फिरोजाबाद। लॉकडाउन के कारण 25 मार्च से जिले के सभी धर्मस्थल बंद हैं। इस दौरान भक्तों ने कोरोना से जंग में सरकार का साथ देते हुए सभी धार्मिक आयोजन मंदिरों से बहार अपने-अपने घरों पर मनाएं। चैत्र नवरात्र में देवी मंदिरों के कपाट बंद रहे। ईद जैसे बडे़ पर्व पर मस्जिदों में नमाज नहीं हुई। महावीर जयंती पर मंदिर बंद रहे। हालांकि अब अनलॉक वन के तहत पूरे 73 दिन बाद सोमवार से तमाम बंदिशों और मानकों के साथ धर्मस्थल खुलेंगे। रविवार को प्रशासन ने धर्म गुरुओं के साथ बैठक कर धर्म स्थल खोलने के मानक और शासन की गाइडलाइन बताई। इस दौरान धर्म स्थलों पर भी तैयारी की गई।
नगर निगम के जीवाराम हॉल में एसपी सिटी प्रबल प्रताप सिंह, नगर आयुक्त विजय कुमार की अध्यक्षता में प्रमुख मंदिर के महंत एवं मस्जिद के इमाम के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में नगर मजिस्ट्रेट कुंवर पंकज सिंह ने कहा कि सभी धार्मिक स्थलों को शासन के निर्देशानुसार खोलने की छूट दी जाती है। इस दौरान धार्मिक स्थल खोलने के संबंध में शासन की ओर से जारी निर्देशों की प्रति मुहैया कराई गई। एसपी सिटी प्रबल प्रताप सिंह ने कहा कि मंदिरों में एक ओर से प्रवेश दें और दूसरी ओर से निकास करें। थर्मल स्क्रीनिंग एवं सैनिटाइजर का प्रयोग करें। सामाजिक दूरी का पालन बनाए रखें। मुफ्ती कासिम रजी ने कहा कि की गाइड लाइन मस्जिद के अंदर नमाज अदा की जाएगी। बैठक में मुफ्ती तनवीर, मौलाना आदम मुस्तफा सादी, श्री बांके बिहारी मंदिर के महंत पंडित मुन्नालाल शास्त्री, राधामोहन महाराज मंदिर के महंत श्याम भारद्वाज,शिव भक्त प्रदीप दीक्षित कल्लू,आलम मुस्तफा याकूबी,मौलाना अब्दुल अलीम,मौलाना आमीन अख्तर,करबला कमेटी के अध्यक्ष हिकमत उल्ला खां ,हाफिज अशरफ आदि शामिल थे।