फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ghazipur News ›   Fake order cancelled, six accountants sent to village

Ghazipur News: फर्जी आदेश निरस्त, गांव में भेजे गए छह लेखपाल

Fri, 05 Apr 2024 01:45 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Fri, 05 Apr 2024 01:45 AM IST
विज्ञापन
Fake order cancelled, six accountants sent to village
बैरिया। बंदोबस्त अधिकारी चकबंदी बलिया सचेंद्र कुमार सिंह ने दलन छपरा निवासी सुशील कुमार पांडेय की ओर से लगाए गए अनियमितता के तमाम आरोपों को सही पाया है। उनके चक पर अंकित फर्जी आदेश (अमल दरामद) को निरस्त कर दिया है। किसानों से चकबंदी पर्ची वापस लेने के लिए छह लेखपालों को दलन छपरा भेजा है। ये ऐसे लोगों को चिह्नित कर रहे हैं, जिन पर चकबंदी की प्रक्रिया में विभागीय कर्मियों से मिलकर घालमेल करने का अंदेशा है। उनसे चक पर्ची वापस ली जा रही है।
विज्ञापन

बता दें कि दो दशकों से दलन छपरा की चल रही चकबंदी प्रक्रिया में दबंगों ने विभागीय लोगों की मिलीभगत से सरकारी और गैर सरकारी जमीन पर अपना नाम दर्ज करा लिया था। गरीब और कमजोर लोगों का जमीन पर अपना चक बनवाने सहित कई तरह की अनियमितताएं बरती गई थीं। इससे पूरा गांव त्रस्त था। सुशील कुमार पांडेय ने इस प्रकरण को प्रमुख सचिव से लेकर चकबंदी आयुक्त के समक्ष उठाया। सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त ने पत्र लिखकर सुशील पांडेय के आरोपों को सही बताते हुए निष्पक्ष जांच कर कर उचित कार्रवाई करने के लिए कहा था। इसके क्रम में हुई जांच के बाद 31 चकबंदी के अधिकारियों-कर्मचारियों पर मुकदमा दर्ज हुआ था। इसमें बंदोबस्त अधिकारी से लेकर लेखपाल तक शामिल थे। इसके बाद मामले ने तूल पकड़ लिया। इस चकबंदी में करोड़ों रुपये के अवैध लेनदेन का आरोप लोग अब लग रहे हैं।
विज्ञापन

सुशील पांडेय के लगाए गए आरोप को सही पाते हुए उनके पक्ष में बंदोबस्त अधिकारी ने निर्णय दिया है। इससे गांव के लोगों में जिनकी जमीन दबंग के कब्जे में है। उन्हें अपनी जमीन मिलने की आस जगी है। वहीं, चकबंदी में फर्जीवाड़ा करने वाले दबंग लगातार हाथ पैर मारकर चकबंदी को रद होने से बचाने में लगे हैं। विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों पर मुकदमा दर्ज होने के बाद चकबंदी विभाग अब फूंक-फूंक कर कदम रख रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

मैंने दलन छपरा निवासी सुशील पांडेय बनाम ब्रिज किशोर आदि के मुकदमे को खारिज करके गुण दोष के आधार पर निस्तारण कर दिया है। सुशील के आरोप सही हैं। इसी तरह के आरोप से संबंधित कई प्रकरण हैं। इस पर तत्काल गुण दोष के आधार पर निर्णय लिया जाएगा। जरूरत पड़ेगी तो दलन छपरा की चकबंदी दोबारा की जा सकती है। फिलहाल चक पर्ची एकत्र की जा रही है। भाग 23 फट गया है। इसलिए कठिनाई हो रही है। किसी भी काश्तकार के साथ नाइंसाफी नहीं होगी।-सचेंद्र कुमार सिंह, बंदोबस्त अधिकारी, बलिया
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed