बेहतर अनुभव के लिए एप चुनें।
INSTALL APP

रामगंगा नहर के पास मिला सींचपाल का शव

अमर उजाला ब्यूरो, कानपुर देहात Updated Sun, 21 May 2017 01:03 AM IST
विज्ञापन
दी जान
दी जान - फोटो : अमर उजाला

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

ख़बर सुनें
शिवली।  कस्बे में रामगंगा नहर के पास शनिवार को सिंचाई विभाग में कार्यरत सींचपाल का शव पड़ा मिला। ग्रामीणों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस की तलाशी में सींचपाल के जेब से दो पन्ने का सुसाइड नोट मिला। सुसाइड नोट के आधार पर पुलिस इसे आत्महत्या बता रही है, हालांकि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
विज्ञापन


बता दें कि शिवली क्षेत्र के केशरी निवादा गांव के पास से रामगंगा नहर निकली है। वहां पर कुछ ग्रामीण छप्पर भी डाले हैं। शनिवार की सुबह आठ बजे एक छप्परनुमा दुकान के सामने एक व्यक्ति की लाश पड़ी मिली। लाश की खबर फैलते ही लोग जुट गए। पुलिस ने जांच पड़ताल शुरू की।


मृतक के कपड़ों की तलाशी लेने पर जेब से दो पन्नों का सुसाइड नोट मिला। सुसाइड नोट से मृतक की शिनाख्त महेश कुमार गौतम (32) के रूप में हुई है।  जिससे सिंचाई विभाग में अमीन सींचपाल के पद पर तैनाती की जानकारी हुई। वह भेवान नहर चौकी पर तैनात था। शिवली में किराये पर रहता था। महेेश मूलरूप से कानपुर के 2/25 हरिजन बस्ती कालोनी, शिवकटरा चकेरी, कानपुर का रहने वाला था। दो साल से भेवान चौकी पर तैनात था। युवक के पिता हरिश्चंद्र, माता तारा देवी, भाई रोहितरमण व लालजी आदि मौके पर पहुंचे। परिजनों ने कहा कि उसने कभी भी परेशानी की बात नहीं बताई।

परिजनाें को आत्महत्या पर यकीन नहीं हो रहा है। शिवली इंस्पेक्टर राधामोहन द्विवेदी ने बताया कि मृतक के पास से मिले सुसाइड नोट से जहर खाकर आत्महत्या करने का मामला प्रतीत हो रहा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही चल सकेगा।


घर वालों का ऋण कभी नहीं चुका पाऊंगा
सुसाइड नोट में घर वालों को महेश ने अपना आदर्श बताया है। महेश पांच भाइयों में दूसरे नंबर का था। उसने अपने अंतिम पत्र में लिखा है कि घर वालों का उसके कृत्य में कोई दोष नहीं है। उनका मैं ऋ ण नहीं चुका सकता है  लेकिन मेरे हालात ऐसे हैं कि मुझे यही रास्ता सूझ रहा है।

महेश ने लिखा है कि उसके मृत शरीर को प्रवाहित करने व दफ नाने के बजाय चिता लगाकर अंतिम संस्कार किया जाए।

प्रेम प्रसंग से भी घटना को जोड़ रही पुलिस
मृतक के अविवाहित होने पर प्रेम संबंधों पर जहर खाने की चर्चा ग्रामीणों में रही। शिवली के जिस मकान में कमरा किराए पर ले रखा था। वहां पर कभी-कभी रुकता था। पड़ोसी बताते हैं कि वह कभी कभार ही आता था। सुसाइड नोट में उसने विभाग के कुछ लोगों के परेशान करने की बात कही है, लेकिन उसमें कुछ भी स्पष्ट नहीं है। पुलिस भी जांच के बिंदु में प्रेम प्रसंग को रखकर चल रही है।

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us