फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Firozabad News ›   Smart City may be out of the running for the city

स्मार्ट सिटी की दौड़ से बाहर हो सकती है शहर

Wed, 29 Jul 2015 09:41 PM IST
ब्यूरो,अमर उजाला फीरोजाबाद
ब्यूरो,अमर उजाला फीरोजाबाद Updated Wed, 29 Jul 2015 09:41 PM IST
विज्ञापन
Smart City may be out of the running for the city
फीरोजाबाद। देश की एनडीए सरकार की महत्वाकांक्षी योजना स्मार्ट सिटी की दौड़ से फीरोजाबाद बाहर हो  सकता है।  इसके लिए केंद्र सरकार ने प्रदेश की राजधानियों अथवा एक लाख से अधिक की आबादी वाले शहरों का शामिल करने का प्रस्ताव रखा था। स्मार्ट सिटी के लिए  राज्य के शहरी विकास विभाग को भी कड़ी मेहनत करनी पड़ सकती है।  स्मार्ट सिटी के संबंध में लखनऊ में आयोजित बैठक के बाद कुछ इस तरह के संकेत मिल रहे हैं। समीक्षा बैठक में स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालय निर्माण में रुचि न लेना, लक्ष्य के अनुरूप टैक्स वसूली न होना और जनता को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध न होने की बात सामने आई है।
विज्ञापन

केंद्र सरकार ने देश में सौ स्मार्ट सिटीज बनाने की घोषणा की है। स्मार्ट सिटी परियोजना की दौड़ में सुहागनगरी का नाम भले ही घोषित हो गया था, लेकिन अब दौड़ से बाहर होने का खतरा मंडरा रहा है। स्थानीय निकायों की खस्ताहाल वित्तीय स्थिति, खराब गवर्नेंस स्मार्ट सिटी बनने की राह में बड़ा रोड़ा बन गया है। केंद्रीय योजनाओं के क्रियान्वयन में निगम द्वारा लगातार लापरवाही बरती जा रही है। ऐसे में स्मार्ट सिटी चुनौती प्रतिस्पर्धा के निर्धारित मानकों पर खतरना फीरोजाबाद नगर निगम के लिए काफी मुश्किल है। करीब आठ लाख की आबादी वाले शहर में आधी आबादी को नगर निगम मूलभूत सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं करा पा रहा है। लाखों लोग आज भी नारकीय हालात से जूझ रही है। नगर निगम द्वारा केंद्र की योजनाओं को भी धरातल पर उतारने में रुचि नहीं दिखाई जा रही है। जनपद के हजारों मकानों में आजतक स्वच्छ शौचालय तक नहीं बन सके हैं, ऐसे में जनता खुले में शौच करने को मजबूर है। शासन के लगातार निर्देश के बावजूद नगर निगम स्वकर के हिसाब से वसूली नहीं कर पा रहा है, जिससे शासन की नजरें में नगर निगम की खास लगातार गिर रही है।
विज्ञापन


बाक्स--
सफाई के नाम पर लाखों खर्च, हर चौराहे पर नजर आते हैं कूड़े के ढेर
नगर निगम द्वारा सफाई के नाम पर भले ही लाखों रुपये खर्च कर मोबाइल एप्स सेवा प्रारंभ की गई है। इसके बाद भी शहर के हर चौराहे पर जगह-जगह गंदगी के ढेर नजर आते हैं। शहर के नीचे ओवरब्रिज के नीचे तो हर नारकीय हालत बने रहते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


निगम की पहले ही कट चुकी है ग्रांट
नगर निगम बनने के बाद शासन द्वारा ग्रांट में बढ़ोत्तरी नहीं की गई। राज्य वित्त आयोग के अंतर्गत अब तक निगम को पालिका के समय की 6.32 करोड़ ग्रांट मिल रही थी। इसमें करीब 1.50 करोड़ भारी भरकम कटौती कर दी गई है। वर्तमान में 4.91 करोड़ ही ग्रांट मिल रही है।

समीक्षा बैठक में कटे नगर निगम के अंक
स्मार्ट सिटीज में मानक के अनुसार नगर निगम को ग्रेडिंग के आधार पर नंबर दिए जाते हैं। फीरोजाबाद नगर निगम में स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालय निर्माण, टैक्स वसूली में पिछड़ने, सफाई व्यवस्था दुरुस्त न होने पर अंक काटे गए हैं। यह बात लखनऊ मीटिंग मौजूद अफसरों ने स्वीकार की है।


बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं की जरूरत
जिले में अभी स्वास्थ्य सेवाएं बेहतर दशा में नहीं हैं। महकमा ध्यान दे तो कई बड़ी सुविधाएं जिले को मुहैया हो सकती है। अभी सरकारी ट्रॉमा सेंटर अधूरा है तो विकास के लिए बनने वाले मेडिकल कालेज का आधार भी दूर की कौड़ी दिख रहा है। इस तरह सुहागनगरी स्मार्ट सिटी की दौड़ में कैसे जीतेगा?
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed