फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Fatehpur News ›   Corona warrior: corona infected but continuing help of patients

कोरोना योद्धा: खुद हुए संक्रमित लेकिन जारी रही मरीजों की मदद, फोन और व्हाट्सएप पर देते रहे परामर्श व दवाएं

Thu, 13 May 2021 07:49 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फतेहपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फतेहपुर Published by: प्रभापुंज मिश्रा Updated Thu, 13 May 2021 07:49 PM IST
सार

डाॅक्टर और कर्मचारी एक-एक करके संक्रमित होते रहे लेकिन उन्होंने अपनी सेवाएं बंद नहीं कीं। फोन पर परामर्श दिया तो व्हाट्सएप पर दवा लिखकर भेजी।

विज्ञापन
Corona warrior: corona infected but continuing help of patients
गोपालगंज पीएचसी के प्रभारी डॉ. अरुण द्विवेदी - फोटो : amar ujala

विस्तार

कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर में फतेहपुर की गोपालगंज पीएचसी के स्टाफ ने कुछ ऐसा जज्बा दिखाया, जिसकी सराहना लोग कर रहे हैं। यहां के डाॅक्टर और कर्मचारी एक-एक करके संक्रमित होते रहे लेकिन उन्होंने अपनी सेवाएं बंद नहीं कीं। फोन पर परामर्श दिया तो व्हाट्सएप पर दवा लिखकर भेजी। खुद के इलाज के साथ उन्होंने क्षेत्र से आने वालों की भी सेवा की।
विज्ञापन


स्वस्थ होने के बाद फिर से अस्पताल पहुंचकर मरीजों की मदद में जुट गए। कल्यानपुर थानाक्षेत्र के गोपालगंज पीएचसी में कोरोना की दूसरी लहर का जबरदस्त असर हुआ। यहां तैनात तीन डाॅक्टर संक्रमित होकर होम आइसोलेट हो गए। जबकि यहां तैनात 17 स्वास्थ्य कर्मी भी संक्रमण की चपेट में आकर घर में कैद हो गए।
विज्ञापन


 

ऐसे में पीएचसी की स्वास्थ्य सेवाएं चरमराईं और 24 घंटे के लिए अस्थाई रूप से सेवाएं बंद तक करनी पड़ीं। लोगों में इलाज को लेकर चिंता बढ़ी तो प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. अरुण द्विवेदी जो खुद संक्रमित थे, उन्होंने इस संकट की घड़ी में गजब का जज्बा दिखाया और अपने साथियों को भी प्रेरित किया। उन्होंने दूरभाष के जरिए क्षेत्रीय लोगों को परामर्श देना शुरू किया।

लक्षण के आधार पर उन्हें व्हाट्सएप पर दवाएं लिखकर भेजीं। साथियों में ऊर्जा आई तो प्रभारी की अनुपस्थिति में डॉ. अमलेश जोशी ने सभी साथियों की हौसला अफजाई की और ग्रामीणों की मदद के लिए तरह-तरह का प्रयास करते रहे। ऐसे में पीएचसी की चरमरा रही व्यवस्था फिर से पटरी पर लौट आई।

डाॅ. अरुण द्विवेदी बताते हैं कि संक्रमण के दौरान क्षेत्रीय लोगों के बीच तालमेल बनाकर जिम्मेदारी निभाने का जो अनुभव मिला वह अविस्मरणीय है। उनकी गैर मौजूदगी में डॉ. जोशी के प्रयास व उनकी हौसला आफजाई ने स्टाफ में नई ऊर्जा भर दी। जिसके चलते आज पूरा स्टाफ संक्रमण के खिलाफ अपना पूरा योगदान दे रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed