अपने चहेतों को जोड़ने के लिए हर तरकीब अपनायी गई है।
केस-1
87 फर्जी लोगों को बना दिया मतदाता
शहर से सटा ब्लॉक पंडरीकृपाल की ग्राम पंचायत पिपरा भिटौरा की 2483 मतदाताओं की सूची फीड हो गई है। इस गांव की आबादी 3429 है। इस लिहाज से यहां 70 फीसदी से अधिक मतदाता हो गए। खास बात यह है कि यहां आधा दर्जन मृतकों को भी मतदाता बना दिया गया। गांव-गांव हुए इस कार्य में भारी लापरवाही बरती गई है। इस ग्राम पंचायत की भग्गन देई, भगेलू, संतू, कुमकुम, राम प्रसाद, धर्मराम, शेषराम भगवान को प्यारे हो चुके हैं, लेकिन फीड करायी गई सूची में ये बतौर मतदाता हैं। इतना ही नहीं इस ग्राम पंचायत में 34 लोग दूसरे गांव सोनभरिया के मतदाता हैं। उन्हें पिपरा भिटौरा में मतदाता बनाया गया है। करीब 50 बच्चे जिनकी आयु करीब 15 वर्ष है उन्हें भी मतदाता बनाया गया है।
केस-2
दो बार दर्ज कर दिए गए मतदाता
वजीरगंज विकास खंड के डुमरिया डीह ग्राम पंचायत में 223 मतदाताओं के नाम गलत तरीके से जोड़े गए हैं। इसमें करीब आधा दर्जन मतदाता मृतक हैं। इसके अलावा छद्म नाम से कई लोगों को मतदाता बना दिया गया है। दो दर्जन ऐसे मतदाता हैं जिन्हें दो बार सूची में दर्ज कर दिया गया है। यहां की ग्राम प्रधान रानी ने अब सीधे उच्च न्यायालय जाने की तैयारी की है। उन्होंने इसकी शिकायत चुनाव आयोग से भी की है।
केस-3
दूसरे गांव के 15 मतदाता को कर लिया शामिल
वजीरगंज ब्लॉक के ही ग्राम पंचायत पुरे डाढू के ओम प्रकाश मिश्र सहित अन्य ने निर्वाचन आयोग, जिला निर्वाचन अधिकारी सहित अन्य स्तरों पर शिकायत भेजी है। बताया गया है कि ग्राम पंचायत में 30 मतदाताओं को दो बार दर्ज किया गया है। 15 मतदाता दूसरी ग्राम पंचायत के हैं जिन्हें पूरे ढाढू में भी मतदाता बना दिया गया है।
पांच सितंबर तक ठीक हो जाएगी सूची
फीडिंग के बाद मतदाता सूची का प्रकाशन किया जा चुका है। उसमें तमाम त्रुटियां हैं जिसके लिए निर्धारित प्रोफार्मा पर आपत्तियां ली जा रही हैं। इसके लिए अधिकारियों को लगाकर मतदाता सूची को त्रुटि रहित बनाने का कार्य किया जा रहा है। जहां-जहां गड़बडियां हुई हैं वहां की आपत्तियों के निस्तारण के लिए संबंधित बीएलओ व अन्य अधिकारी को लगाकर सूची का मिलान कराया जा रहा है। ऐसे मतदाताओं को भी हटाया जाएगा जो दो ग्राम पंचायतों में दर्ज हैं। मृतकों व नाबालिगों के नाम भी हटाए जाएंगे।
-त्रिलोकी सिंह, अपर जिलाधिकारी गोंडा
पांच सितंबर तक त्रुटि रहित मतदाता सूची का प्रकाशन होना है। सभी बूथ लेवल अधिकारियों ने जिले की 1054 ग्राम पंचायतों की संशोधित व परिवर्धित सूची को एनआईसी में फीड करा दिया है। फीडिंग के बाद गांव के लोगों की अधिकारियों के यहां बाढ़ आ गई है। किसी गांव में मृतक को मतदाता बनाया गया है तो किसी गांव में दूसरे गांव के मतदाता को जोड़ दिया गया है। कहीं नाबालिगों को वोटर बना दिया गया है तो कहीं अपने चहेतों को जोड़ने के लिए हर तरकीब अपनायी गई है।
केस-1
87 फर्जी लोगों को बना दिया मतदाता
शहर से सटा ब्लॉक पंडरीकृपाल की ग्राम पंचायत पिपरा भिटौरा की 2483 मतदाताओं की सूची फीड हो गई है। इस गांव की आबादी 3429 है। इस लिहाज से यहां 70 फीसदी से अधिक मतदाता हो गए। खास बात यह है कि यहां आधा दर्जन मृतकों को भी मतदाता बना दिया गया। गांव-गांव हुए इस कार्य में भारी लापरवाही बरती गई है। इस ग्राम पंचायत की भग्गन देई, भगेलू, संतू, कुमकुम, राम प्रसाद, धर्मराम, शेषराम भगवान को प्यारे हो चुके हैं, लेकिन फीड करायी गई सूची में ये बतौर मतदाता हैं। इतना ही नहीं इस ग्राम पंचायत में 34 लोग दूसरे गांव सोनभरिया के मतदाता हैं। उन्हें पिपरा भिटौरा में मतदाता बनाया गया है। करीब 50 बच्चे जिनकी आयु करीब 15 वर्ष है उन्हें भी मतदाता बनाया गया है।
केस-2
दो बार दर्ज कर दिए गए मतदाता
वजीरगंज विकास खंड के डुमरिया डीह ग्राम पंचायत में 223 मतदाताओं के नाम गलत तरीके से जोड़े गए हैं। इसमें करीब आधा दर्जन मतदाता मृतक हैं। इसके अलावा छद्म नाम से कई लोगों को मतदाता बना दिया गया है। दो दर्जन ऐसे मतदाता हैं जिन्हें दो बार सूची में दर्ज कर दिया गया है। यहां की ग्राम प्रधान रानी ने अब सीधे उच्च न्यायालय जाने की तैयारी की है। उन्होंने इसकी शिकायत चुनाव आयोग से भी की है।
केस-3
दूसरे गांव के 15 मतदाता को कर लिया शामिल
वजीरगंज ब्लॉक के ही ग्राम पंचायत पुरे डाढू के ओम प्रकाश मिश्र सहित अन्य ने निर्वाचन आयोग, जिला निर्वाचन अधिकारी सहित अन्य स्तरों पर शिकायत भेजी है। बताया गया है कि ग्राम पंचायत में 30 मतदाताओं को दो बार दर्ज किया गया है। 15 मतदाता दूसरी ग्राम पंचायत के हैं जिन्हें पूरे ढाढू में भी मतदाता बना दिया गया है।
पांच सितंबर तक ठीक हो जाएगी सूची
फीडिंग के बाद मतदाता सूची का प्रकाशन किया जा चुका है। उसमें तमाम त्रुटियां हैं जिसके लिए निर्धारित प्रोफार्मा पर आपत्तियां ली जा रही हैं। इसके लिए अधिकारियों को लगाकर मतदाता सूची को त्रुटि रहित बनाने का कार्य किया जा रहा है। जहां-जहां गड़बडियां हुई हैं वहां की आपत्तियों के निस्तारण के लिए संबंधित बीएलओ व अन्य अधिकारी को लगाकर सूची का मिलान कराया जा रहा है। ऐसे मतदाताओं को भी हटाया जाएगा जो दो ग्राम पंचायतों में दर्ज हैं। मृतकों व नाबालिगों के नाम भी हटाए जाएंगे।
-त्रिलोकी सिंह, अपर जिलाधिकारी गोंडा