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इंवेस्टर का 25 लाख रुपया लेकर फरार हुई कंपनी
Updated Mon, 03 Jul 2017 10:19 PM IST
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जमाकर्ताओं के 25 लाख लेकर कंपनी रफूचक्कर
10 से लेकर 100 रुपये रोज जमा करने के नाम पर खुलवाया खाता
डेढ़ साल की मैच्यूरिटी पर बैंक से ज्यादा ब्याज दिए जाने का दिलाया था भरोसा
अमर उजाला ब्यूरो
मोतीगंज (गोंडा)। डेढ़ साल के लिए मजदूरी पेशा, व्यापारी से लेकर हर किसी का पैसा कलेक्शन सेंटर में जमा कराने वाली कंपनी लोगों का पैसा लेकर फरार हो गई। हालांकि यह रकम 25 लाख रुपये से ऊपर है, क्योंकि जिन-जिन लोगों ने कलेक्शन सेंटर में पैसा जमा किया है। उसमें से अभी केवल 33 लोगों ने ही कंपनी के उनका पैसा लेकर भागने की तहरीर मोतीगंज थाने पर दी है। जबकि कंपनी में पैसा लगाने वालों की संख्या डेढ़ सौ और कुल रकम 25 लाख रुपये से ऊपर बताई जा रही है। मोतीगंज पुलिस का कहना है कि उन्हें 33 लोगों से इसकी तहरीर मिली है।
बताते हैं कि मोतीगंज इलाके में डेढ़ साल पहले अमृत प्रोडक्ट परिसेवा लिमिटेड नाम की एक कंपनी ने अपना कलेक्शन सेंटर खोला था। इस कलेक्शन सेंटर में खाता खुलवाने वाले व्यक्ति से रोजाना 10 से लेकर 100 रुपये तक जमा करने को कहा गया था। साथ ही यह भी बताया गया कि जो ब्याज उन्हें उनके पैसे पर बैंक देती है उससे कहीं ज्यादा पैसा वह डेढ़ साल की रमक मैच्योरिटी (परिपक्वता) पर उन्हें वापस करेंगे। लेकिन कलेक्शन सेंटर में पैसा जमा करते डेढ़ साल से ऊपर हो जाने पर भी जब एक भी व्यक्ति को अपना पैसा ब्याज समेत वापस नहीं मिला तो उन लोगों ने अमृत प्रोडक्ट परिसेवा लिमिटेड कंपनी से सम्पर्क साधने की कोशिश की, लेकिन उन्हें न तो कंपनी के बारे में कोई जानकारी मिली, न ही उनका कोई पैसा ही मिला। इस पर सोमवार को 33 पीड़ित रोज जमा होने वाले पैसों का बिल लेकर सीधे मोतीागंज थाने पहुंचे। जहां इन लोगों ने कंपनी के पैसा लेकर भागने का आरोप लगाते हुए इसकी शिकायत थानाध्यक्ष मुकेश सिंह से की और उन्हें तहरीर दी। थाने पर दी गई तहरीर में प्रेमकु्मार गुप्ता, अजीजुद्दीन, मालती देवी, गिरजाशंकर, जोखू, सुनील, राहुल, रामलोचन, अमित कुमार, अशोक कुमार, रामनाथ, इमरान अली, रामबहादुर, राजकुमार, शिवपता, फातिमा, सलीम, पप्पू, शिवप्रसाद, मो.वकील, मो.नफीस, मो.सईद, विजय कुमार, रक्षाराम, साकिरा, रेखा देवी, स्वामीनाथ, रामशंकर और रवि वर्मा सहित कुल 33 लोगों नेे कंपनी के अभिकर्ता संतोष पाण्डेय पर कलेक्शन सेंटर में पैसा जमा करवाने और बाद में इसका भुगतान न करने का जिक्र करते हुए मामले में कार्रवाई की मांग की है।
पश्चिमी बंगाल की कंपनी अमृत परिसेवा प्रोडक्ट में पैसा जमा करने और बाद मे वापस न मिलने की शिकायत लेकर 33 लोगों की एक सामूहिक तहरीर उन्हें मिली है। जिसकी वह जांच कर रहे हैं। मामले में कंपनी के अभिकर्ता से भी पूछताछ की जा रही है।
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-मुकेश सिंह, थानाध्यक्ष मोतीगंज
इनसेट
मोतीगंज के करीब डेढ़ सौ ऐसे लोग है, जिन्हें अमृत प्रोडक्ट परिसेवा लिमिटेड नामक कंपनी में पैसा जमा किया है। कंपनी के ऊपर इंवेस्टर का पैसा वापस किए जाने को लेकर पश्चिमी बंगाल में एक केस हाईकोर्ट में विचाराधीन है। मामले में इंवेस्टर का पैसा वापस किए जाने का निर्देश पहले से ही कोर्ट ने दे रखा है। जिसके लिए सारे कागज वहां लगाए जा चुके हैं। उम्मीद है कि जल्द से सभी को उनका पैसा वापस मिल जाएगा।
