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आठवें वेतन की सुविधा नहीं मिली तो वोट नहीं : पेंशनर्स
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सरजू पांडेय पार्क में आयोजित धरने में पेंशनरों को संबोधित करते सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेशनर्स
- फोटो : जोनल कार्यालय पर खामियां सुधार की हिदायत देती, महापौर विभाग
गाजीपुर। सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनरों ने मंगलवाररो सरजू पांडेय पार्क में धरना दिया। इस दौरान जिलाध्यक्ष मुक्तेश्वर श्रीवास्तव ने कहा कि केंद्र सरकार ने वित्त विधेयक में संशोधन कर एक जनवरी से पहले सेवानिवृत्त कर्मचारियों को आठवें वेतन आयोग की संस्तुतियों से वंचित किया है।
उन्होंने इसे विभेदकारी नीति बताते हुए कहा कि मांगें पूरी नहीं हुईं तो पेंशनर्स वोट नहीं देंगे। इस दौरान आठवें वेतन आयोग की संस्तुतियों का लाभ एक जनवरी से पहले सेवानिवृत्त कर्मचारियों को भी देने समेत 12 सूत्रीय मांगों पर चर्चा की।
इसके बाद प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी के प्रतिनिधि को सौंपा गया। कार्यकारी अध्यक्ष अंबिका दूबे ने कहा कि पेंशनर वरिष्ठ नागरिक होने के साथ परिवार के मुखिया भी हैं।
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वरिष्ठ नागरिकों और उनके परिजनों की उपेक्षा सरकार के लिए नुकसानदेह होगी। संरक्षक बरमेश्वर उपाध्याय ने सरकार की नीतियों की आलोचना की।
जिला मंत्री जनार्दन सिंह ने पेंशनरों से आगे भी आंदोलन के लिए तैयार रहने की अपील की। अमरनाथ तिवारी ने कहा कि वृद्धजनों की उपेक्षा का असर सरकार को भुगतना पड़ेगा।
धरना को अशोक कुमार, डॉ. दिनेश सिंह, ई. सुरेंद्र प्रताप, राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के अध्यक्ष जगदीश गुप्ता, उग्रसेन सिंह, डीएन राय, दिनेश चंद्र राय, जयप्रकाश पांडेय, नारायण उपाध्याय, प्रकाश आदि ने संबोधित किया।
अध्यक्षता मुक्तेश्वर श्रीवास्तव और संचालन जिला मंत्री जनार्दन सिंह व अंबिका दूबे ने संयुक्त रूप से किया।
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उन्होंने इसे विभेदकारी नीति बताते हुए कहा कि मांगें पूरी नहीं हुईं तो पेंशनर्स वोट नहीं देंगे। इस दौरान आठवें वेतन आयोग की संस्तुतियों का लाभ एक जनवरी से पहले सेवानिवृत्त कर्मचारियों को भी देने समेत 12 सूत्रीय मांगों पर चर्चा की।
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इसके बाद प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी के प्रतिनिधि को सौंपा गया। कार्यकारी अध्यक्ष अंबिका दूबे ने कहा कि पेंशनर वरिष्ठ नागरिक होने के साथ परिवार के मुखिया भी हैं।
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वरिष्ठ नागरिकों और उनके परिजनों की उपेक्षा सरकार के लिए नुकसानदेह होगी। संरक्षक बरमेश्वर उपाध्याय ने सरकार की नीतियों की आलोचना की।
जिला मंत्री जनार्दन सिंह ने पेंशनरों से आगे भी आंदोलन के लिए तैयार रहने की अपील की। अमरनाथ तिवारी ने कहा कि वृद्धजनों की उपेक्षा का असर सरकार को भुगतना पड़ेगा।
धरना को अशोक कुमार, डॉ. दिनेश सिंह, ई. सुरेंद्र प्रताप, राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के अध्यक्ष जगदीश गुप्ता, उग्रसेन सिंह, डीएन राय, दिनेश चंद्र राय, जयप्रकाश पांडेय, नारायण उपाध्याय, प्रकाश आदि ने संबोधित किया।
अध्यक्षता मुक्तेश्वर श्रीवास्तव और संचालन जिला मंत्री जनार्दन सिंह व अंबिका दूबे ने संयुक्त रूप से किया।