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नहीं हटाया गया पुराना स्लीपर व रेल पटरी

Sat, 28 May 2022 10:24 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sat, 28 May 2022 10:24 PM IST
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Old sleeper and rail track not removed
गहमर सेक्शन के गहमर और बकैनिया गांव के पास रेल पटरी पर रेल का टुकड़ा व कंक्रीट का स्लीपर रख संघमित्रा और महानंदा डिरेल करने के प्रयास के बाद भी रेल पथ विभाग चेत नहीं रहा है। दिलदारनगर में भी अप रेल लाइन किनारे पुराना रेल पटरी व कंक्रीट का स्लीपर महीनों से पड़ा हुआ है जो संरक्षा व सुरक्षा के लिहाज से ठीक नहीं है।
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रेल पथ विभाग की ओर से रेलवे स्टेशन के अप लाइन में बाजार रेलवे फाटक से लेकर पश्चिम तरफ तक नई रेल पटरी व स्लीपर लगाया गया। जबकि विभाग पुराने स्लीपर व रेल पटरी को पटरी के किनारे ही छोड़ दिया है जो संरक्षा व सुरक्षा के लिए ठीक नहीं है। अभी मई में ही गहमर रेलवे स्टेशन के अप लाइन में रेल पटरी का टुकड़ा रख शरारती तत्वों ने संघमित्रा व 11 दिन बाद बकैनिया गांव के डाउन लाइन में कंक्रीट का स्लीपर रख महानंद को डिरेल करने का प्रयास किया था, लेकिन ट्रेन के चालकों की सूझबूझ से बड़ा हादसा टल गया। इन दोनों घटनाओं में रेल पटरी के किनारे रखे गए पुराने रेल टुकड़े व कंक्रीट के रखे स्लीपर को ही शरारती तत्वों ने ट्रेन को डिरेल करने के प्रयास में उपयोग किया था। फिर भी इतनी बड़ी घटना के बाद भी रेल पथ विभाग चेता नहीं और रेल पटरी व कंक्रीट के स्लीपर को रेल पटरी के किनारे छोड़ दे रहे हैं। अगर कार्य के बाद पुराना स्लीपर व रेल पटरी को विभाग पटरी के किनारे से हटा कर कहीं अन्य जगह रख देता तो ट्रेनों का परिचालन सुरक्षित होता। इस संबंध में वरीय रेल पथ निरीक्षक दिलीप कुमार ने बताया कि रेल पटरी के किनारे पड़ा पुराना स्लीपर व रेल पटरी को हटाने की विभागीय कार्रवाई की जाती है। स्लीपर को एक तरफ रखा गया है।
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