-संतोष पाण्डेय, अभिकर्ता, अमृत परिसेवा प्रोडक्ट लिमिटेड
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10 से लेकर 100 रुपये रोज जमा करने के नाम पर खुलवाया खाता
डेढ़ साल की मैच्यूरिटी पर बैंक से ज्यादा ब्याज दिए जाने का दिलाया था भरोसा
अमर उजाला ब्यूरो
मोतीगंज (गोंडा)। डेढ़ साल के लिए मजदूरी पेशा, व्यापारी से लेकर हर किसी का पैसा कलेक्शन सेंटर में जमा कराने वाली कंपनी लोगों का पैसा लेकर फरार हो गई। हालांकि यह रकम 25 लाख रुपये से ऊपर है, क्योंकि जिन-जिन लोगों ने कलेक्शन सेंटर में पैसा जमा किया है। उसमें से अभी केवल 33 लोगों ने ही कंपनी के उनका पैसा लेकर भागने की तहरीर मोतीगंज थाने पर दी है। जबकि कंपनी में पैसा लगाने वालों की संख्या डेढ़ सौ और कुल रकम 25 लाख रुपये से ऊपर बताई जा रही है। मोतीगंज पुलिस का कहना है कि उन्हें 33 लोगों से इसकी तहरीर मिली है।
बताते हैं कि मोतीगंज इलाके में डेढ़ साल पहले अमृत प्रोडक्ट परिसेवा लिमिटेड नाम की एक कंपनी ने अपना कलेक्शन सेंटर खोला था। इस कलेक्शन सेंटर में खाता खुलवाने वाले व्यक्ति से रोजाना 10 से लेकर 100 रुपये तक जमा करने को कहा गया था। साथ ही यह भी बताया गया कि जो ब्याज उन्हें उनके पैसे पर बैंक देती है उससे कहीं ज्यादा पैसा वह डेढ़ साल की रमक मैच्योरिटी (परिपक्वता) पर उन्हें वापस करेंगे। लेकिन कलेक्शन सेंटर में पैसा जमा करते डेढ़ साल से ऊपर हो जाने पर भी जब एक भी व्यक्ति को अपना पैसा ब्याज समेत वापस नहीं मिला तो उन लोगों ने अमृत प्रोडक्ट परिसेवा लिमिटेड कंपनी से सम्पर्क साधने की कोशिश की, लेकिन उन्हें न तो कंपनी के बारे में कोई जानकारी मिली, न ही उनका कोई पैसा ही मिला। इस पर सोमवार को 33 पीड़ित रोज जमा होने वाले पैसों का बिल लेकर सीधे मोतीागंज थाने पहुंचे। जहां इन लोगों ने कंपनी के पैसा लेकर भागने का आरोप लगाते हुए इसकी शिकायत थानाध्यक्ष मुकेश सिंह से की और उन्हें तहरीर दी। थाने पर दी गई तहरीर में प्रेमकु्मार गुप्ता, अजीजुद्दीन, मालती देवी, गिरजाशंकर, जोखू, सुनील, राहुल, रामलोचन, अमित कुमार, अशोक कुमार, रामनाथ, इमरान अली, रामबहादुर, राजकुमार, शिवपता, फातिमा, सलीम, पप्पू, शिवप्रसाद, मो.वकील, मो.नफीस, मो.सईद, विजय कुमार, रक्षाराम, साकिरा, रेखा देवी, स्वामीनाथ, रामशंकर और रवि वर्मा सहित कुल 33 लोगों नेे कंपनी के अभिकर्ता संतोष पाण्डेय पर कलेक्शन सेंटर में पैसा जमा करवाने और बाद में इसका भुगतान न करने का जिक्र करते हुए मामले में कार्रवाई की मांग की है।
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पश्चिमी बंगाल की कंपनी अमृत परिसेवा प्रोडक्ट में पैसा जमा करने और बाद मे वापस न मिलने की शिकायत लेकर 33 लोगों की एक सामूहिक तहरीर उन्हें मिली है। जिसकी वह जांच कर रहे हैं। मामले में कंपनी के अभिकर्ता से भी पूछताछ की जा रही है।
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-मुकेश सिंह, थानाध्यक्ष मोतीगंज
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मोतीगंज के करीब डेढ़ सौ ऐसे लोग है, जिन्हें अमृत प्रोडक्ट परिसेवा लिमिटेड नामक कंपनी में पैसा जमा किया है। कंपनी के ऊपर इंवेस्टर का पैसा वापस किए जाने को लेकर पश्चिमी बंगाल में एक केस हाईकोर्ट में विचाराधीन है। मामले में इंवेस्टर का पैसा वापस किए जाने का निर्देश पहले से ही कोर्ट ने दे रखा है। जिसके लिए सारे कागज वहां लगाए जा चुके हैं। उम्मीद है कि जल्द से सभी को उनका पैसा वापस मिल जाएगा।
-संतोष पाण्डेय, अभिकर्ता, अमृत परिसेवा प्रोडक्ट लिमिटेड