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उच्चाधिकारियों के असहयोगात्मक रवैए पर चिंता जताई
Updated Mon, 17 Jul 2017 11:51 PM IST
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सैदपुर (गाजीपुर)। तहसील सभागार में उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ की स्थानीय इकाई की बैठक सोमवार को हुई। इसमें गत शनिवार को कोतवाली परिसर में एक व्यक्ति के साथ हुई कथित मारपीट और उच्चाधिकारियों के असहयोगात्मक रवैया पर चिंता व्यक्त की गई। संघ के अध्यक्ष धीरेंद्र सिंह ने कहा कि तहसील के डहरा गांव में एक जमीन के विवाद को निबटाने गए तो वापसी में गांव के एक व्यक्ति ने रास्ते में दोनों को गाली दीं। उस प्रकरण में उस समय जब तत्कालीन उप जिलाधिकारी से इस प्रकरण में कहा गया तो मुद्दे को टाल दिया। शनिवार को समाधान दिवस में वह व्यक्ति पुन: मिल गया और लेखपाल नवनीत और कानूनगो लालता यादव को कोतवाली में गाली देने लगा। जब दोनों तहसील कर्मियों ने इसकी सूचना वही मौजूद संघ के अध्यक्ष धीरेंद्र सिंह को दी। अध्यक्ष इस बाबत उस व्यक्ति से कोतवाली परिसर में पूछताछ करने लगे तो उसने सामूहिक रूप से लेखपालों को गाली देते हुए तीनों लोगों से धक्का-मुक्की और धमकी दी। इसके बाद उस व्यक्ति की गलत सूचना पर बिना पक्ष जाने तीनों व्यक्तियों पर कार्रवाई लेखपालों का मनोबल तोड़ने की बड़ी साजिश है। वक्ताओं ने कहा कि एक वर्ष के अंदर तहसील क्षेत्र के लेखपालों और राजस्व कर्मियों के साथ आधा दर्जन जगहों पर मारपीट की धमकी की घटना हुई। उनकी सूचना के बाद भी इस पर कार्रवाई नही हुई। वक्ताओं ने कहा कि लेखपालों और राजस्व कर्मियों के साथ सौतेला व्यवहार और उनकी उपेक्षा बंद नहीं हुई तो संघ आर-पार की लड़ाई लड़ेगा। बैठक में सुधाकर पांडेय, रितेश राम, मुहम्मद शाहिद, नरेंद्र श्रीवास्तव, विनोद यादव, अजित सिंह, अनिल भारती, रमेश सोनकर आदि उपस्थित थे। अध्यक्षता धीरेंद्र सिंह एवं संचालन रामकृत राम ने किया।