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Gonda News: 1466 अभ्यर्थियों ने छोड़ी केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा
Sun, 20 Aug 2023 11:22 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
Updated Sun, 20 Aug 2023 11:22 PM IST
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गोंडा के राजकीय इंटर कॉलेज में परीक्षार्थियों के प्रवेश पत्र की जांच करते शिक्षक।
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गोंडा। जिला मुख्यालय स्थित श्रीलालबहादुर शास्त्री महाविद्यालय, जीआईसी और शहीदे आजम सरदार भगत सिंह इंटर कॉलेज समेत 20 परीक्षा केंद्रों पर रविवार को दो पालियों में केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा (सीटेट) आयोजित की गई। इस दौरान 1466 अभ्यर्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। सिटी कोऑर्डिनेटर फादर पाल कोरिया ने बताया कि पहली पाली में 8353 अभ्यर्थियों में से 7610 ने परीक्षा दी। इस दौरान 743 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। जबकि दूसरी पाली में 7805 अभ्यर्थियों में से 7082 ने परीक्षा और 723 अभ्यर्थियों ने परीक्षा छोड़ दी।
संस्कृत ने छुड़ाए पसीने, समय प्रबंधन की आई याद
केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा (सी-टेट) में अभ्यर्थियों को संस्कृत के प्रश्नों ने परेशान किया। इसके अलावा सफलता के लिए अभ्यर्थियों ने समय प्रबंधन को अहम बताया है। किसी को गणित के प्रश्न तो किसी को हिंदी व बाल विकास के जुड़े प्रश्न आसान नजर आए। कुल मिलाकर अभ्यर्थियों ने इस बार का पेपर आसान से सामान्य स्तर का बताया है।
थोड़े कठिन रहे प्रश्न
ईवीएस और गणित के प्रश्न आसान लगे। बाल विकास से जुड़े सवाल सामान्य स्तर के थे। जिसे आसानी से हल कर लिया। भाषा में संस्कृत के प्रश्न कम समझ में आए। कुल मिलाकर प्रश्न थोड़े कठिन रहे।
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- अनीता मौर्या, मनकापुर
संस्कृत को समझने में आईं दिक्कतें
संस्कृत को समझने में थोड़ी दिक्कत आई। बाकी मैथ्स के प्रश्न सामान्य स्तर के थे। हिंदी भी आसान थी। ईवीएस और सीडीपी के सवालों को हल करने में कोई दिक्कत नहीं हुई है। पिछले वर्ष की तुलना में इस बार प्रश्नपत्र अच्छा रहा है।
- चांदनी सिंह, वजीरगंज
एनसीईआरटी से पूछे गए सवाल
एनसीईआरटी सिलेबस आधारित ज्यादातर प्रश्न थे। संस्कृत के पैराग्राफ को समझने में दिक्कतें हुई हैं। यह कह सकते हैं कि प्रश्नपत्र आसान से सामान्य स्तर का था। राजनीति शास्त्र और भूगोल के प्रश्न आसान लगे। कुल मिलाकर पिछली बार से पेपर सामान्य स्तर का रहा है।
- अनिकेत पांडेय, श्रावस्ती
माइनस मार्किंग का नहीं था डर
मैथ्स के न्यूमेरिकल आधारित प्रश्न काफी आसान थे। ऑनलाइन के बाद इस बार ऑफलाइन के चलते आसानी से पेपर हो गया। समय प्रबंधन का पूरा ख्याल रखा। माइनस मार्किंग ना होने के कारण शत-प्रतिशत प्रश्न हल किए हैं।
-- -अभिमन्यु पटेल, बलरामपुर
समय के अभाव में छूट गए प्रश्न
संस्कृत के पैराग्राफ सबसे कठिन लगे। हिंदी व सामान्य अध्ययन से प्रश्न हल किए। सबसे अंतिम में मैथ्स के सवाल हल किए हैं। सीडीपी और गणित के सवाल आसान लगे। समय के अभाव में मैथ्स के कुछ सवाल छूट गए।
-- -प्रवीण यादव, बालपुर
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संस्कृत ने छुड़ाए पसीने, समय प्रबंधन की आई याद
केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा (सी-टेट) में अभ्यर्थियों को संस्कृत के प्रश्नों ने परेशान किया। इसके अलावा सफलता के लिए अभ्यर्थियों ने समय प्रबंधन को अहम बताया है। किसी को गणित के प्रश्न तो किसी को हिंदी व बाल विकास के जुड़े प्रश्न आसान नजर आए। कुल मिलाकर अभ्यर्थियों ने इस बार का पेपर आसान से सामान्य स्तर का बताया है।
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थोड़े कठिन रहे प्रश्न
ईवीएस और गणित के प्रश्न आसान लगे। बाल विकास से जुड़े सवाल सामान्य स्तर के थे। जिसे आसानी से हल कर लिया। भाषा में संस्कृत के प्रश्न कम समझ में आए। कुल मिलाकर प्रश्न थोड़े कठिन रहे।
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- अनीता मौर्या, मनकापुर
संस्कृत को समझने में आईं दिक्कतें
संस्कृत को समझने में थोड़ी दिक्कत आई। बाकी मैथ्स के प्रश्न सामान्य स्तर के थे। हिंदी भी आसान थी। ईवीएस और सीडीपी के सवालों को हल करने में कोई दिक्कत नहीं हुई है। पिछले वर्ष की तुलना में इस बार प्रश्नपत्र अच्छा रहा है।
- चांदनी सिंह, वजीरगंज
एनसीईआरटी से पूछे गए सवाल
एनसीईआरटी सिलेबस आधारित ज्यादातर प्रश्न थे। संस्कृत के पैराग्राफ को समझने में दिक्कतें हुई हैं। यह कह सकते हैं कि प्रश्नपत्र आसान से सामान्य स्तर का था। राजनीति शास्त्र और भूगोल के प्रश्न आसान लगे। कुल मिलाकर पिछली बार से पेपर सामान्य स्तर का रहा है।
- अनिकेत पांडेय, श्रावस्ती
माइनस मार्किंग का नहीं था डर
मैथ्स के न्यूमेरिकल आधारित प्रश्न काफी आसान थे। ऑनलाइन के बाद इस बार ऑफलाइन के चलते आसानी से पेपर हो गया। समय प्रबंधन का पूरा ख्याल रखा। माइनस मार्किंग ना होने के कारण शत-प्रतिशत प्रश्न हल किए हैं।
समय के अभाव में छूट गए प्रश्न
संस्कृत के पैराग्राफ सबसे कठिन लगे। हिंदी व सामान्य अध्ययन से प्रश्न हल किए। सबसे अंतिम में मैथ्स के सवाल हल किए हैं। सीडीपी और गणित के सवाल आसान लगे। समय के अभाव में मैथ्स के कुछ सवाल छूट गए।