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नगर पालिका पर्यावरण विभाग को दिखा रही ठेंगा
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फर्रुखाबाद-कायमगंज वाईपास मार्ग प सड़क किनारे सुलगता कूड़ा। संवाद न्यूज एजेंसी
- फोटो : FARRUKHABAD
फर्रुखाबाद। नगर पालिका परिषद अपनी हठधर्मिता पर कायम है। हाईवे के किनारे बने अघोषित डलावघरों में आग लगाकर सुप्रीम कोर्ट और पर्यावरण विभाग के आदेशों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। जल रहे कूड़े के ढेरों से उठती दुर्गंध और घातक गैसों से जनमानस के जीवन को खतरा बना हुआ है। पालिका इस ओर से पूरी तरह लापरवाह है।
शहर से पांच किमी दूर हैवतपुर गढ़िया के आगे पालिका का कूड़े के लिए डंपिंग प्वाइंट है। इस प्वाइंट पर आधे शहर का तो कूड़ा जाता है, मगर बड़ी संख्या में ट्रैक्टर चालक कूड़े की ट्रालियां बाग लकूला के पास, फतेहगढ़ से जिला जेल के आगे कमालगंज रोड किनारे तथा कायमगंज बाईपास पर पलटी जा रही हैं। यही नहीं कूड़े के ढेरों को कम करने के लिए उसमें आग लगा दी जाती है। इससे कूड़े में मौजूद पॉलिथीन, मरे जानवर समेत अन्य कूड़ा भी जलता रहता है। इसमें निकल रहा धुआं काफी दमघोंटू सा होता है। कुछ देर तक इस स्थान पर रुकना मुश्किल हो जाता हैै।
अमर उजाला ने इस मामले को 27 नवंबर के अंक में ‘धधक रहे कूड़े के जहरीले धुएं से घुट रहा दम’ शीर्षक से प्रकाशित किया था। इस दिन पालिका के मुख्य सफाई एवं स्वास्थ्य निरीक्षक कुंवरपाल ने धधकते कूड़े के ढेरों को पानी से बंद कराने की बात कही थी। बावजूद इसके अभी तक पूरी तरह बंद नहीं हो सके हैं। उस कूड़े में अभी तक धुआं निकलना बंद नहीं हो पा रहा है। इससे पर्यावरण को खतरा बना हुआ है। नगर पालिका के मुख्य सफाई एवं स्वास्थ्य निरीक्षक कुंवरपाल ने बताया कि उन्होंने दोनों स्थानों पर पानी के टैंकर भिजवाए थे। कुछ घुमंतू लोग आग लगा देते हैं। फिर भी पूरी तरह बुझवाने के लिए और टैंकर भेजेंगे।
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शहर से पांच किमी दूर हैवतपुर गढ़िया के आगे पालिका का कूड़े के लिए डंपिंग प्वाइंट है। इस प्वाइंट पर आधे शहर का तो कूड़ा जाता है, मगर बड़ी संख्या में ट्रैक्टर चालक कूड़े की ट्रालियां बाग लकूला के पास, फतेहगढ़ से जिला जेल के आगे कमालगंज रोड किनारे तथा कायमगंज बाईपास पर पलटी जा रही हैं। यही नहीं कूड़े के ढेरों को कम करने के लिए उसमें आग लगा दी जाती है। इससे कूड़े में मौजूद पॉलिथीन, मरे जानवर समेत अन्य कूड़ा भी जलता रहता है। इसमें निकल रहा धुआं काफी दमघोंटू सा होता है। कुछ देर तक इस स्थान पर रुकना मुश्किल हो जाता हैै।
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अमर उजाला ने इस मामले को 27 नवंबर के अंक में ‘धधक रहे कूड़े के जहरीले धुएं से घुट रहा दम’ शीर्षक से प्रकाशित किया था। इस दिन पालिका के मुख्य सफाई एवं स्वास्थ्य निरीक्षक कुंवरपाल ने धधकते कूड़े के ढेरों को पानी से बंद कराने की बात कही थी। बावजूद इसके अभी तक पूरी तरह बंद नहीं हो सके हैं। उस कूड़े में अभी तक धुआं निकलना बंद नहीं हो पा रहा है। इससे पर्यावरण को खतरा बना हुआ है। नगर पालिका के मुख्य सफाई एवं स्वास्थ्य निरीक्षक कुंवरपाल ने बताया कि उन्होंने दोनों स्थानों पर पानी के टैंकर भिजवाए थे। कुछ घुमंतू लोग आग लगा देते हैं। फिर भी पूरी तरह बुझवाने के लिए और टैंकर भेजेंगे।
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