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व्यवसायिक प्रतिष्ठान बढ़े, नहीं हुआ सड़क, पानी, प्रकाश का नियोजित विकास

Sat, 04 Dec 2021 11:33 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sat, 04 Dec 2021 11:33 PM IST
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Agencies, wholesale and retail shops increased, facilities missing
शहर प्लान। रौजा में व्यपारिक प्रतिष्ठान।संवाद - फोटो : GHAZIPUR
नगर पालिका क्षेत्र से सटे इलाके अनियोजित ढंग से इस कदर विकसित हुए हैं कि इनकी गिनती शहर में होती है लेकिन नगर पालिका में शामिल न होने के कारण नगरीय सुविधाएं नदारद हैं। जबकि रौजा, खोवामंडी, जमानिया तिराहा, आलमपट्टी आदि इलाकों में एजेंसियां, थोक और फुटकर की बड़ी संख्या में दुकानें खुली हैं। ये इलाके व्यावसायिक हब बने हुए हैं।
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शहर के आसपास के इलाकों का अनियोजित विकास होने के साथ ही व्यावसायिक गतिविधियां भी तेजी से बढ़ी हैं। दो दशक में शहर से सटे 12 कालोनियों विकसित हुईं हैं। नये बसे इलाकों में शामिल रौजा, खोवामंडी, जमानिया तिराहा, आलमपट्टी आदि इलाकों में थोक और फुटकर की तमाम दुकानें और ऐजेंसियां खुली हैं। इन इलाकों में वाहनों की एजेंसियां, कपड़े, टाइल्स, इलेक्ट्रानिक, फर्नीचर समेत अन्य तरह की दुकानें खुली हैं। वाहनों की मरम्मत करने वाली दुकानें भी हैं। इन इलाकों में रहने वाले लोग बिल्कुल शहर की तरह रहते हैं। खरीदारी के लिए उन्हें भटकना नहीं पड़ता है लेकिन नगरीय सुविधाएं नहीं होने से उन्हें परेशानी होती है। इन इलाकों में सड़क, प्रकाश, नाली आदि सुविधाएं नहीं हैं। नियमित सफाई न होने से कूड़े का ढेर लगा रहता है। बरसात के मौसम में जलभराव की समस्या बनी रहती है।
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देखा जाए तो रौजा, खोआमंडी, जमानिया तिराहा, आलमपट्टी, फुल्लनपुर में स्थित व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में खरीदारी के लिए प्रतिदिन सैकड़ों लोग पहुंचते हैं। इस दौरान प्यास लगने पर उन्हें दुकानों का सहारा लेना पड़ता है। इन स्थानों पर कहीं भी सार्वजनिक शौचालय नहीं है जिससे जरूरत पड़ने पर लोगों को दिक्कत होती है। खोआमंडी खोआ की थोक बिक्री होती है। इसके अलावा इलेक्ट्रानिक एवं फर्नीचर के थोक व्यापारी भी हैं। नगर पालिका क्षेत्र में स्थित दुकानों की अपेक्षा नये इलाकों में बेहतर व्यवसाय होता है। व्यापारियों का कहना है कि नगर पालिका क्षेत्र से बाहर के विकसित इलाकों में व्यावसायिक स्थित बेहतर होने के बाद भी इन इलाकों को अबतक नगर पालिका में शामिल नहीं किया जा सका। अगर ये क्षेत्र भी नगर पालिका में शामिल हो जाएं तो नगर पालिका की आय बढ़ेगी और यहां के रहने वाले लोगों को नगरीय सुविधाएं मिलेंगी।
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कोट
अभी नगर पालिका क्षेत्र का विस्तार नहीं हो सका है। सीमा विस्तार को लेकर शासन का निर्देश आने के बाद शहर से जुड़े इलाकों को नगर पालिका क्षेत्र में शामिल करने के लिए शासन को रिपोर्ट भेजी जाएगी।-लालचंद्र सरोज, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका परिषद गाजीपुर।
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