{"_id":"6740dfe816d7f612820499a4","slug":"patients-ct-scan-done-dressing-done-on-time-farrukhabad-news-c-22-1-sknp1018-104567-2024-11-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Farrukhabad News: मरीज का हुआ सीटी स्कैन, समय से हुई ड्रेसिंग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Farrukhabad News: मरीज का हुआ सीटी स्कैन, समय से हुई ड्रेसिंग
विज्ञापन
फर्रुखाबाद। डॉ. राममनोहर लोहिया पुरुष अस्पताल में भर्ती मरीज की ड्रेसिंग के बदले रुपये लेने की अमर उजाला में खबर प्रकाशित होने के बाद आखिरकार मरीज की देखरेख शुरू कर दी गई। शुक्रवार को मरीज का सीटी स्कैन कराया गया। भोर में समय से ड्रेसिंग भी हो गई। उधर, रुपये लेकर ड्रेसिंग करने वाले से मोबाइल पर बात की गई, तो उसने रुपये लेने की बात भी कबूली हैा। हालांकि इस मामले में अस्पताल के जिम्मेदारों ने कोई कार्रवाई नहीं की।
मोहम्मदाबाद के गांव नगला धना निवासी विपिन कुमार (22) को उनकी मां निर्मला ने 14 नवंबर को भर्ती कराया था। यहां अस्पताल स्टाफ ड्रेसिंग नहीं की। एक बाहरी व्यक्ति रुपये लेकर ड्रेसिंग करने लगा। पीड़ित को अस्पताल से रेफर भी कर दिया गया। अब मां के पास रुपये खत्म होेने पर वह घर जाने को विवश हो गई।
अमर उजाला ने 22 नवंबर को रुपये खत्म होने पर बिना इलाज के पुत्र को ले जाने के लिए विवश बुजुर्ग मां शीर्षक से प्रमुखता से खबर प्रकाशित की। इस पर अस्पताल प्रशासन ने संज्ञान लिया। शुक्रवार रात घर जाने को तैयार मां को फिर से बेड पर पहुंचाया गया। उसका सीटी स्कैन कराया और समय से ड्रेसिंग भी करवा दी गई। फिलहाल उसका इलाज किया जा रहा है।
विज्ञापन
-अस्पताल चौैकी पुलिस को सूचना दे दी है। अब यदि कोई भी अस्पताल में बाहरी तत्व आएगा, तो उसे गिरफ्तार करवाया जाएगा। स्टाफ की भूमिका की भी जांच कराएंगे। ड्यूटी होने के बाद भी बाहरी ड्रेसिंग करके रुपये ले जाता यह लापरवाही है।
-डॉ. अशोक प्रियदर्शी, सीएमएस, लोहिया पुरुष अस्पताल
विज्ञापन
मोहम्मदाबाद के गांव नगला धना निवासी विपिन कुमार (22) को उनकी मां निर्मला ने 14 नवंबर को भर्ती कराया था। यहां अस्पताल स्टाफ ड्रेसिंग नहीं की। एक बाहरी व्यक्ति रुपये लेकर ड्रेसिंग करने लगा। पीड़ित को अस्पताल से रेफर भी कर दिया गया। अब मां के पास रुपये खत्म होेने पर वह घर जाने को विवश हो गई।
विज्ञापन
अमर उजाला ने 22 नवंबर को रुपये खत्म होने पर बिना इलाज के पुत्र को ले जाने के लिए विवश बुजुर्ग मां शीर्षक से प्रमुखता से खबर प्रकाशित की। इस पर अस्पताल प्रशासन ने संज्ञान लिया। शुक्रवार रात घर जाने को तैयार मां को फिर से बेड पर पहुंचाया गया। उसका सीटी स्कैन कराया और समय से ड्रेसिंग भी करवा दी गई। फिलहाल उसका इलाज किया जा रहा है।
विज्ञापन
-अस्पताल चौैकी पुलिस को सूचना दे दी है। अब यदि कोई भी अस्पताल में बाहरी तत्व आएगा, तो उसे गिरफ्तार करवाया जाएगा। स्टाफ की भूमिका की भी जांच कराएंगे। ड्यूटी होने के बाद भी बाहरी ड्रेसिंग करके रुपये ले जाता यह लापरवाही है।
-डॉ. अशोक प्रियदर्शी, सीएमएस, लोहिया पुरुष अस्पताल