{"_id":"5a1076304f1c1b8e698bc723","slug":"21511028272-ghazipur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"हर सप्ताह रेल मंत्रालय को दी जाए निर्माण कार्यों की प्रगति रिपोर्ट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हर सप्ताह रेल मंत्रालय को दी जाए निर्माण कार्यों की प्रगति रिपोर्ट
Updated Sat, 18 Nov 2017 11:34 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सुहवल (गाजीपुर)। रेल मंत्रालय के तकनीकी सलाहकार बोर्ड के चेयरमैन आरआर जगुहार के नेतृत्व में अधिकारियों ने गंगा नदी पर हमीद सेतु के बगल में बन रहे रेल कम सड़क पुल का नौका से निरीक्षण किया। इसके बाद कार्यदायी संस्था के अधिकारियों संग हुई बैठक कर निर्माण कार्यों की प्रगति रिपोर्ट कमेटी सहित रेल मंत्रालय को साप्ताहिक प्रेषित की जाए।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने नदी में पिलरों के निर्माण को लेकर कास्टिंग, सिंकिंग कार्यों का बारीकी से अवलोकन कर सिंकिग के दौरान जमीन से निकलने वाली बालू, मिट्टी एवं कंक्रीट के बारे में जानकारी प्राप्त की। चेयरमैन आरआर जगुहार ने कहा कि जमीन से निकलने वाली हर चीज का लैब में परीक्षण कर इसकी रिपोर्ट तैयार की जाए। उन्होंने सैंड फिलिंग का स्थलीय सत्यापन किया। बीम टीम को दिए जा रहे जीरो एक्सीडेंट प्रशिक्षण का भी जायजा लिया। चेताया कि निर्माण कार्य में किसी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उसके बाद उन्होंने नदी किनारे सेफ्टी प्वाइंट, प्राथमिक उपचार, सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के साथ ही लिफ्टिंग टेबुलों की क्षमता को सुनिश्चित करने पर बल दिया। उसके बाद उनका काफिला सीधे मेदिनीपुर स्थित रेलवे प्लांट पहुंचा, जहां उन्होंने पूरे परिसर एवं आफिसों का निरीक्षण किया। उन्होंने मोरंग, सीमेंट, आयरन, कंक्रीट, की गुणवत्ता को भी परखा। उनके निरीक्षण के दौरान आईआईटी रूढ़की के रिटायर्ड प्रोफेसर डा. प्रेम कृष्णा, केंद्रीय टेक्निकल एडवाइजरी बोर्ड के कार्यकारी निदेशक पीके सिंह, उपेंद्रजी शुक्ल, संयुक्त महाप्रबंधक प्रोजेक्ट डाइरेक्टर एसके ओझा, सीपीएम विकास चंद्रा, आरवीएनएल के संयुक्त महाप्रबंधक सिविल विशेषज्ञ एसएन साहू, उप महाप्रबंधक सत्यम कुमार, पवन दूबे आदि उपस्थित थे। इस संबंध में केंद्रीय टेक्निकल एडवाइजरी बोर्ड के चेयरमैन आरआर जगुहार एवं आईआईटी रूढ़की के रिटायर्ड प्रोफेसर डा. प्रेम कृष्णा ने संयुक्त रूप से बताया कि चल रहा निर्माण कार्य संतोषजनक पाया गया। उन्होंने कहा कि जिस तरह से निर्माण कार्य चल रहा है उन्हें उम्मीद है कि वह अपने निर्धारित समय से पहले ही पूरा कर लिया जाएगा।
विज्ञापन
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने नदी में पिलरों के निर्माण को लेकर कास्टिंग, सिंकिंग कार्यों का बारीकी से अवलोकन कर सिंकिग के दौरान जमीन से निकलने वाली बालू, मिट्टी एवं कंक्रीट के बारे में जानकारी प्राप्त की। चेयरमैन आरआर जगुहार ने कहा कि जमीन से निकलने वाली हर चीज का लैब में परीक्षण कर इसकी रिपोर्ट तैयार की जाए। उन्होंने सैंड फिलिंग का स्थलीय सत्यापन किया। बीम टीम को दिए जा रहे जीरो एक्सीडेंट प्रशिक्षण का भी जायजा लिया। चेताया कि निर्माण कार्य में किसी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उसके बाद उन्होंने नदी किनारे सेफ्टी प्वाइंट, प्राथमिक उपचार, सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के साथ ही लिफ्टिंग टेबुलों की क्षमता को सुनिश्चित करने पर बल दिया। उसके बाद उनका काफिला सीधे मेदिनीपुर स्थित रेलवे प्लांट पहुंचा, जहां उन्होंने पूरे परिसर एवं आफिसों का निरीक्षण किया। उन्होंने मोरंग, सीमेंट, आयरन, कंक्रीट, की गुणवत्ता को भी परखा। उनके निरीक्षण के दौरान आईआईटी रूढ़की के रिटायर्ड प्रोफेसर डा. प्रेम कृष्णा, केंद्रीय टेक्निकल एडवाइजरी बोर्ड के कार्यकारी निदेशक पीके सिंह, उपेंद्रजी शुक्ल, संयुक्त महाप्रबंधक प्रोजेक्ट डाइरेक्टर एसके ओझा, सीपीएम विकास चंद्रा, आरवीएनएल के संयुक्त महाप्रबंधक सिविल विशेषज्ञ एसएन साहू, उप महाप्रबंधक सत्यम कुमार, पवन दूबे आदि उपस्थित थे। इस संबंध में केंद्रीय टेक्निकल एडवाइजरी बोर्ड के चेयरमैन आरआर जगुहार एवं आईआईटी रूढ़की के रिटायर्ड प्रोफेसर डा. प्रेम कृष्णा ने संयुक्त रूप से बताया कि चल रहा निर्माण कार्य संतोषजनक पाया गया। उन्होंने कहा कि जिस तरह से निर्माण कार्य चल रहा है उन्हें उम्मीद है कि वह अपने निर्धारित समय से पहले ही पूरा कर लिया जाएगा।
विज्ञापन