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Fatehpur News: सीएचसी में एक घंटे तक कराहते रहे घायल
Sun, 16 Apr 2023 12:03 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहपुर
Updated Sun, 16 Apr 2023 12:03 AM IST
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फोटो-15एयूआरपी-34- अस्पताल में डॉक्टर के आने का इंतजार करते घायल मरीज। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
बिधूना। सीएचसी में स्वास्थ्य कर्मियों की लापरवाही का खामियाजा मरीजों को भुगतना पड़ रहा है। गर्मी बढ़ने के कारण वायरल और लू के मरीज काफी संख्या में अस्पताल पहुंच रहे हैं। शनिवार को ओपीडी समेत अन्य कक्षों में नौ बजकर 40 मिनट तक कुर्सियां खाली पड़ीं रहीं। इस दौरान मारपीट में घायल युवकों को एक घंटे इंतजार करने के बाद इलाज मिल सका।
अस्पतालों में पहुंचने वाले मरीजों व घायलों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं नहीं मिल पा रही है। सुबह साढ़े सात बजे भैसलोट गांव में दो पक्षों में आपसी विवाद में घायलों को लेकर पुलिस इमरजेंसी में पहुंची। वार्ड में रात की ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर ने एक पक्ष की मल्हम-पट्टी की। ड्यूटी का समय पूरा हो जाने के बाद वह अस्पताल से चले गए। इसके कुछ देर बाद दूसरे पक्ष के घायल भी आ पहुंचे।
करीब एक घंटे से अधिक समय तक घायल शकुंतला, विनोद व अन्य दर्द से कराहते रहे। इन्हें समय से इलाज नहीं मिला। पूछने पर विनोद ने बताया कि वह साढ़े आठ बजे अस्पताल आया था और एक घंटे से अधिक का समय हो गया, कोई डॉक्टर नहीं है।
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सीएचसी अधीक्षक डिप्टी सीएमओ डॉ. वीपी शाक्य ने बताया कि इमरजेंसी वार्ड में तैनात डॉक्टर का बच्चा अचानक से बीमार हो गया था। इसपर वह जानकारी देकर गए थे। दूसरे डॉक्टर को बुलाकर घायलों का इलाज करवाया गया है। अस्पताल में लेट आने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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संवाद न्यूज एजेंसी
बिधूना। सीएचसी में स्वास्थ्य कर्मियों की लापरवाही का खामियाजा मरीजों को भुगतना पड़ रहा है। गर्मी बढ़ने के कारण वायरल और लू के मरीज काफी संख्या में अस्पताल पहुंच रहे हैं। शनिवार को ओपीडी समेत अन्य कक्षों में नौ बजकर 40 मिनट तक कुर्सियां खाली पड़ीं रहीं। इस दौरान मारपीट में घायल युवकों को एक घंटे इंतजार करने के बाद इलाज मिल सका।
अस्पतालों में पहुंचने वाले मरीजों व घायलों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं नहीं मिल पा रही है। सुबह साढ़े सात बजे भैसलोट गांव में दो पक्षों में आपसी विवाद में घायलों को लेकर पुलिस इमरजेंसी में पहुंची। वार्ड में रात की ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर ने एक पक्ष की मल्हम-पट्टी की। ड्यूटी का समय पूरा हो जाने के बाद वह अस्पताल से चले गए। इसके कुछ देर बाद दूसरे पक्ष के घायल भी आ पहुंचे।
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करीब एक घंटे से अधिक समय तक घायल शकुंतला, विनोद व अन्य दर्द से कराहते रहे। इन्हें समय से इलाज नहीं मिला। पूछने पर विनोद ने बताया कि वह साढ़े आठ बजे अस्पताल आया था और एक घंटे से अधिक का समय हो गया, कोई डॉक्टर नहीं है।
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सीएचसी अधीक्षक डिप्टी सीएमओ डॉ. वीपी शाक्य ने बताया कि इमरजेंसी वार्ड में तैनात डॉक्टर का बच्चा अचानक से बीमार हो गया था। इसपर वह जानकारी देकर गए थे। दूसरे डॉक्टर को बुलाकर घायलों का इलाज करवाया गया है। अस्पताल में लेट आने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।