{"_id":"5bc627e5bdec2269bf7d6a16","slug":"41539712997-ghazipur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अधिकारियों का एक दिन का वेतन बाधित करने का निर्देश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अधिकारियों का एक दिन का वेतन बाधित करने का निर्देश
Updated Tue, 16 Oct 2018 11:37 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गाजीपुर। राज्य पोषण मिशन के अंतर्गत जिला पोषण समिति की मासिक समीक्षा एवं जिला स्तरीय कन्वर्जेन्स की बैठक राइफल क्लब सभागार में हुई। समीक्षा के दौरान गोद लिए गांव में विजिट नहीं करने पर सीडीपीओ भाटा सराय, मुहम्मदाबाद, जमानिया, अधिशासी अभियंता निर्माण खंड प्रथम, अधिशासी अभियंता जल निगम का एक दिन का वेतन रोकने तथा कार्य में लापरवाही पर गोद लिए गए 80 गांवों के सीडीपीओ का माह सितंबर का वेतन बिना अनुमति के आहरण न करने का निर्देश दिया।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी हरिकेश चौरसिया ने कहा कि जिले में कुपोषित बच्चों, गर्भवती महिलाओं के सुधार के लिए लगाए गए े अधिकारियों को विशेष ध्यान देना होगा। आवश्यकता पड़ने पर वहां के चिकित्सक इन बच्चों को बेहतर इलाज और देखभाल के लिए जिला अस्पताल रेफर करेंगे। उन्होंने सभी सीडीपीओ को निर्देश दिया कि जिस गांव में कुपोषण के शिकार बच्चे हैं, उन्हें तत्काल राहत देने के लिए आशा बहू, आंगनबाडी कार्यकर्ता एवं एंबुलेंस के माध्यम से जिला अस्पताल पहुंचाया जाए। शासन की मंशा है कि जिले में कोई भी बच्चा कुपोषण का शिकार न हो। मुख्य विकास अधिकारी ने जिले में निर्माणाधीन आंगनबाड़ी केंद्रों पर वाटर कूलर स्थापित करने, महाहर धाम में सोलर लाइट लगाने के संबंध में जानकारी ली। बैठक में एसीएमओ, सभी सीडीपीओ, डीपीआरओ एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।
.
विज्ञापन
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी हरिकेश चौरसिया ने कहा कि जिले में कुपोषित बच्चों, गर्भवती महिलाओं के सुधार के लिए लगाए गए े अधिकारियों को विशेष ध्यान देना होगा। आवश्यकता पड़ने पर वहां के चिकित्सक इन बच्चों को बेहतर इलाज और देखभाल के लिए जिला अस्पताल रेफर करेंगे। उन्होंने सभी सीडीपीओ को निर्देश दिया कि जिस गांव में कुपोषण के शिकार बच्चे हैं, उन्हें तत्काल राहत देने के लिए आशा बहू, आंगनबाडी कार्यकर्ता एवं एंबुलेंस के माध्यम से जिला अस्पताल पहुंचाया जाए। शासन की मंशा है कि जिले में कोई भी बच्चा कुपोषण का शिकार न हो। मुख्य विकास अधिकारी ने जिले में निर्माणाधीन आंगनबाड़ी केंद्रों पर वाटर कूलर स्थापित करने, महाहर धाम में सोलर लाइट लगाने के संबंध में जानकारी ली। बैठक में एसीएमओ, सभी सीडीपीओ, डीपीआरओ एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।
विज्ञापन
.