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स्कूलों में बच्चे पूरी बांह के कपड़े पहन कर आएं
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गोंडा के प्राथमिक विद्यालय धौरहरा में पढ़ाई करते बच्चे। -संवाद
- फोटो : GONDA
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गोंडा। डेंगू के कहर को देखते हुए बेसिक शिक्षा विभाग ने परिषदीय स्कूलों में पढ़ने वाले स्कूली बच्चों को आधे बांह की कमीज और हॉफ पैंट पहनने पर रोक लगा दी है। अभिभावकों से बच्चों को सुरक्षित करने के लिए पहनावे पर ध्यान देने के साथ ही पूरी आस्तीन के कपड़े पहनाने की अपील की है।
जिले में डेंगू एवं चिकनगुनिया का प्रकोप बढ़ रहा है और छात्र-छात्राएं भी प्रभावित हो रहे हैं। ऐसे में छात्र-छात्राओं एवं अभिभावकों को जागरूक किए जाने की रणनीति बनी है। जिससे बीमारियों के प्रकोप से छात्र-छात्राओं को बचाया जा सके। परिषदीय स्कूलों के 11 हजार शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशकों के माध्यम से चार लाख 20 हजार छात्रों को जागरूक करना है। स्कूलों में अब सभी छात्र-छात्राओं को पूरे बांह की कमीज एवं फुल पैंट पहन कर विद्यालय आने को कहा गया है।
बीएसए अखिलेश प्रताप सिंह ने बताया कि डेंगू और चिकनगुनिया जैसी बीमारी बढ़ रही है। इससे बचाव के लिए बच्चों को जागरूक किया जाना है, और उनके माध्यम से अभिभावकों को जागरूक किया जाना है। हर दिन प्रार्थना सभा में संचारी रोगों एवं उससे होने वाली समस्याओं के संबंध में बच्चों को शिक्षक बताएंगे। इसके साथ ही गांव में जन जागरूकता रैली के माध्यम से अभिभावकों को जागरूक करेंगे। साथ ही स्कूल परिसर में रखी हुई पानी की टंकियों की नियमित सफाई कराने की हिदायत दी गई है।
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बीएसए ने बताया कि शिक्षकों को सुनिश्चित करना है कि विद्यालय परिसर एवं आस-पड़ोस में जलभराव न होने पाये। विद्यालय परिसर में हैंडपंप एवं मल्टीपल हैंडवॉश के पास नियमित रूप से सफाई एवं एन्टी लार्वा/ कीटनाशक दवाओं का छिड़काव हो। इसमें पंचायतों का सहयोग भी लिया जाएगा। विद्यालय परिसर एवं आस-पड़ोस की झाड़ियों की कटान कराने के निर्देश दिए गए हैं।
एसएमसी व प्रधानों के सहयोग से चलाएंगे अभियान
स्कूलों में स्वच्छता और रोगों से बचाव के लिए एसएमसी (स्कूल प्रबंध समिति) व प्रधानों का सहयोग लेना है। इसमें एसएमसी की बैठक कर उन्हें डेंगू व चिकनगुनिया जैसे संचारी रोगों एवं उनके दुष्प्रभावों के बारे में बताने तथा घर एवं आसपास की साफ-सफाई के लिए प्रेरित करना है। किसी भी बच्चे को बुखार आने पर उसका तत्काल उपचार कराया जाये। इसके लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र का सहयोग लेना है। जिससे किसी बच्चे को दिक्कत न हो।
बच्चों को बीमार होने से बचाने के लिए अभियान
जिले के स्कूलों में डेंगू और चिकनगुनिया जैसे संचारी रोगों से बच्चों को सुरक्षित रखने के लिए अभियान शुरू किया जा रहा है। सोमवार से बच्चों को प्रेरित किया जाएगा और अभिभावकों को जागरूक कर बीमारी से बचाव के कार्य होंगे।
- अखिलेश प्रताप सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी
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जिले में डेंगू एवं चिकनगुनिया का प्रकोप बढ़ रहा है और छात्र-छात्राएं भी प्रभावित हो रहे हैं। ऐसे में छात्र-छात्राओं एवं अभिभावकों को जागरूक किए जाने की रणनीति बनी है। जिससे बीमारियों के प्रकोप से छात्र-छात्राओं को बचाया जा सके। परिषदीय स्कूलों के 11 हजार शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशकों के माध्यम से चार लाख 20 हजार छात्रों को जागरूक करना है। स्कूलों में अब सभी छात्र-छात्राओं को पूरे बांह की कमीज एवं फुल पैंट पहन कर विद्यालय आने को कहा गया है।
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बीएसए अखिलेश प्रताप सिंह ने बताया कि डेंगू और चिकनगुनिया जैसी बीमारी बढ़ रही है। इससे बचाव के लिए बच्चों को जागरूक किया जाना है, और उनके माध्यम से अभिभावकों को जागरूक किया जाना है। हर दिन प्रार्थना सभा में संचारी रोगों एवं उससे होने वाली समस्याओं के संबंध में बच्चों को शिक्षक बताएंगे। इसके साथ ही गांव में जन जागरूकता रैली के माध्यम से अभिभावकों को जागरूक करेंगे। साथ ही स्कूल परिसर में रखी हुई पानी की टंकियों की नियमित सफाई कराने की हिदायत दी गई है।
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बीएसए ने बताया कि शिक्षकों को सुनिश्चित करना है कि विद्यालय परिसर एवं आस-पड़ोस में जलभराव न होने पाये। विद्यालय परिसर में हैंडपंप एवं मल्टीपल हैंडवॉश के पास नियमित रूप से सफाई एवं एन्टी लार्वा/ कीटनाशक दवाओं का छिड़काव हो। इसमें पंचायतों का सहयोग भी लिया जाएगा। विद्यालय परिसर एवं आस-पड़ोस की झाड़ियों की कटान कराने के निर्देश दिए गए हैं।
एसएमसी व प्रधानों के सहयोग से चलाएंगे अभियान
स्कूलों में स्वच्छता और रोगों से बचाव के लिए एसएमसी (स्कूल प्रबंध समिति) व प्रधानों का सहयोग लेना है। इसमें एसएमसी की बैठक कर उन्हें डेंगू व चिकनगुनिया जैसे संचारी रोगों एवं उनके दुष्प्रभावों के बारे में बताने तथा घर एवं आसपास की साफ-सफाई के लिए प्रेरित करना है। किसी भी बच्चे को बुखार आने पर उसका तत्काल उपचार कराया जाये। इसके लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र का सहयोग लेना है। जिससे किसी बच्चे को दिक्कत न हो।
बच्चों को बीमार होने से बचाने के लिए अभियान
जिले के स्कूलों में डेंगू और चिकनगुनिया जैसे संचारी रोगों से बच्चों को सुरक्षित रखने के लिए अभियान शुरू किया जा रहा है। सोमवार से बच्चों को प्रेरित किया जाएगा और अभिभावकों को जागरूक कर बीमारी से बचाव के कार्य होंगे।
- अखिलेश प्रताप सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी