फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Firozabad News ›   Get rid of stress with positive thinking

सकारात्मक सोच से पाएं तनाव से मुक्ति

Sat, 09 Oct 2021 11:57 PM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Sat, 09 Oct 2021 11:57 PM IST
विज्ञापन
Get rid of stress with positive thinking
फिरोजाबाद। कोरोना काल ने हर इंसान की दिनचर्या बदली है। कारोबार-व्यापार में मंदी, नौकरी पर संकट और महंगाई में घर परिवार चलाने के लिए वित्तीय संकट हो या फिर अन्य कोई समस्या। बड़ी संख्या में लोग मानसिक तनाव में आ गए हैं। मनोचिकित्सक के मुताबिक कोरोना काल से लेकर अभी तक 20 फीसदी तक मनोरोगी बढ़े हैं। उनके स्वास्थ्य पर इसका विपरीत असर पड़ा है। मनोचिकित्सकों की मानें तो तनाव कई बीमारियों की जड़ है। इसे सिर्फ सकारात्मक सोच और सावधानी से ही हराया जा सकता है। लोगों को भूलने की बीमारी सहित अन्य समस्याएं आती हैं।
विज्ञापन

मनोचिकित्सक मोहित शाही ने बताया कि मध्यम वर्गीय परिवार कोरोनाकाल में सामाजिक और आर्थिक रूप से सबसे अधिक प्रभावित रहे हैं। जिले को कोरोना मुक्त हुए करीब तीन माह बीत गए हों। लेकिन तनाव कम नहीं हुआ है। इससे सोचने और समझने की शक्ति, अनिद्रा की समस्या रहती है। डॉ. मोहित ने बताया कि ज्यादातर मरीजों को इलाज में भय और अनिश्चय की स्थिति रहती है। काउंसलिंग करते हैं तो 80 फीसदी मरीज बिना जटिलता के ठीक हो जाते हैं। केवल परामर्श से ही उनका तनाव कम हो जाता है। दवाओं की जरूरत नहीं पड़ती है।
विज्ञापन

योगाचार्य अंकित वर्मा ने बताया कि मानसिक तनाव से मुक्त होने के लिए लोग योग और ध्यान का सहारा ले रहे हैं। योग से भी मानसिक तनाव को दूर कर रहे हैं। कोरोना काल के बाद योग क्लास लेने वाले लोगों की संख्या में आठ से 10 गुना वृद्धि हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

ऐसे बचें मानसिक तनाव से
हमेशा सकारात्मक सोचें
दोस्तों और परिवार के साथ अपनी परेशानी बांटे।
योग और व्यायाम करें।
खुद को अपनी रुचि के हिसाब से व्यस्त रखें।
पौष्टिक आहार लें।
अकेलेपन से हो जाता है अवसाद
व्यक्ति को सफलता के बजाय लगातार निराशा लगती रहे तो व्यक्ति तनावग्रस्त हो जाता है। कहीं कोई राहत की उम्मीद नहीं दिखती तो व्यक्ति पर तनाव हावी होने लगता है। ऐसे व्यक्ति को अकेला न छोड़े। उसे अच्छा माहौल देते रहें। किसी प्रकार का दबाव न बनाएं।
डॉ. एबी चौबे, प्रोफेसर मनोविज्ञान विभाग, एसआरके पीजी कॉलेज
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed