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Firozabad News: फर्जी इकरारनामे से बेच डाली पुश्तैनी भूमि, दो पर प्राथमिकी दर्ज
Thu, 11 Dec 2025 12:03 AM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
Updated Thu, 11 Dec 2025 12:03 AM IST
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सांकेतिक
फिरोजाबाद। थाना दक्षिण में ऑर्चिड ग्रीन कॉलोनी से संबंधित एक संपत्ति मामले में कोर्ट के आदेश पर प्राथमिकी दर्ज की गई है। शिकायतकर्ता रामपाल यादव निवासी राजा का ताल, अली नगर कैंजरा ने आरोप लगाया है कि बिल्डर प्रदीप कुमार निवासी सरकूलर रोड, रसूलपुर ने उनके भाई धर्मपाल सिंह के साथ मिलकर फर्जी इकरारनामे के आधार पर उनकी पुश्तैनी जमीन बेच डाली।
रामपाल यादव ने बताया कि खसरा संख्या 721 की भूमि में उन्हें और उनके भाई को विरासत में 1/10 भाग मिला था। 2002 से 2024 तक वह शहर से बाहर थे। दिसंबर 2024 में लौटने पर उन्होंने पाया कि उनकी पैतृक भूमि ऑर्चिड ग्रीन कॉलोनी के अधीन है। रामपाल यादव का आरोप है कि बिल्डर प्रदीप कुमार ने यह जानते हुए भी कि वह उपलब्ध नहीं हैं, अपने किसी व्यक्ति को रामपाल सिंह दर्शाकर उसका फोटो लगाया और 28 जून 2006 को कूटरचित पंजीकृत इकरारनामा अपने नाम करा लिया। बाद में, इसी जाली इकरारनामे का उपयोग करके प्रदीप कुमार ने उनके भाई धर्मपाल सिंह से उनके हिस्से समेत पूरी जमीन का विक्रय पत्र (बैनामा) करा लिया। इंस्पेक्टर दक्षिण योगेंद्र पाल सिंह ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और मामले की जांच की जा रही है।
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रामपाल यादव ने बताया कि खसरा संख्या 721 की भूमि में उन्हें और उनके भाई को विरासत में 1/10 भाग मिला था। 2002 से 2024 तक वह शहर से बाहर थे। दिसंबर 2024 में लौटने पर उन्होंने पाया कि उनकी पैतृक भूमि ऑर्चिड ग्रीन कॉलोनी के अधीन है। रामपाल यादव का आरोप है कि बिल्डर प्रदीप कुमार ने यह जानते हुए भी कि वह उपलब्ध नहीं हैं, अपने किसी व्यक्ति को रामपाल सिंह दर्शाकर उसका फोटो लगाया और 28 जून 2006 को कूटरचित पंजीकृत इकरारनामा अपने नाम करा लिया। बाद में, इसी जाली इकरारनामे का उपयोग करके प्रदीप कुमार ने उनके भाई धर्मपाल सिंह से उनके हिस्से समेत पूरी जमीन का विक्रय पत्र (बैनामा) करा लिया। इंस्पेक्टर दक्षिण योगेंद्र पाल सिंह ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और मामले की जांच की जा रही है।
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