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Farrukhabad News: घरों में नहीं पहुंचा टंकी का पानी, खेतों की हो रही सिंचाई
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फर्रुखाबाद। जल जीवन मिशन योजना के तहत बनी पानी की टंकी से घरों में भले ही जलापूर्ति शुरू नहीं हो सकी है, लेकिन नलकूप से खेतों में सिंचाई की जा रही है। इसमें किसानों से वसूली कर योजना को कमाई का जरिया बना लिया गया है।
नवाबगंज ब्लॉक क्षेत्र के गांव नौली में जल जीवन मिशन योजना के तहत पानी की टंकी का निर्माण हो चुका है। गांव में अभी पाइप लाइन का काम अधूरा पड़ा है। वहीं नलकूप बनाकर चालू कर दिया गया है। योजना का उद्देश्य है कि हर घर में शुद्ध पेयजल उपलब्ध हो सके। काम की धीमी प्रगति के चलते अभी घरों में पानी नहीं पहुंच सका है। इससे ग्रामीणों को योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है। वहीं टंकी के लिए बने नलकूप को कमाई का जरिया बना लिया गया है। इस नलकूप से प्लास्टिक की पाइप लगाकर खेतों की सिंचाई कर किसानों से वसूली का खेल चल रहा है। किसानों के अनुसार निजी नलकूपों से 100 रुपये घंटे सिंचाई का किराया जाता है, जबकि टंकी के नलकूप से सिंचाई करने पर 50 से 75 रुपये ही किराया देना पड़ता है। वहीं पाइप लाइन अधूरी होने के साथ घरों में पानी न पहुंचने से ग्रामीणों में नाराजगी भी है।
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नलकूप ऑपरेटर प्रधान द्वारा लगाया जाता है। स्थानीय होने के चलते हो सकता है कि नलकूप ऑपरेटर खेतों की सिंचाई कर रहा हो, जो पूरी तरह गलत है। वह मामले की जांच कराने के साथ नलकूप ऑपरेटर के खिलाफ कार्रवाई करेंगे।
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अविनाश गुप्ता, अधिशासी अभियंता जलनिगम ग्रामीण फर्रुखाबाद।
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नवाबगंज ब्लॉक क्षेत्र के गांव नौली में जल जीवन मिशन योजना के तहत पानी की टंकी का निर्माण हो चुका है। गांव में अभी पाइप लाइन का काम अधूरा पड़ा है। वहीं नलकूप बनाकर चालू कर दिया गया है। योजना का उद्देश्य है कि हर घर में शुद्ध पेयजल उपलब्ध हो सके। काम की धीमी प्रगति के चलते अभी घरों में पानी नहीं पहुंच सका है। इससे ग्रामीणों को योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है। वहीं टंकी के लिए बने नलकूप को कमाई का जरिया बना लिया गया है। इस नलकूप से प्लास्टिक की पाइप लगाकर खेतों की सिंचाई कर किसानों से वसूली का खेल चल रहा है। किसानों के अनुसार निजी नलकूपों से 100 रुपये घंटे सिंचाई का किराया जाता है, जबकि टंकी के नलकूप से सिंचाई करने पर 50 से 75 रुपये ही किराया देना पड़ता है। वहीं पाइप लाइन अधूरी होने के साथ घरों में पानी न पहुंचने से ग्रामीणों में नाराजगी भी है।
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नलकूप ऑपरेटर प्रधान द्वारा लगाया जाता है। स्थानीय होने के चलते हो सकता है कि नलकूप ऑपरेटर खेतों की सिंचाई कर रहा हो, जो पूरी तरह गलत है। वह मामले की जांच कराने के साथ नलकूप ऑपरेटर के खिलाफ कार्रवाई करेंगे।
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अविनाश गुप्ता, अधिशासी अभियंता जलनिगम ग्रामीण फर्रुखाबाद।