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निरीक्षण में खुली उपस्थिति की खुली पोल
अमर उजाला ब्यूरो फर्रुखाबाद
Updated Fri, 13 May 2016 12:09 AM IST
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निरीक्षण
- फोटो : अमर उजाला
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उप निदेशक कृषि कार्यालय में निरीक्षण करने पहुंचे जिलाधिकारी के सामने कर्मचारियों की उपस्थिति और कार्यालय की स्थिति की पोल खुल गई। अधिकांश कर्मचारी कार्यालय से नदारद मिले। डीएम ने जिस कार्यालय को खुलवाकर देखा उसमें गंदगी का अंबार मिला। कबाड़ मेें पड़ी दस लाख रुपये वाली मशीन को देख डीएम ने नाराजगी जताई। सफाई कराने के निर्देश देते हुए अनुपस्थित कर्मचारियों की वेतन निकासी पर रोक लगा दिए।
लकूला में स्थित उप निदेशक कृषि कार्यालय का गुरुवार को जिलाधिकारी ने निरीक्षण किया। डीएम को प्रधान सहायक कृष्ण कुमार, आशु लिपिक ऋषि रमन, सहायक लेखाकार अवधेश कुमार, लिपिक प्रियदर्शन राजपूत और चालक महावीर प्रसाद अनुपस्थित मिले। डीएम ने इन सभी का अनुपस्थिति वाले दिन का वेतन रोकने का आदेश दिया। कार्यालय में भ्रमण पंजिका नहीं मिली। उप कृषि निदेशक एके सिंह की निदेशालय में जानकारी की सूचना मिली। डीएम ने वहां मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों को भ्रमण पंजिका दो दिन में बनाने के निर्देश दिए।
सभागार कक्ष का निरीक्षण करने के दौरान उसमें रखी कुर्सी, मेज व फर्नीचरों पर धूल की परतें जमी थीं। टूटा-फूटा फर्नीचर भरा था। खराब फर्नीचर की नीलामी कराने के लिए डीएम ने कहा। शौचालय गंदा देखकर डीएम ने नाराजगी जताई। रिकार्ड रूम में अभिलेख उल्टे-सीधे पड़े देख डीएम चकित रह गए। इनको ठीक से रखने के निर्देश दिए। कंप्यूटर कक्ष के निरीक्षण के दौरान संविदा कर्मी नरेंद्र पाल अलमारी में रखे अभिलेख नहीं दिखा पाए। इस कारण डीएम ने संविदा कर्मी को चेतावनी दी।
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किसान पंजीकरण कक्ष में माह सितंबर 2015 में आई इन्फारमेंशन टच मशीन पर धूल जमी देख उन्होंने नाराजगी जताई। इसको प्रयोग में न लाने के कारण कृषि उप निदेशक को नोटिस जारी कर तीन दिन में स्पष्टीकरण देने का आदेश दिया है। मृदा परीक्षण कक्ष के निरीक्षण में कर्मचारियों से पूछताछ की। माह अप्रैल में 136 गांवों से 13077 मिट्टी के नमूने लिए गए थे। इनकी जांच रिपोर्ट कर्मचारी दिखाने में फेल हो गए।
बताया गया कि प्रयोगशाला में 12 लाख की मशीन 2010 में खराब हो गई थी। वह तब से खराब पड़ी है। यह देखकर डीएम ने नाराजगी जताई। इसके बाद उप संभागीय कृषि प्रसार अधिकारी कार्यालय का निरीक्षण किया। डीएम ने लिपिक श्यामजी का अप्रैल व मई 2016 के वेतन रोकने का आदेश दिया। स्टोर में कबाड़ा भरा मिला। हर तरफ गंदगी का अंबार मिलने पर सफाई कराने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान डीएम ने फरियादियों की समस्याएं सुनकर अफसरों को निस्तारण के आदेश दिए है। इसके बाद कृषि विज्ञान केंद्र का निरीक्षण किया। 11 व 12 मई को डॉ. राजीव कुमार अनुपस्थित थे। इनका वेतन रोक दिया गया। शौचालय, स्टोर रुम अफसर के कार्यालय में गदंगी मिलने पर नाराजगी जताई।
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लकूला में स्थित उप निदेशक कृषि कार्यालय का गुरुवार को जिलाधिकारी ने निरीक्षण किया। डीएम को प्रधान सहायक कृष्ण कुमार, आशु लिपिक ऋषि रमन, सहायक लेखाकार अवधेश कुमार, लिपिक प्रियदर्शन राजपूत और चालक महावीर प्रसाद अनुपस्थित मिले। डीएम ने इन सभी का अनुपस्थिति वाले दिन का वेतन रोकने का आदेश दिया। कार्यालय में भ्रमण पंजिका नहीं मिली। उप कृषि निदेशक एके सिंह की निदेशालय में जानकारी की सूचना मिली। डीएम ने वहां मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों को भ्रमण पंजिका दो दिन में बनाने के निर्देश दिए।
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सभागार कक्ष का निरीक्षण करने के दौरान उसमें रखी कुर्सी, मेज व फर्नीचरों पर धूल की परतें जमी थीं। टूटा-फूटा फर्नीचर भरा था। खराब फर्नीचर की नीलामी कराने के लिए डीएम ने कहा। शौचालय गंदा देखकर डीएम ने नाराजगी जताई। रिकार्ड रूम में अभिलेख उल्टे-सीधे पड़े देख डीएम चकित रह गए। इनको ठीक से रखने के निर्देश दिए। कंप्यूटर कक्ष के निरीक्षण के दौरान संविदा कर्मी नरेंद्र पाल अलमारी में रखे अभिलेख नहीं दिखा पाए। इस कारण डीएम ने संविदा कर्मी को चेतावनी दी।
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किसान पंजीकरण कक्ष में माह सितंबर 2015 में आई इन्फारमेंशन टच मशीन पर धूल जमी देख उन्होंने नाराजगी जताई। इसको प्रयोग में न लाने के कारण कृषि उप निदेशक को नोटिस जारी कर तीन दिन में स्पष्टीकरण देने का आदेश दिया है। मृदा परीक्षण कक्ष के निरीक्षण में कर्मचारियों से पूछताछ की। माह अप्रैल में 136 गांवों से 13077 मिट्टी के नमूने लिए गए थे। इनकी जांच रिपोर्ट कर्मचारी दिखाने में फेल हो गए।
बताया गया कि प्रयोगशाला में 12 लाख की मशीन 2010 में खराब हो गई थी। वह तब से खराब पड़ी है। यह देखकर डीएम ने नाराजगी जताई। इसके बाद उप संभागीय कृषि प्रसार अधिकारी कार्यालय का निरीक्षण किया। डीएम ने लिपिक श्यामजी का अप्रैल व मई 2016 के वेतन रोकने का आदेश दिया। स्टोर में कबाड़ा भरा मिला। हर तरफ गंदगी का अंबार मिलने पर सफाई कराने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान डीएम ने फरियादियों की समस्याएं सुनकर अफसरों को निस्तारण के आदेश दिए है। इसके बाद कृषि विज्ञान केंद्र का निरीक्षण किया। 11 व 12 मई को डॉ. राजीव कुमार अनुपस्थित थे। इनका वेतन रोक दिया गया। शौचालय, स्टोर रुम अफसर के कार्यालय में गदंगी मिलने पर नाराजगी जताई।