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रात को दुकान का अतिक्रमण हटाने पहुंचे नपा कर्मी

Tue, 14 Jul 2020 10:27 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 14 Jul 2020 10:27 PM IST
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Napa workers arrived to remove the encroachment of the shop at night
जमानिया। सरकार एक तरफ गरीबों को रोजगार सृजन करने में एड़ी चोटी का जोर लगा रही है। लेकिन अब कहीं-कहीं सरकारी सिस्टम का दुरूपयोग किया जा रहा है। लोग अपना स्वार्थ सिद्ध करने के लिए कार्रवाई का ढ़ोंग करने से बाज नहीं आ रहे हैं। कुछ ऐसा ही कारनामा नगर पालिका के कर्मचारियों द्वारा सोमवार को देर रात किया गया। एक चाय की दुकान को उखाड़ फेंकने के लिए जेसीबी लेकर रात को अतिक्रमण हटवाने के ना पर नपा कर्मी पहुंच गए। इसकी शिकायत जब चाय दुकानदार ने पुलिस से की तो, पुलिस मौके पर पहुंच गई। फिर पुलिस के दखल के बाद चाय की दुकान बची।
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नगर पालिका क्षेत्र के विकास खंड तिराहे के पास एक चाय की दुकान चलती है। चाय की दुकान के संचालक सूरज चौधरी का कहना है कि नगर पालिकाध्यक्ष एहसन जफर करीब 45-50 वर्षो से चल रही चाय की दुकान को हटवाकर दुकान के पीछे कब्रिस्तान में जाने के लिए रास्त बनवाना चाहते हैं। जबकि कब्रिस्तान में जाने के लिए पहले से रास्ता मौजूद है। कब्रिस्तान की भूमि पर मुकदमा चल रहा है। बताया कि जिस भूमि पर दुकान है वह 10-12 फीट की है और चाय की दुकान पर जगह बैठने की न रहे तो कैसे दुकानदारी हो पाएगी। दुकान के सामने राष्ट्रीय राजमार्ग है। चाय की टिन शेड की दुकान को हटवाने के लिए देर शाम करीब सात बजे जेसीबी के साथ नगर पालिका के कर्मचारी पहुंचे। इसकी सूचना मिलते ही मैं भी मौके पर पहुंच गया और रोजी-रोटी की दुहाई देते हुए गिड़गिड़ाने लगा। इसके बाद नगर के संभ्रांत लोग भी मौके पर पहुंचे और नगर पालिका की ओर से किए जा रहे कृत्य से उच्चाधिकारियों को अवगत कराया। वहीं पुलिस पहुंच गई और हल्का प्रभारी मंशाराम गुप्ता ने नगर पालिका के कर्मचारियों से सक्षम अधिकारी की मौजूदगी में दिन के समय दुकान हटवाने की बात कही। इस पर एक नपा कर्मचारी चाय की दुकान को हटवाने के लिए अड़े रहे। पुलिस ने मौके पर विवाद न हो इसके लिए नगर पालिका की जेसीबी सहित कर्मचारी को कोतवाली ले आए। इसके बाद नगर पालिकाध्यक्ष एहसान जफर, नगर पालिका ईओ अब्दुल सबुर, कर्मचारियों, सफाई कर्मियों एवं सभासदों के साथ कोतवाली पहुंच गए और उपनिरीक्षक के ऐसा करने पर नाराजगी व्यक्त की। कुछ ही देर में कमान कोतवाली प्रभारी राजीव सिंह ने संभाल ली और बिना कारण कोतवाली में मौजूद झाडू फावडा आदि के साथ नगर पालिका के कर्मचारियों को कोतवाली से बाहर का रास्ता दिखाया। इसके बाद उन्होंने जमकर लताड़ लगाई और बिना सक्षम अधिकारी के दुकान गिराने के प्रयास की कड़ी निंदा की। दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर उपजिलाधिकारी के निर्देशों का पालन करने की बात कही। उन्होंने एतराज जताते हुए कहा कि नगर पालिका क्षेत्र में एक दुकान का सिर्फ अतिक्रमण हटवाना उचित नहीं है। ईओ अब्दुल सबुर ने बताया कि चाय संचालक के पास गुमटी रखने की अनुमति है लेकिन उसने अधिक कब्जा किया हुआ है। इस कारण उसे नेटिस दी और जेसीबी भेजकर अतिक्रमण हटवाने की कार्रवाई की जा रही थी। जबकि सूरज का कहना है कि उसके पिता नगर पालिका के सभासद थे और जब वर्तमान चेयमैन एहसान जफर की माता श्वाजरीन चेयरमैन थीं तो अविश्वास प्रस्ताव आया था। इसका समर्थन उसके पिता ने किया था और चेयरमैन को पद से हटना पडा था। इसकी खुन्नस है और रंजिशन कार्रवाई कर रहे हैं।
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