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Fatehpur News: घरों का सामान नाव से सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा रहे ग्रामीण
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फोटो-40-औंग क्षेत्र के गलाथा समुदायिक मिलन केंद्र के सामने पहुंचा गंगा का पानी। संवाद
औंग। पांडु और गंगा नदी के बढ़े जलस्तर से क्षेत्र के कई गांवों में बाढ़ की स्थिति बनी हुई है। अभयपुर ग्राम पंचायत के बड़ा खेड़ा, महुआ घाट, बिंदकी फार्म, सदनहा और देवमई ब्लॉक के गलाथा गांव में नदी का पानी पहुंचने से हजारों बीघे कृषि भूमि जलमग्न हो गई है। खेतों में पानी भरने से ग्रामीणों के सामने पशुओं के हरे चारे का संकट खड़ा हो गया है।
लगातार बारिश के कारण घरों में रखा भूसा भीग गया है। ग्रामीणों का कहना है कि खेतों में पानी भरा होने से हरा चारा काटकर घर तक लाना मुश्किल हो गया है। पशुओं को चारा खिलाने के लिए उन्हें काफी परेशानी उठानी पड़ रही है। वहीं गांवों की आबादी में पानी पहुंचने से कई परिवार निजी नावों के सहारे घर का सामान सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा रहे हैं।
बड़ा खेड़ा की पानी की टंकी और प्राथमिक विद्यालय परिसर में भी बाढ़ का पानी पहुंच गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन पर राहत और बचाव के नाम पर खानापूर्ति का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि अधिकारी मौके पर आते हैं और दूर से स्थिति देखकर लौट जाते हैं। ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा है।
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जिला आपदा अधिकारी कृष्ण कुमार ने बताया कि गंगा नदी का जलस्तर शनिवार सुबह 100.84 मीटर और शाम को 100.83 मीटर दर्ज किया गया। जलस्तर खतरे के निशान से तीन सेंटीमीटर नीचे है। आबादी के आसपास जमा पानी धीरे-धीरे कम होगा। कंट्रोल रूम के माध्यम से स्थिति पर नजर रखी जा रही है और स्थानीय लोगों के संपर्क में पूरी टीम लगी है।
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लगातार बारिश के कारण घरों में रखा भूसा भीग गया है। ग्रामीणों का कहना है कि खेतों में पानी भरा होने से हरा चारा काटकर घर तक लाना मुश्किल हो गया है। पशुओं को चारा खिलाने के लिए उन्हें काफी परेशानी उठानी पड़ रही है। वहीं गांवों की आबादी में पानी पहुंचने से कई परिवार निजी नावों के सहारे घर का सामान सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा रहे हैं।
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बड़ा खेड़ा की पानी की टंकी और प्राथमिक विद्यालय परिसर में भी बाढ़ का पानी पहुंच गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन पर राहत और बचाव के नाम पर खानापूर्ति का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि अधिकारी मौके पर आते हैं और दूर से स्थिति देखकर लौट जाते हैं। ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा है।
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जिला आपदा अधिकारी कृष्ण कुमार ने बताया कि गंगा नदी का जलस्तर शनिवार सुबह 100.84 मीटर और शाम को 100.83 मीटर दर्ज किया गया। जलस्तर खतरे के निशान से तीन सेंटीमीटर नीचे है। आबादी के आसपास जमा पानी धीरे-धीरे कम होगा। कंट्रोल रूम के माध्यम से स्थिति पर नजर रखी जा रही है और स्थानीय लोगों के संपर्क में पूरी टीम लगी है।

फोटो-40-औंग क्षेत्र के गलाथा समुदायिक मिलन केंद्र के सामने पहुंचा गंगा का पानी। संवाद