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रुला देगा इस खिलाड़ी का दर्द: पत्नी-बच्चे करते हैं मारपीट, दो वक्त की रोटी भी नहीं नसीब; पिता थे IAS अधिकारी
Sun, 17 May 2026 09:40 AM IST
Arun Parashar
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
Published by: Arun Parashar
Updated Sun, 17 May 2026 09:40 AM IST
सार
बैडमिंटन खिलाड़ी के अनुसार पत्नी-बेटा समेत ससुरालीजन आए दिन उनके साथ मारपीट और गाली-गलौज करते हैं। उन्हें समय पर भोजन तक नहीं देते। उन्होंने अपने साले के बेटे को गोद भी लिया है, लेकिन इस मुश्किल वक्त में कोई काम नहीं आया।
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बैडमिंटन खिलाड़ी आनंद।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
आंखों की रोशनी क्या गई, अपने भी पराए हो गए। गाली-गलौज और पिटाई करने लगे। दो वक्त की रोटी भी देना बंद कर दिया। यहां तक कि उन्हें घर से निकाल दिया। यह आपबीती है बैडमिंटन खिलाड़ी गांव मदनपुर निवासी आनंद कुमार की। उन्होंने प्रताड़ना और बेरहमी से पीटने का आरोप लगाते हुए पत्नी, बेटे, सास और साले पर प्राथमिकी दर्ज कराई है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
आनंद कुमार का दावा है कि वह दिल्ली की ओर से बैडमिंटन खेलते थे और राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में हिस्सा ले चुके हैं। उनके पिता दयाराम दिल्ली कैडर के आईएएस अधिकारी थे। आनंद के मुताबिक, पिता के निधन के बाद वह दिल्ली छोड़कर फिरोजाबाद आ गए। कोविड काल में संक्रमण के चलते उनकी आंखों की रोशनी चली गई। उनकी ससुराल थाना सिरसागंज के गांव नगला मधे में है। वह ससुराल में ही पत्नी नीलम और बच्चों के साथ अपने निजी मकान में रहने लगे।
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आनंद कुमार का दावा है कि वह दिल्ली की ओर से बैडमिंटन खेलते थे और राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में हिस्सा ले चुके हैं। उनके पिता दयाराम दिल्ली कैडर के आईएएस अधिकारी थे। आनंद के मुताबिक, पिता के निधन के बाद वह दिल्ली छोड़कर फिरोजाबाद आ गए। कोविड काल में संक्रमण के चलते उनकी आंखों की रोशनी चली गई। उनकी ससुराल थाना सिरसागंज के गांव नगला मधे में है। वह ससुराल में ही पत्नी नीलम और बच्चों के साथ अपने निजी मकान में रहने लगे।
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आनंद का आरोप है कि आंखों से कुछ दिखाई न देने के कारण पत्नी नीलम, बेटा छोटू, साला अनिल और सास आए दिन उनके साथ मारपीट और गाली-गलौज करते हैं। उन्हें समय पर भोजन तक नहीं देते। आनंद के अनुसार, उन्होंने अपने साले के बेटे सिद्धार्थ को गोद भी लिया है, लेकिन इस मुश्किल वक्त में कोई काम नहीं आया।
सोशल मीडिया पर मांगी मदद
आनंद के अनुसार, आठ दिन पहले सभी आरोपियों ने मिलकर उनकी पिटाई की और जान से मारने की धमकी देकर घर से बाहर निकाल दिया। इस प्रताड़ना के बाद वह जैसे-तैसे अपने चाचा के घर मदनपुर पहुंचे और वहीं शरण लिए हुए हैं। उन्होंने आशंका जताई कि ससुराल पक्ष उनकी संपत्ति हड़पने के लिए उनकी हत्या भी करा सकता है। कुछ दिन पहले उन्होंने सोशल मीडिया पर एक वीडियो डालकर प्रशासन और समाज से मदद मांगी थी।
आनंद के अनुसार, आठ दिन पहले सभी आरोपियों ने मिलकर उनकी पिटाई की और जान से मारने की धमकी देकर घर से बाहर निकाल दिया। इस प्रताड़ना के बाद वह जैसे-तैसे अपने चाचा के घर मदनपुर पहुंचे और वहीं शरण लिए हुए हैं। उन्होंने आशंका जताई कि ससुराल पक्ष उनकी संपत्ति हड़पने के लिए उनकी हत्या भी करा सकता है। कुछ दिन पहले उन्होंने सोशल मीडिया पर एक वीडियो डालकर प्रशासन और समाज से मदद मांगी थी।
पत्नी संग जाने से किया मना
शनिवार शाम उनकी पत्नी नीलम अपनी तीन साल की बेटी आशी को साथ लेकर आनंद को लेने गांव मदनपुर पहुंचीं लेकिन उन्होंने अपनी पत्नी के साथ जाने से साफ इन्कार कर दिया। आनंद का कहना है कि उन्हें वहां जान का खतरा है। पत्नी नीलम का कहना है कि पारिवारिक विवाद में कुछ गलतफहमियां हुई हैं, जिन्हें बातचीत के बाद सुलझाने का प्रयास किया जा रहा है।
शनिवार शाम उनकी पत्नी नीलम अपनी तीन साल की बेटी आशी को साथ लेकर आनंद को लेने गांव मदनपुर पहुंचीं लेकिन उन्होंने अपनी पत्नी के साथ जाने से साफ इन्कार कर दिया। आनंद का कहना है कि उन्हें वहां जान का खतरा है। पत्नी नीलम का कहना है कि पारिवारिक विवाद में कुछ गलतफहमियां हुई हैं, जिन्हें बातचीत के बाद सुलझाने का प्रयास किया जा रहा है।
पीड़ित खिलाड़ी की तहरीर के आधार पर उनकी पत्नी, बेटे, सास और साले के खिलाफ संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है। दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। -अनिवेश कुमार सिंह, सीओ, सिरसागंज
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