{"_id":"67f13840159c9761a307a80e","slug":"there-is-no-such-thing-as-digital-arrest-be-careful-firozabad-news-c-169-1-sagr1024-145794-2025-04-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Firozabad News: डिजिटल अरेस्ट जैसा कुछ भी नहीं, रहें सावधान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Firozabad News: डिजिटल अरेस्ट जैसा कुछ भी नहीं, रहें सावधान
Sat, 05 Apr 2025 07:33 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
Updated Sat, 05 Apr 2025 07:33 PM IST
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज में साइबर क्राइम की जानकारी देते बैंककर्मी।
संवाद न्यूज एजेंसी
फिरोजाबाद। स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय में चिकित्सा छात्रों में साइबर फ्रॉड के प्रति जागरूकता के लिए स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के द्वारा एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें चीफ मैनेजर अतुल कुमार, पीयूष सिंह ने छात्र एवं छात्राओं को साइबर फ्रॉड से बचने के तरीके बताए।
उन्होंने विभिन्न प्रकार की मोबाइल पर आने वाली कॉल के उदाहरण देकर बच्चों को सचेत किया । उन्होंने बताया कि कभी-कभी कॉल आती है, उसमें कॉल करने वाला पार्सल के बारे में बताता है। उसकी कस्टम ड्यूटी चुकाने के नाम पर पैसे की डिमांड करते हैं यह सब फ्रॉड के दायरे में आता है। उन्होंने बताया कि इससे भयभीत न हों। आप कॉल करने वाले से कहें कि संबंधित थाने को सूचित कर दें, वह आकर हमसे संपर्क कर लें।
उन्होंने बताया कि डिजिटल अरेस्ट जैसी कोई व्यवस्था नहीं है। इस प्रकार की किसी भी भ्रामक कॉल का जवाब न दें। उससे भयभीत न हों। यह लोग लालच के बहाने आपको डरा कर फंसाते हैं। प्राचार्य डा. योगेश गोयल ने आभार जताया।
विज्ञापन
विज्ञापन
फिरोजाबाद। स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय में चिकित्सा छात्रों में साइबर फ्रॉड के प्रति जागरूकता के लिए स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के द्वारा एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें चीफ मैनेजर अतुल कुमार, पीयूष सिंह ने छात्र एवं छात्राओं को साइबर फ्रॉड से बचने के तरीके बताए।
उन्होंने विभिन्न प्रकार की मोबाइल पर आने वाली कॉल के उदाहरण देकर बच्चों को सचेत किया । उन्होंने बताया कि कभी-कभी कॉल आती है, उसमें कॉल करने वाला पार्सल के बारे में बताता है। उसकी कस्टम ड्यूटी चुकाने के नाम पर पैसे की डिमांड करते हैं यह सब फ्रॉड के दायरे में आता है। उन्होंने बताया कि इससे भयभीत न हों। आप कॉल करने वाले से कहें कि संबंधित थाने को सूचित कर दें, वह आकर हमसे संपर्क कर लें।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि डिजिटल अरेस्ट जैसी कोई व्यवस्था नहीं है। इस प्रकार की किसी भी भ्रामक कॉल का जवाब न दें। उससे भयभीत न हों। यह लोग लालच के बहाने आपको डरा कर फंसाते हैं। प्राचार्य डा. योगेश गोयल ने आभार जताया।
विज्ञापन