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मारपीट के मामले में पांच को चार वर्ष की कैद, 10-10 हजार रुपये अर्थदंड
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मारपीट के मामले में पांच को चार वर्ष की कैद, 10-10 हजार रुपये अर्थदंड
विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी चंद्रप्रकाश तिवारी की अदालत का फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
गाजीपुर। विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी चंद्रप्रकाश तिवारी की अदालत ने शुक्रवार को 23 साल पुराने मारपीट के मामले में पांच लोगों को दोषी पाते हुए चार साल कैद और प्रत्येक को 10-10 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।
अभियोजन के अनुसार थाना सुहवल के सोनवल गांव निवासी चंद्रदेव राम ने थाने में तहरीर दिया की 25 अगस्त 1998 को अपने पूरे परिवार के साथ अपनी झोपड़ी में बैठकर बातचीत कर रहा था कि पुरानी रंजिश को लेकर उसी के गांव के रामनारायन सिंह कुशवाहा, मान सिंह कुशवाहा, रामधनी सिंह कुशवाहा, रामानंद सिंह कुशवाहा और श्यामनारायन सिंह कुशवाहा पांचो भाई और साथी छेदी सिंह कुशवाहा ने मिलकर लाठी डंडा और गड़ासा लिए हुए रात आठ बजे रात को उनको और उनके परिजनों को मारने-पीटने लगे। इसमें चंद्रदेव राम के चाचा श्रीराम, भतीजा और मौसी को काफी चोटे आई और घर के सामानों को तहसनहस कर दिए। वादी के तहरीर पर आरोपियों के विरुद्ध थाना सुहवल में एससी एसटी एक्ट के तहत एवं मारपीट का मुकदमा दर्ज हुआ और पुलिस ने विवेचना उपरांत आरोपियों के विरुद्ध न्यायालय में आरोप-पत्र प्रस्तुत किया। दौरान विचारण आरोपी श्यामनारायन सिंह कुशवाहा की मृत्यु हो गई। अभियोजन की तरफ से सहायक शासकीय अधिवक्ता प्रदीप कुमार चतुर्वेदी ने कुल आठ गवाहों को पेश किया। अभियोजन पक्ष और बचाव पक्ष की बहस सुनने के बाद न्यायालय ने उपरोक्त फैसला सुनाया है।
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विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी चंद्रप्रकाश तिवारी की अदालत का फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
गाजीपुर। विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी चंद्रप्रकाश तिवारी की अदालत ने शुक्रवार को 23 साल पुराने मारपीट के मामले में पांच लोगों को दोषी पाते हुए चार साल कैद और प्रत्येक को 10-10 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।
अभियोजन के अनुसार थाना सुहवल के सोनवल गांव निवासी चंद्रदेव राम ने थाने में तहरीर दिया की 25 अगस्त 1998 को अपने पूरे परिवार के साथ अपनी झोपड़ी में बैठकर बातचीत कर रहा था कि पुरानी रंजिश को लेकर उसी के गांव के रामनारायन सिंह कुशवाहा, मान सिंह कुशवाहा, रामधनी सिंह कुशवाहा, रामानंद सिंह कुशवाहा और श्यामनारायन सिंह कुशवाहा पांचो भाई और साथी छेदी सिंह कुशवाहा ने मिलकर लाठी डंडा और गड़ासा लिए हुए रात आठ बजे रात को उनको और उनके परिजनों को मारने-पीटने लगे। इसमें चंद्रदेव राम के चाचा श्रीराम, भतीजा और मौसी को काफी चोटे आई और घर के सामानों को तहसनहस कर दिए। वादी के तहरीर पर आरोपियों के विरुद्ध थाना सुहवल में एससी एसटी एक्ट के तहत एवं मारपीट का मुकदमा दर्ज हुआ और पुलिस ने विवेचना उपरांत आरोपियों के विरुद्ध न्यायालय में आरोप-पत्र प्रस्तुत किया। दौरान विचारण आरोपी श्यामनारायन सिंह कुशवाहा की मृत्यु हो गई। अभियोजन की तरफ से सहायक शासकीय अधिवक्ता प्रदीप कुमार चतुर्वेदी ने कुल आठ गवाहों को पेश किया। अभियोजन पक्ष और बचाव पक्ष की बहस सुनने के बाद न्यायालय ने उपरोक्त फैसला सुनाया है।
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