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Ghazipur News: डंपर की टक्कर से निजी क्लीनिक संचालक की मौत, शव रखकर आठ घंटे जाम लगाया
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राजमार्ग–24 पर गरुआ मकसूदपुर गांव के सामने चक्काजाम करते मृतक संजय राम के परिजन व ग्रामीण। संवा
राष्ट्रीय राजमार्ग-24 पर गरुआ मकसूदपुर गांव के पास बुधवार सुबह करीब नौ बजे डंपर की चपेट में आने से निजी क्लीनिक संचालक की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद चालक डंपर लेकर फरार हो गया। घटना से आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने शव सड़क पर रखकर राजमार्ग जाम कर दिया।
मुआवजे और कार्रवाई की मांग को लेकर शुरू हुआ चक्का जाम करीब आठ घंटे तक चला। शाम करीब पांच बजे प्रशासन के आश्वासन के बाद जाम समाप्त हुआ। ढढ़नी भानमल राय गांव निवासी 40 वर्षीय संजय राम निजी क्लीनिक संचालित करते थे।
उनके छोटे भाई अक्षय उर्फ मिंटू के अनुसार संजय बाइक से किसी निजी कार्य से गाजीपुर जा रहे थे। इसी दौरान गाजीपुर की ओर से आ रहे तेज रफ्तार डंपर ने उन्हें कुचल दिया। हेलमेट पहनने के बावजूद सिर में गंभीर चोट लगने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
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अक्षय का आरोप है कि राजमार्ग किनारे नाले के निर्माण के लिए खोदे गए गड्ढों और सड़क पर फैली मिट्टी के कारण मार्ग संकरा हो गया था। इसी अव्यवस्था के चलते हादसा हुआ। उन्होंने फरार चालक की गिरफ्तारी, निर्माण कार्य करा रहे ठेकेदार के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने तथा पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता देने की मांग की। हादसे की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए।
परिजनों ने शव सड़क पर रखकर चक्का जाम शुरू कर दिया, जिससे गाजीपुर-जमानियां मार्ग पर वाहनों की लंबी कतार लग गई।
प्रभारी थानाध्यक्ष सूर्यकांत यादव ने बताया कि फरार चालक और डंपर की तलाश की जा रही है। परिजनों से वार्ता कर जाम समाप्त कराया गया है। संजय राम तीन भाइयों में सबसे बड़े थे । परिवार में पत्नी उर्मिला, पुत्र सिद्धार्थ (6), पुत्रियां बिट्टू (16) और सिन्टू (12) तथा वृद्ध पिता परसिद्धन हैं। हादसे के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।
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मुआवजे और कार्रवाई की मांग को लेकर शुरू हुआ चक्का जाम करीब आठ घंटे तक चला। शाम करीब पांच बजे प्रशासन के आश्वासन के बाद जाम समाप्त हुआ। ढढ़नी भानमल राय गांव निवासी 40 वर्षीय संजय राम निजी क्लीनिक संचालित करते थे।
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उनके छोटे भाई अक्षय उर्फ मिंटू के अनुसार संजय बाइक से किसी निजी कार्य से गाजीपुर जा रहे थे। इसी दौरान गाजीपुर की ओर से आ रहे तेज रफ्तार डंपर ने उन्हें कुचल दिया। हेलमेट पहनने के बावजूद सिर में गंभीर चोट लगने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
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अक्षय का आरोप है कि राजमार्ग किनारे नाले के निर्माण के लिए खोदे गए गड्ढों और सड़क पर फैली मिट्टी के कारण मार्ग संकरा हो गया था। इसी अव्यवस्था के चलते हादसा हुआ। उन्होंने फरार चालक की गिरफ्तारी, निर्माण कार्य करा रहे ठेकेदार के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने तथा पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता देने की मांग की। हादसे की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए।
परिजनों ने शव सड़क पर रखकर चक्का जाम शुरू कर दिया, जिससे गाजीपुर-जमानियां मार्ग पर वाहनों की लंबी कतार लग गई।
प्रभारी थानाध्यक्ष सूर्यकांत यादव ने बताया कि फरार चालक और डंपर की तलाश की जा रही है। परिजनों से वार्ता कर जाम समाप्त कराया गया है। संजय राम तीन भाइयों में सबसे बड़े थे । परिवार में पत्नी उर्मिला, पुत्र सिद्धार्थ (6), पुत्रियां बिट्टू (16) और सिन्टू (12) तथा वृद्ध पिता परसिद्धन हैं। हादसे के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।

राजमार्ग–24 पर गरुआ मकसूदपुर गांव के सामने चक्काजाम करते मृतक संजय राम के परिजन व ग्रामीण। संवा