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महिला की मौत पर अस्पताल में हंगामा
ब्यूरो अमर उजाला, फतेहपुर
Updated Tue, 31 May 2016 12:59 AM IST
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सदर अस्पताल परिसर में रोते-बिलखते परिजन
- फोटो : अमर उजाला
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जिला महिला अस्पताल में भर्ती एक प्रसूता की सोमवार सुबह मौत हो गई। महिला को ब्लीडिंग ज्यादा हो गई थी। जिस ग्रुप के खून की दरकार उसे थी वह न तो सदर अस्पताल के ब्लड बैंक में मिला और न परिजन उपलब्ध करा सके। महिला की मौत के बाद परिजनों ने इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाकर हंगामा किया। पुलिस ने परिजनों को समझा बुझाकर शांत कराया।
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सदर कोतवाली के सनगांव निवासी जुल्फिकार की पत्नी शगुफ्ता (25) को रविवार की रात तेज प्रसव पीड़ा हुई। जिस पर परिजन प्रसव पीड़िता को रात 10 बजे जिला महिला अस्पताल लेकर आए। महिला को भर्ती कर इलाज शुरू कर दिया गया। सोमवार की सुबह शगुफ्ता ने बच्चे को जन्म दिया। इसके ठीक बाद उसे तेज रक्तश्राव शुरू हो गया।
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खून की जरूरत को देखकर ड्यूटी में तैनात डॉ. मनीषा शुक्ला ने प्रसूता का ब्लड ग्रुप टेस्ट कराया तो वह ए निगेटिव निकला। इस ग्रुप का खून सदर अस्पताल के ब्लड बैंक में नहीं था। महिला की हालत इस दौरान लगातार बिगड़ती जा रही थी। जिस पर परिजनों से तत्काल संबंधित ग्रुप के खून की एक यूनिट लाने को कहा गया।
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चूंकि यह ग्रुप रेयर पाया जाता है, लिहाजा उपलब्ध नहीं हो सका। सुबह 10 बजे प्रसूता की मौत होने के बाद परिजनों ने इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाकर हंगामा करना शुरू कर दिया।
जिला महिला अस्पताल में इलाज के दौरान प्रसूता की मौत पर हंगामा होने की जानकारी पर पुलिस पहुंची और हल्ला कर रहे परिजनों को शांत किया। उधर, सीएमएस डॉ. रेखारानी ने बताया कि महिला एनेमिक थी। इलाज में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं की गई है।