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किसानों की आमदनी दूनी करने की योजना नहीं बता रही सरकार
Updated Thu, 27 Jul 2017 12:06 AM IST
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गाजीपुर। राष्ट्रव्यापी आंदोलन के तहत भाकपा की ओर से सोलह सूत्री मांगों को लेकर सरजू पांडेय पार्क में आयोजित सत्याग्रह बुधवार को तीसरे दिन भी जारी रहा। इस अवसर पर आयोजित सभा में वक्ताओं ने कहा कि किसानों की आमदनी दूनी करने की बात सरकार कर रही है, लेकिन उसकी योजना नहीं बता रही है। लगता है कि इस समुदाय की समस्या की तरफ सरकार का ध्यान ही नहीं है। पूरे तौर पर उसकी उपेक्षा की जा रही है।
उन्होंने कहा कि कृषि औद्योगिक उत्पादन में कोई संतुलन नहीं है। समस्याएं व्यवस्था से संबंधित है। सामाजिक-आर्थिक रूप से उसमें गुणात्मक परिवर्तन जरूरी है। कानून व्यवस्था चौपट है। कब अपराध की घटना हो जाए, इसकी गारंटी नहीं है। कम होने के बजाय भ्रष्टाचार बढ़ ही रहा है। कहा कि लोकसेवक अपने कार्यों के प्रति जिम्मेदार नहीं है। तहसील एवं थाना दिवसों में शिकायतों का निस्तारण न के बराबर हो रहा है। ऐसी दशा में समाज में असंतोष बढ़ रहा है। हम सभी को जनता को संगठित कर संघर्ष के लिए तैयार होना होगा। इस अवसर पर जिला सचिव अमेरिका सिंह यादव, सहसचिव जनार्दन राम, रामअवध, सुरेंद्र राम, सुरेंद्र यादव, पूर्व प्रमुख रामायण यादव, रामपरीखा यादव, राम शुक्ला, अब्दुल अली, हरिहर यादव, गुरुजन प्रेमी, अबू नसर, रमाशंकर सिंह, मुन्ना प्रजापति, बृजभूषण चौहान, सूबेदार राम, मनोज सिंह ने विचार व्यक्त किया। अध्यक्षता शमीम अहमद ने दी। राष्ट्रपति को संबोधित मांगपत्र एसडीएम सदर को सौंपकर सत्याग्रह आंदोलन समाप्त किया गया।
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उन्होंने कहा कि कृषि औद्योगिक उत्पादन में कोई संतुलन नहीं है। समस्याएं व्यवस्था से संबंधित है। सामाजिक-आर्थिक रूप से उसमें गुणात्मक परिवर्तन जरूरी है। कानून व्यवस्था चौपट है। कब अपराध की घटना हो जाए, इसकी गारंटी नहीं है। कम होने के बजाय भ्रष्टाचार बढ़ ही रहा है। कहा कि लोकसेवक अपने कार्यों के प्रति जिम्मेदार नहीं है। तहसील एवं थाना दिवसों में शिकायतों का निस्तारण न के बराबर हो रहा है। ऐसी दशा में समाज में असंतोष बढ़ रहा है। हम सभी को जनता को संगठित कर संघर्ष के लिए तैयार होना होगा। इस अवसर पर जिला सचिव अमेरिका सिंह यादव, सहसचिव जनार्दन राम, रामअवध, सुरेंद्र राम, सुरेंद्र यादव, पूर्व प्रमुख रामायण यादव, रामपरीखा यादव, राम शुक्ला, अब्दुल अली, हरिहर यादव, गुरुजन प्रेमी, अबू नसर, रमाशंकर सिंह, मुन्ना प्रजापति, बृजभूषण चौहान, सूबेदार राम, मनोज सिंह ने विचार व्यक्त किया। अध्यक्षता शमीम अहमद ने दी। राष्ट्रपति को संबोधित मांगपत्र एसडीएम सदर को सौंपकर सत्याग्रह आंदोलन समाप्त किया गया।
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