हादसे की खबर मिलते ही गांव में मची चीख-पुकार

ब्यूरो, अमर उजाला,गाजीपुर Updated Mon, 10 Oct 2016 11:36 PM IST
विज्ञापन
 गठिया गांव के पास मगई नदी में सूमो गिरने से आठ लोगो की मौत के बाद रोती बिलखती महिलाएं।
गठिया गांव के पास मगई नदी में सूमो गिरने से आठ लोगो की मौत के बाद रोती बिलखती महिलाएं।

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹249 + Free Coupon worth ₹200

ख़बर सुनें

विज्ञापन

मुहम्मदाबाद कोतवाली के बढ़इपुर गांव के लोगों के लिए रविवार की रात काली साबित हुई। सर्प दंश से पीड़ित महिला की जिंदगी बचाने जा रहे आठ लोगों ने अपनी जान गंवा दी। खबर मिलते ही गांव में मृतकों के परिवारीजन दहाड़े मारकर रोने लगे। निद्रा में सोया पूरा गांव जाग गया। घटना की सूचना से गांव में चारों तरफ कोहराम मच गया। लोग अपनों की कुशलता के लिए ईश्वर से प्रार्थना करते हुए घटना स्थल की ओर दौड़े।
  घटना स्थल से आधी रात के बाद लाशें निकाली गई। बुढ़ईपुर निवासी बुझारथ बिंद की पत्नी मंशा देवी को रात में सांप ने काट लिया। घटना की जानकारी घर के सदस्यों को हुई तो मंशा की जान बचाने के लिए सभी चल पड़े। भाई बिहारी की पत्नी तेतरी और पुत्री पिंकी, चाचा वैद्यनाथ बिंद और परिवार की ही शारदा देवी अमवा की सती माई जाने लगे। सर्प काटने की जानकारी जब पड़ोसी राजकुमार की पत्नी रामराजी देवी, माधव के पुत्र जितेंद्र, रासूरत के पुत्र सोपारी, माधव और कोशल्या देवी को हुई तो वह भी चलने के लिए तैयार हो गए। आनन-फानन में माधव ने अपने पुत्र महेंद्र से टाटा सूमो गाड़ी लेकर अमवा सती माई के यहां लेकर चलने को कहा। मंशा की जान बचाने के लिए सभी लोग गाड़ी से रात में ही चल पड़े। अभी लोग मंशा के बचने और सकुशल घर वापसी के बारे में सोच ही रहे थे कि घर में रखे मोबाइल का घंटी बज उठी। मोबाइल पर जब घर के लोगों को जानकारी मिली की गाड़ी मगई नदी के बाढ़ के पानी में समा गई है। इसके बाद घर में कोहराम मच गया। रोने-बिलखने की आवाज सुन ग्रामीणों की भीड़ लग गई। जानकारी होते ही ग्रामीण रात में ही पैदल और अन्य संसाधनों से घटना स्थल के तरफ निकल पड़े। घटना स्थल का माजरा देख सभी बदहवास होकर रोने-बिलखने लगे। इनके करूण-क्रंदन से घटना स्थल के आस-पास के गांव में रात भर सन्नाटा पसरा रहा। ग्रामीण भी राहत और बचाव कार्य में लग गए। काफी प्रयास के बाद टाटा सूमो मालिक माधव के साथ उसके पुत्र चालक महेंद्र और कौशल्या देवी को बचा लिया गया। लेकिन गाड़ी चालक का छोटा पुत्र जितेंद्र काल का ग्रास बन गया। एक साथ आठ लोगों की मौत की जानकारी पर पूरे रात गांव में रोने की आवाज आती रही। सोमवार की सुबह अपने संबंधियों का शव देख महिलाएं अपना सुध-बुध खोकर रोने लगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us