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स्थानांतरण नीति के विरोध में की आवाज बुलंद
ब्यूरो अमर उजाला, फतेहपुर
Updated Wed, 13 Jul 2016 01:50 AM IST
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डीआईओएस कार्यालय में धरना देते कर्मचारी।
- फोटो : अमर उजाला
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यूपी एजूकेशनल मिनिस्ट्रियल आफीसर्र्स एसोसिएशन ने मंगलवार को स्थानांतरण नीति के विरोध में आवाज बुलंद की है। डीआईओएस कार्यालय में एसोसिएशन ने धरना देकर स्थानांतरण नीति वापस लेने की मांग की है। बाद में वित्त एवं लेखाधिकारी हरिश्चंद्र को 22 सूत्री ज्ञापन सौंपा।
धरने में एसोसिएशन के इलाहाबाद मंडल अध्यक्ष राजेश त्रिपाठी ने कहा कि नई स्थानांतरण नीति के नाम पर लिपिक संवर्ग का उत्पीड़न किया जा रहा है। संगठन इसे बर्दाश्त नहीं करेगा। जनपद सचिव विनोद कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि 23 जून को प्रांतीय संगठन ने शासन को 22 सूत्री ज्ञापन दे समस्या के निराकरण की मांग की थी, लेकिन अभी तक एक भी समस्या का निराकरण नहीं किया गया है।
धरने की अध्यक्षता करते हुए जिलाध्यक्ष राजसेन श्रीवास्तव ने आरोप लगाया कि 2016-17 में कार्मिक विभाग ने जितने भी लिपिकों के तबादले किए हैं, वह पूरी तरह से गलत हैं। धरने में सुशील शुक्ला, रतनेश पांडेय, मंशाराम, विवेक द्विवेदी, प्रतीक कुमार, बदलू राम, दीपक कुमार, श्यामलाल, गुरुचरन लाल, भानू दादा, अमित सक्सेना, उमाशंकर, नसरीन, सरिता यादव, जुवैदा खातून, शैलेंद्र गुप्ता मौजूद रहे।
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धरने में एसोसिएशन के इलाहाबाद मंडल अध्यक्ष राजेश त्रिपाठी ने कहा कि नई स्थानांतरण नीति के नाम पर लिपिक संवर्ग का उत्पीड़न किया जा रहा है। संगठन इसे बर्दाश्त नहीं करेगा। जनपद सचिव विनोद कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि 23 जून को प्रांतीय संगठन ने शासन को 22 सूत्री ज्ञापन दे समस्या के निराकरण की मांग की थी, लेकिन अभी तक एक भी समस्या का निराकरण नहीं किया गया है।
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धरने की अध्यक्षता करते हुए जिलाध्यक्ष राजसेन श्रीवास्तव ने आरोप लगाया कि 2016-17 में कार्मिक विभाग ने जितने भी लिपिकों के तबादले किए हैं, वह पूरी तरह से गलत हैं। धरने में सुशील शुक्ला, रतनेश पांडेय, मंशाराम, विवेक द्विवेदी, प्रतीक कुमार, बदलू राम, दीपक कुमार, श्यामलाल, गुरुचरन लाल, भानू दादा, अमित सक्सेना, उमाशंकर, नसरीन, सरिता यादव, जुवैदा खातून, शैलेंद्र गुप्ता मौजूद रहे।
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