{"_id":"010ea7365eb01822cf97063dd1c167c7","slug":"rapid-survey-will-be-in-two-months-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दो माह में करना होगा रैपिड सर्वे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दो माह में करना होगा रैपिड सर्वे
Updated Fri, 22 May 2015 10:46 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को जिला पंचायत, क्षेत्र पंचायत एवं ग्राम पंचायत के वार्डों का आरक्षण तय करने से पूर्व जिले के हर गांव का रैपिड सर्वे किया जाएगा। जिला प्रशासन को दो माह में यह कार्य पूर्ण करना होगा। शिक्षकों एवं ग्राम पंचायत के कर्मचारियों को सर्वे की जिम्मेदारी सौंपी जाएगी।
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए मतदाताओं की सूची घर-घर जाकर तैयार करने के साथ रैपिड सर्वे होना है। 2011 की जनगणना के आधार पर पिछड़ी जाति का रैपिड सर्वे का कार्यक्रम प्रमुख सचिव पंचायती राज विभाग चंचल कुमार तिवारी ने जारी किया है। इसमें 200 परिवारों पर एक प्रगणक तैनात होगा। परिवारों को बांटने के दौरान ध्यान रखा जाएगा कि कोई परिवार दो प्रगणकों के क्षेत्र में शामिल नहीं हो सके। प्रत्येक ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत के वार्ड जिला पंचायत के वार्ड वार सूची अलग से तैयार होगी। इसी आधार पर वार्डों एवं ब्लाक प्रमुख पद का आरक्षण तय होगा। दस प्रगणकों पर एक पर्यवेक्षक और दो ब्लाकों पर एक नोडल अधिकारी तैनात होंगे। नोडल अधिकारी को पांच प्रतिशत की रैंडम जांच करनी होगी। पिछड़ा वर्ग की आबादी के रैपिड सर्वे की जिम्मेदारी स्कूली शिक्षक, ग्राम विकास अधिकारी, लेखपाल, किसान सहायक व ग्राम स्तरीय कर्मचारियों की होगी।
इस तरह चलेगा रैपिड सर्वे का कार्य
20 से 30 मई के बीच डीएम जोनल, ब्लाक अधिकारियों, पर्यवेक्षक एवं प्रगणकों की तैनाती करेंगे। 31 मई से 11 जून तक डीएम के द्वारा राजस्व अधिकारियों, बीडीओ और कार्मिकों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। 13 जून को ब्लाक स्तर पर जोनल, ब्लाक अधिकारियों, पर्यवेक्षकों एवं प्रगणकों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रगणकों की सामग्री वितरण 14 जून को होगा। सर्वे का काम 15 जून से शुरू होगा, जो कि 25 जून चलेगा। प्रगणकों की सूचियों को ही प्राप्त कर संकलन पर्यवेक्षकों द्वारा सात दिन में प्राप्त कर ग्राम एवं क्षेत्र पंचायत वार 22 से 23 जून तक तैयार कराना होगा। सूची का प्रकाशन 24 से 30 जून तक, आपत्तियां एक से चार जुलाई तक प्राप्त होंगी। वहीं उनका निस्तारण पांच से दस जुलाई के बीच कराया जाएगा। 16 जुलाई को प्रेषण और 18 जुलाई को अंतिम प्रकाशन किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए मतदाताओं की सूची घर-घर जाकर तैयार करने के साथ रैपिड सर्वे होना है। 2011 की जनगणना के आधार पर पिछड़ी जाति का रैपिड सर्वे का कार्यक्रम प्रमुख सचिव पंचायती राज विभाग चंचल कुमार तिवारी ने जारी किया है। इसमें 200 परिवारों पर एक प्रगणक तैनात होगा। परिवारों को बांटने के दौरान ध्यान रखा जाएगा कि कोई परिवार दो प्रगणकों के क्षेत्र में शामिल नहीं हो सके। प्रत्येक ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत के वार्ड जिला पंचायत के वार्ड वार सूची अलग से तैयार होगी। इसी आधार पर वार्डों एवं ब्लाक प्रमुख पद का आरक्षण तय होगा। दस प्रगणकों पर एक पर्यवेक्षक और दो ब्लाकों पर एक नोडल अधिकारी तैनात होंगे। नोडल अधिकारी को पांच प्रतिशत की रैंडम जांच करनी होगी। पिछड़ा वर्ग की आबादी के रैपिड सर्वे की जिम्मेदारी स्कूली शिक्षक, ग्राम विकास अधिकारी, लेखपाल, किसान सहायक व ग्राम स्तरीय कर्मचारियों की होगी।
विज्ञापन
इस तरह चलेगा रैपिड सर्वे का कार्य
20 से 30 मई के बीच डीएम जोनल, ब्लाक अधिकारियों, पर्यवेक्षक एवं प्रगणकों की तैनाती करेंगे। 31 मई से 11 जून तक डीएम के द्वारा राजस्व अधिकारियों, बीडीओ और कार्मिकों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। 13 जून को ब्लाक स्तर पर जोनल, ब्लाक अधिकारियों, पर्यवेक्षकों एवं प्रगणकों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रगणकों की सामग्री वितरण 14 जून को होगा। सर्वे का काम 15 जून से शुरू होगा, जो कि 25 जून चलेगा। प्रगणकों की सूचियों को ही प्राप्त कर संकलन पर्यवेक्षकों द्वारा सात दिन में प्राप्त कर ग्राम एवं क्षेत्र पंचायत वार 22 से 23 जून तक तैयार कराना होगा। सूची का प्रकाशन 24 से 30 जून तक, आपत्तियां एक से चार जुलाई तक प्राप्त होंगी। वहीं उनका निस्तारण पांच से दस जुलाई के बीच कराया जाएगा। 16 जुलाई को प्रेषण और 18 जुलाई को अंतिम प्रकाशन किया जाएगा।
विज्ञापन