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समस्याओं को लेकर किया प्रदर्शन
अमर उजाला/गोंडा
Updated Thu, 19 May 2016 10:52 PM IST
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प्रदर्शन करते कर्मचारी
- फोटो : अमर उजाला
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कर्मचारियों की समस्याओं को लेकर गुरुवार को भारतीय मजदूर संघ के पदाधिकारियों ने उप श्रमायुक्त कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया और प्रधानमंत्री को संबोधित 20 सूत्री मांग पत्र उप श्रमायुक्त को सौंपा।
धरने को संबोधित करते हुए भारतीय मजदूर संघ के मंडल अध्यक्ष भागवंत गुप्त ने कहा कि भारतीय मजदूर संघ राष्ट्र हित को सर्वोपरि मानकर श्रमिकों व मजदूरों की समस्याओं का पक्षधर है।
उन्होंने कहा कि बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, श्रम कानूनों का अनुपालन न होने व औद्योगिक क्षेत्रों में छटनी व ठेकेदारी प्रथा होने से श्रमिकों की स्थिति खराब होती जा रही है। इसके लिए सरकार को चिंतन करने की जरूरत है।
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मजदूर नेता सत्यप्रकाश शुक्ल ने कहा कि मजदूरों के हितों में सरकार को महंगाई पर रोक लगाने, रोजगार सृजन, श्रम कानूनों में संशोधन कर नियमों का पालन कराने से मजदूरों की स्थिति में सुधार आ सकता है।
मजदूरों के लिए सामाजिक सुरक्षा निधि बनाने, विनिवेशीकरण पर रोक लगाने के साथ ठेका, संविदा, अस्थाई श्रमिकों का न्यूनतम वेतन 15 हजार रुपये करने की मांग उठाई।
चीनी मिल मजदूर संघ के अध्यक्ष राजप्रदीप चंद्र ने स्कीम वर्करों को राज्य कर्मचारी घोषित करने, कर्मचारियों को बोनस, भविष्य निधि दिलाने व मिल कर्मचारियों में व्याप्त वेतन विसंगतियों दूर कराने की बात कहीं।
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धरने को संबोधित करते हुए भारतीय मजदूर संघ के मंडल अध्यक्ष भागवंत गुप्त ने कहा कि भारतीय मजदूर संघ राष्ट्र हित को सर्वोपरि मानकर श्रमिकों व मजदूरों की समस्याओं का पक्षधर है।
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उन्होंने कहा कि बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, श्रम कानूनों का अनुपालन न होने व औद्योगिक क्षेत्रों में छटनी व ठेकेदारी प्रथा होने से श्रमिकों की स्थिति खराब होती जा रही है। इसके लिए सरकार को चिंतन करने की जरूरत है।
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मजदूर नेता सत्यप्रकाश शुक्ल ने कहा कि मजदूरों के हितों में सरकार को महंगाई पर रोक लगाने, रोजगार सृजन, श्रम कानूनों में संशोधन कर नियमों का पालन कराने से मजदूरों की स्थिति में सुधार आ सकता है।
मजदूरों के लिए सामाजिक सुरक्षा निधि बनाने, विनिवेशीकरण पर रोक लगाने के साथ ठेका, संविदा, अस्थाई श्रमिकों का न्यूनतम वेतन 15 हजार रुपये करने की मांग उठाई।
चीनी मिल मजदूर संघ के अध्यक्ष राजप्रदीप चंद्र ने स्कीम वर्करों को राज्य कर्मचारी घोषित करने, कर्मचारियों को बोनस, भविष्य निधि दिलाने व मिल कर्मचारियों में व्याप्त वेतन विसंगतियों दूर कराने की बात कहीं।