{"_id":"2b663c67ef837d4f7ca62339d9cccdb2","slug":"police-removed-encroached-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पुलिस ने हटवाया अवैध कब्जा ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पुलिस ने हटवाया अवैध कब्जा
ब्यूरो,अमर उजाला फीरोजाबाद
Updated Wed, 22 Jul 2015 11:40 PM IST
विज्ञापन
सपा ब्लाक प्रमुख द्वारा जबरन जमीन पर किए गए अवैध कब्जे को बुधवार दोपहर पुलिस ने अधिकारियों के निर्देश पर मुक्त करा दिया। जमीन पर अवैध कब्जे को लेकर ब्लाक प्रमुख के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया था।
विदित हो कि विभव नगर थाना उत्तर जनपद फीरोजाबाद निवासी उद्योगपति मेहुल गोयल पुत्र प्रमोद बिहारी गोयल ने ब्लाक प्रमुख चरन सिंह यादव उर्फ बाबा पर ग्राम जरौलीकलां स्थित खसरा संख्या 704 रकवा .362 हैक्टेयर जमीन जो उनके व उनकी मां श्रीमती सरोज देवी गोयल के नाम दर्ज है, पर जबरन कब्जा करने के साथ ही दस लाख रुपये की चौथ मांगने का आरोप लगाते हुए ब्लाक प्रमुख चरन सिंह बाबा अपने पुत्र प्रेमपाल सिंह, हरेन्द्र यादव निवासीगण ग्राम उलाऊ खेड़ा व श्रीनिवास पुत्र वीर सिंह निवासी ग्राम नगला हंसी के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने जिलाधिकारी के निर्देश पर बुधवार दोपहर में जमीन पर किए गए अवैध कब्जे को हटवाते हुए जमीन को कब्जा मुक्त करा दिया। ब्लाक प्रमुख चरन सिंह यादव का कहना है कि उन्होंने किसी की जमीन पर अवैध कब्जा नहीं किया। प्रशासन उनकी छबि खराब करने को कुचक्र रच रहा है।
विज्ञापन
विदित हो कि विभव नगर थाना उत्तर जनपद फीरोजाबाद निवासी उद्योगपति मेहुल गोयल पुत्र प्रमोद बिहारी गोयल ने ब्लाक प्रमुख चरन सिंह यादव उर्फ बाबा पर ग्राम जरौलीकलां स्थित खसरा संख्या 704 रकवा .362 हैक्टेयर जमीन जो उनके व उनकी मां श्रीमती सरोज देवी गोयल के नाम दर्ज है, पर जबरन कब्जा करने के साथ ही दस लाख रुपये की चौथ मांगने का आरोप लगाते हुए ब्लाक प्रमुख चरन सिंह बाबा अपने पुत्र प्रेमपाल सिंह, हरेन्द्र यादव निवासीगण ग्राम उलाऊ खेड़ा व श्रीनिवास पुत्र वीर सिंह निवासी ग्राम नगला हंसी के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने जिलाधिकारी के निर्देश पर बुधवार दोपहर में जमीन पर किए गए अवैध कब्जे को हटवाते हुए जमीन को कब्जा मुक्त करा दिया। ब्लाक प्रमुख चरन सिंह यादव का कहना है कि उन्होंने किसी की जमीन पर अवैध कब्जा नहीं किया। प्रशासन उनकी छबि खराब करने को कुचक्र रच रहा है।
विज्ञापन