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Gonda News: 565 जर्जर स्कूल भवनों में 324 होंगे ध्वस्त
Thu, 13 Jul 2023 11:35 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
Updated Thu, 13 Jul 2023 11:35 PM IST
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गोंडा। परिषदीय स्कूलों में पढ़ाई की व्यवस्था को बेहतर बनाने की तैयारी बेसिक शिक्षा विभाग ने तेज कर दी है। जिले में 565 स्कूलों के जर्जर भवनों को चिह्नित किया गया है। इनके ध्वस्तीकरण से पूर्व तकनीकी समिति से आकलन कराने की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। पहले चरण में जिला स्तरीय समिति ने 324 जर्जर स्कूल भवनों को नीलामी कराकर ध्वस्त कराने की स्वीकृति दी है।
जर्जर स्कूल भवनों को प्रबंध समितियों की निगरानी में नीलामी कर ध्वस्त किया जाना है। पूरी प्रक्रिया की निगरानी ब्लाक व जिला स्तरीय समिति नियमित रूप से करेगी। विभाग की इस तैयारी से जिले के छात्रों को जल्द ही नए भवन मिलने की उम्मीद है। जिले के चिन्हित 565 जर्जर भवनों में करीब 60 हजार छात्र पढ़ने को मजबूर हैं। फिलहाल बीएसए की ओर से छात्रों की पढ़ाई जर्जर भवनों में न कराने के निर्देश दिए हैं। इसके लिए प्रधानाध्यापकों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके साथ ही जर्जर भवनों के ध्वस्त किए जाने की प्रक्रिया आगे बढ़ी है। जिला समन्वयक निर्माण बृजभूषण मिश्र कहते हैं कि प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
विभाग ने पूर्व में जर्जर स्कूल भवनों को ढहाया था, जिनके स्थान पर 220 नए स्कूलों के निर्माण का कार्य हो रहा है। इसके लिए 36 करोड़ रूपए का बजट जारी हो चुका है। अब नए चिह्नित भवनों के नए निर्माण की तैयारी हो रही है। इससे स्कूल के शिक्षकों के साथ ही छात्रों को भी राहत मिलेगी। बीएसए प्रेमचंद्र यादव कहते हैं कि स्कूलों में शैक्षिक माहौल बेहतर करने और स्कूल भवनों को दुरुस्त किए जाने की पहल हो रही है। कई अहम बदलाव दिखेंगे।
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जर्जर स्कूल भवनों को प्रबंध समितियों की निगरानी में नीलामी कर ध्वस्त किया जाना है। पूरी प्रक्रिया की निगरानी ब्लाक व जिला स्तरीय समिति नियमित रूप से करेगी। विभाग की इस तैयारी से जिले के छात्रों को जल्द ही नए भवन मिलने की उम्मीद है। जिले के चिन्हित 565 जर्जर भवनों में करीब 60 हजार छात्र पढ़ने को मजबूर हैं। फिलहाल बीएसए की ओर से छात्रों की पढ़ाई जर्जर भवनों में न कराने के निर्देश दिए हैं। इसके लिए प्रधानाध्यापकों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके साथ ही जर्जर भवनों के ध्वस्त किए जाने की प्रक्रिया आगे बढ़ी है। जिला समन्वयक निर्माण बृजभूषण मिश्र कहते हैं कि प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
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विभाग ने पूर्व में जर्जर स्कूल भवनों को ढहाया था, जिनके स्थान पर 220 नए स्कूलों के निर्माण का कार्य हो रहा है। इसके लिए 36 करोड़ रूपए का बजट जारी हो चुका है। अब नए चिह्नित भवनों के नए निर्माण की तैयारी हो रही है। इससे स्कूल के शिक्षकों के साथ ही छात्रों को भी राहत मिलेगी। बीएसए प्रेमचंद्र यादव कहते हैं कि स्कूलों में शैक्षिक माहौल बेहतर करने और स्कूल भवनों को दुरुस्त किए जाने की पहल हो रही है। कई अहम बदलाव दिखेंगे।
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