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दिन भर हड़ताल पर रहे, प्रदर्शन व नारेबाजी
Fatehpur
Updated Thu, 12 Jul 2012 12:00 PM IST
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फतेहपुर। बकाया भुगतान की मांग को लेकर विद्युत विभाग के संविदाकर्मी बुधवार को हड़ताल पर रहे। इस दौरान विद्युत वितरण खंड के दोनों अधिशासी अभियंता कार्यालयों पर प्रदर्शन कर खूब नारेबाजी की। शाम को जल्द भुगतान का आश्वासन मिलने पर संविदाकर्मी काम पर वापस लौटे। संविदा कर्मियों ने चेतावनी दी है कि 30 जुलाई तक उनका बकाया भुगतान न हुआ तो 31 जुलाई से बेमियादी हड़ताल शुरू करेंगे। उधर, विद्युत विभाग के संविदा कर्मियों के दिन भर हड़ताल पर रहने से शहर के लोगों को बिजली संकट से जूझना पड़ा। इस दौरान जिन इलाकों में लाइन फाल्ट या अन्य गड़बड़ी हुई तो उसे ठीक नहीं किया जा सका। बिजली आपूर्ति बाधित होने से लोगों को पानी की समस्या भी झेलनी पड़ी।
हिंद मजदूर संगठन से संबद्ध विद्युत मजदूर पंचायत के बैनरतले बकाया भुगतान की मांग को लेकर संविदाकर्मी बुधवार को सुबह ही विद्युत वितरण खंड कार्यालय प्रथम में डट गए थे। इस बीच हड़ताल का ऐलान कर काम बंद करने की घोषणा की। इसके बाद ंविदा कर्मियों ने विद्युत वितरण खंड प्रथम एवं द्वितीय कार्यालयों में प्रदर्शन कर जमकर नारेबाजी की। हड़ताली संविदा कर्मियों के मुताबिक जनवरी माह से बकाया मानदेय की भुगतान नहीं मिला है। एक मजदूर का तीन हजार रुपया मासिक मानदेय है जो छह माह में बढ़कर 18 हजार रुपया हो गया है। जिले भर में करीब ढाई सैकड़ा संविदा कर्मी हैं जिनका मानदेय जनवरी माह से नहीं मिला है। अनुमानित तौर पर करीब 45 लाख रुपया संविदा कर्मियों का बकाया है। बताया जा रहा है कि संविदा कर्मी सीधे विभाग से संबद्ध न होकर ठेकेदार से संबद्ध हैं। इटावा की एक फर्म को ठेका मिला हुआ है। विभाग ठेकेदार को भुगतान करता है और ठेकेदार अपने दिहाड़ी मजदूरों को। संविदा कर्मियों के मुताबिक काम बराबर विभाग ले रहा था तो भुगतान की जिम्मेदारी भी विभाग की है। वहीं ठेकेदार का कहना है कि उसके पास कांट्रैक्ट अप्रैल से है इसलिए भुगतान भी वह अप्रैल माह से ही करेगा।
उधर, संविदा कर्मियों के हड़ताल पर चले जाने से समस्या सुलझाने के लिए विद्युत मजदूर पंचायत यूनियन व विद्युत महकमे के बड़े अफसरों के साथ ही बातचीत के बाद अफसरों ने आश्वासन दिया कि बकाया भुगतान की प्रक्रिया जारी है। जल्द ही बकाया भुगतान करवा दिया जाएगा। अधिकारियों के इस आश्वासन के बाद शाम चार बजे हड़ताल समाप्त हुई और हड़ताली संविदाकर्मी काम पर लौटे।
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हिंद मजदूर संगठन से संबद्ध विद्युत मजदूर पंचायत के बैनरतले बकाया भुगतान की मांग को लेकर संविदाकर्मी बुधवार को सुबह ही विद्युत वितरण खंड कार्यालय प्रथम में डट गए थे। इस बीच हड़ताल का ऐलान कर काम बंद करने की घोषणा की। इसके बाद ंविदा कर्मियों ने विद्युत वितरण खंड प्रथम एवं द्वितीय कार्यालयों में प्रदर्शन कर जमकर नारेबाजी की। हड़ताली संविदा कर्मियों के मुताबिक जनवरी माह से बकाया मानदेय की भुगतान नहीं मिला है। एक मजदूर का तीन हजार रुपया मासिक मानदेय है जो छह माह में बढ़कर 18 हजार रुपया हो गया है। जिले भर में करीब ढाई सैकड़ा संविदा कर्मी हैं जिनका मानदेय जनवरी माह से नहीं मिला है। अनुमानित तौर पर करीब 45 लाख रुपया संविदा कर्मियों का बकाया है। बताया जा रहा है कि संविदा कर्मी सीधे विभाग से संबद्ध न होकर ठेकेदार से संबद्ध हैं। इटावा की एक फर्म को ठेका मिला हुआ है। विभाग ठेकेदार को भुगतान करता है और ठेकेदार अपने दिहाड़ी मजदूरों को। संविदा कर्मियों के मुताबिक काम बराबर विभाग ले रहा था तो भुगतान की जिम्मेदारी भी विभाग की है। वहीं ठेकेदार का कहना है कि उसके पास कांट्रैक्ट अप्रैल से है इसलिए भुगतान भी वह अप्रैल माह से ही करेगा।
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उधर, संविदा कर्मियों के हड़ताल पर चले जाने से समस्या सुलझाने के लिए विद्युत मजदूर पंचायत यूनियन व विद्युत महकमे के बड़े अफसरों के साथ ही बातचीत के बाद अफसरों ने आश्वासन दिया कि बकाया भुगतान की प्रक्रिया जारी है। जल्द ही बकाया भुगतान करवा दिया जाएगा। अधिकारियों के इस आश्वासन के बाद शाम चार बजे हड़ताल समाप्त हुई और हड़ताली संविदाकर्मी काम पर लौटे।
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