{"_id":"690e2d7b7cadc932e602d316","slug":"a-fraudster-with-a-reward-of-rs-50000-arrested-from-delhi-gonda-news-c-100-1-gon1041-146741-2025-11-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gonda News: 50 हजार का इनामी जालसाज दिल्ली से गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gonda News: 50 हजार का इनामी जालसाज दिल्ली से गिरफ्तार
Fri, 07 Nov 2025 11:03 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
Updated Fri, 07 Nov 2025 11:03 PM IST
विज्ञापन
गिरफ्तार आरोपी श्रीप्रकाश वर्मा। स्रोत: एसटीएफ
परसपुर/गोंडा। फर्जी नियुक्ति पत्र के जरिए नौकरी दिलाने का झांसा देकर ठगी करने के मामले में 50 हजार के इनामी श्रीप्रकाश शर्मा निवासी कंडरू पूरे बरइन को एसटीएफ ने दिल्ली के मेन मुबारकपुर रोड से बृहस्पतिवार को गिरफ्तार किया है। एसटीएफ ने आरोपी को परसपुर पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
एसटीएफ लखनऊ के एएसपी संजीव कुमार दीक्षित ने बताया कि पुरस्कार घोषित फरार अपराधियों की सूचना एकत्र की जा रही थी। इसी बीच टीम के उपनिरीक्षक प्रताप नारायण सिंह को पता चला कि गोंडा के परसपुर थाने का 50 हजार का इनामी श्रीप्रकाश वर्मा नई दिल्ली में छिपकर रह रहा है। इसी सूचना पर टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
परसपुर थाने के उपनिरीक्षक एवं मुकदमे के विवेचक सौरभ वर्मा ने बताया कि आरोपी के खिलाफ पुरैना पूरे हिमाचल निवासी अखिलेंद्र प्रताप सिंह ने 20 जून 2025 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप है कि श्रीप्रकाश ने अशासकीय सहायता प्राप्त महाविद्यालय में लिपिक की नौकरी दिलाने के नाम पर उनसे 10 लाख रुपये ले लिए। कुछ दिनों बाद उसने नियुक्ति पत्र दिया, जो कि फर्जी निकला। रकम वापस मांगने पर धमकी दी। इसके बाद फरार हो गया। मुकदमा दर्ज होने के बाद डीआईजी ने आरोपी पर 50 हजार रुपये का पुरस्कार घोषित किया था।
विज्ञापन
विज्ञापन
एसटीएफ लखनऊ के एएसपी संजीव कुमार दीक्षित ने बताया कि पुरस्कार घोषित फरार अपराधियों की सूचना एकत्र की जा रही थी। इसी बीच टीम के उपनिरीक्षक प्रताप नारायण सिंह को पता चला कि गोंडा के परसपुर थाने का 50 हजार का इनामी श्रीप्रकाश वर्मा नई दिल्ली में छिपकर रह रहा है। इसी सूचना पर टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
विज्ञापन
परसपुर थाने के उपनिरीक्षक एवं मुकदमे के विवेचक सौरभ वर्मा ने बताया कि आरोपी के खिलाफ पुरैना पूरे हिमाचल निवासी अखिलेंद्र प्रताप सिंह ने 20 जून 2025 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप है कि श्रीप्रकाश ने अशासकीय सहायता प्राप्त महाविद्यालय में लिपिक की नौकरी दिलाने के नाम पर उनसे 10 लाख रुपये ले लिए। कुछ दिनों बाद उसने नियुक्ति पत्र दिया, जो कि फर्जी निकला। रकम वापस मांगने पर धमकी दी। इसके बाद फरार हो गया। मुकदमा दर्ज होने के बाद डीआईजी ने आरोपी पर 50 हजार रुपये का पुरस्कार घोषित किया था।
विज्ञापन