{"_id":"6279637a951d1f7e8d6e7e77","slug":"revised-piyush-murder-case-father-broke-his-breath-so-and-outpost-in-charge-suspended-farrukhabad-news-knp695862773","type":"story","status":"publish","title_hn":"संशोधित पीयूष हत्याकांड: पिता ने तोड़ा दम, एसओ व चौकी इंचार्ज निलंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
संशोधित पीयूष हत्याकांड: पिता ने तोड़ा दम, एसओ व चौकी इंचार्ज निलंबित
विज्ञापन
कमालगंज थाने में खड़े आरोपी अरूण उर्फ नन्हे लला व अनमोल। संवाद
- फोटो : FARRUKHABAD
अमृतपुर। गोली लगने से घायल पीयूष के पिता दिनेश अवस्थी ने लखनऊ के ट्रॉमा सेंटर में सोमवार को दम तोड़ दिया। मौत की खबर आते ही परिजनों में कोहराम मच गया। उधर, दोहरे हत्याकांड में एसपी ने देर रात एसओ और चौकी इंचार्ज को निलंबित कर दिया है।
गांव अमृतपुर निवासी पीयूष अवस्थी (22) की सात मई की सुबह परिवार के लोगों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। पिता दिनेश अवस्थी और मां के ललकारने पर हमलावरों ने उन्हें भी गोली मारकर घायल कर दिया था। दोनों का लखनऊ के ट्रॉमा सेंटर में इलाज चल रहा था। सोमवार की दोपहर पिता की भी मौत हो गई। मौत की खबर मिलने पर पुत्री प्रियंका, दीक्षा और पुत्र अनुुभव का रो- रो कर बुरा हाल हो गया। उनके घर बाहर लोगों की भीड़ लगी रही सुरक्षा को लेकर उनके मकान के बाहर तीसरे दिन भी पीएसी तैनात रही।
घटना वाले दिन पीयूष के परिजनों ने एसओ और चौकी इंचार्ज पर सूचना देने के बावजूद मौके पर न पहुंचने का आरोप लगाया था।
आईजी ने एएसपी को जांच के आदेश दिए थे। जांच रिपोर्ट पर चौकी इंचार्ज सुनील कुुमार यादव को एसपी ने लाइन हाजिर कर दिया था। सोमवार को पीयूष के पिता की मौत की जानकारी मिलने के बाद देर रात एसपी अशोक कुमार मीणा ने लापरवाही में अमृतपुर थानाध्यक्ष सुनील कुमार परिहार और लाइन हाजिर चौकी इंचार्ज सुनील यादव को निलंबित कर दिया है।
विज्ञापन
पीयूष हत्याकांड में आत्मसमर्पण करने कचहरी पहुंचे छह आरोपियों की भीड़ ने पिटाई कर दी। घटना की जानकारी पर पुलिस पहुंची और चार आरोपियों पकड़कर साथ ले गई। दो आरोपी मौका देखकर भाग गए।
पीयूष अवस्थी की हत्या में भाई अनुभव ने 11 नामजद और तीन अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। एसपी अशोक कुुमार मीणा ने हत्यारोपियों को पकड़ने के लिए एसओजी, सर्विलांस टीम, कमालगंज एसओ, अमृतपुर एसओ व राजेपुर एसओ को लगाया था।
पुलिस ने घटना के दिन चार महिलाओं को हिरासत में लिया था। रविवार को पुलिस ने शाहजहांपुर जिले के थाना कलान से तीन रिश्तेदारों और गांव के दो लोगों को पकड़ा था। पुलिस की टीमें आरोपियों की धरपकड़ का प्रयास कर रहीं थीं।
सोमवार की सुबह पुलिस को चकमा देकर छह आरोपी आत्मसमर्पण करने कचहरी पहुंच गए। आरोपियों ने पुराने जानलेवा हमले के मुकदमे में चल रहे वारंट पर हाजिर होने के लिए एफटीसी कोर्ट प्रार्थना पत्र दिया। दो आरोपियों ने पीयूष हत्याकांड में हाजिर होने के लिए सीजेएम कोर्ट में वकील के माध्यम से प्रार्थना पत्र दिया। इसकी भनक पीयूष के परिजनों को लग गई। वह ग्रामीणों के साथ कचहरी पहुंचे और आरोपियों की पिटाई कर दी।
विज्ञापन
गांव अमृतपुर निवासी पीयूष अवस्थी (22) की सात मई की सुबह परिवार के लोगों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। पिता दिनेश अवस्थी और मां के ललकारने पर हमलावरों ने उन्हें भी गोली मारकर घायल कर दिया था। दोनों का लखनऊ के ट्रॉमा सेंटर में इलाज चल रहा था। सोमवार की दोपहर पिता की भी मौत हो गई। मौत की खबर मिलने पर पुत्री प्रियंका, दीक्षा और पुत्र अनुुभव का रो- रो कर बुरा हाल हो गया। उनके घर बाहर लोगों की भीड़ लगी रही सुरक्षा को लेकर उनके मकान के बाहर तीसरे दिन भी पीएसी तैनात रही।
विज्ञापन
घटना वाले दिन पीयूष के परिजनों ने एसओ और चौकी इंचार्ज पर सूचना देने के बावजूद मौके पर न पहुंचने का आरोप लगाया था।
आईजी ने एएसपी को जांच के आदेश दिए थे। जांच रिपोर्ट पर चौकी इंचार्ज सुनील कुुमार यादव को एसपी ने लाइन हाजिर कर दिया था। सोमवार को पीयूष के पिता की मौत की जानकारी मिलने के बाद देर रात एसपी अशोक कुमार मीणा ने लापरवाही में अमृतपुर थानाध्यक्ष सुनील कुमार परिहार और लाइन हाजिर चौकी इंचार्ज सुनील यादव को निलंबित कर दिया है।
विज्ञापन
पीयूष हत्याकांड में आत्मसमर्पण करने कचहरी पहुंचे छह आरोपियों की भीड़ ने पिटाई कर दी। घटना की जानकारी पर पुलिस पहुंची और चार आरोपियों पकड़कर साथ ले गई। दो आरोपी मौका देखकर भाग गए।
पीयूष अवस्थी की हत्या में भाई अनुभव ने 11 नामजद और तीन अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। एसपी अशोक कुुमार मीणा ने हत्यारोपियों को पकड़ने के लिए एसओजी, सर्विलांस टीम, कमालगंज एसओ, अमृतपुर एसओ व राजेपुर एसओ को लगाया था।
पुलिस ने घटना के दिन चार महिलाओं को हिरासत में लिया था। रविवार को पुलिस ने शाहजहांपुर जिले के थाना कलान से तीन रिश्तेदारों और गांव के दो लोगों को पकड़ा था। पुलिस की टीमें आरोपियों की धरपकड़ का प्रयास कर रहीं थीं।
सोमवार की सुबह पुलिस को चकमा देकर छह आरोपी आत्मसमर्पण करने कचहरी पहुंच गए। आरोपियों ने पुराने जानलेवा हमले के मुकदमे में चल रहे वारंट पर हाजिर होने के लिए एफटीसी कोर्ट प्रार्थना पत्र दिया। दो आरोपियों ने पीयूष हत्याकांड में हाजिर होने के लिए सीजेएम कोर्ट में वकील के माध्यम से प्रार्थना पत्र दिया। इसकी भनक पीयूष के परिजनों को लग गई। वह ग्रामीणों के साथ कचहरी पहुंचे और आरोपियों की पिटाई कर दी।