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निकली सवारी तो जयश्रीराम के नारों से गूंजा शहर
अमर उजाला/फर्रुखाबाद
Updated Wed, 05 Apr 2017 11:37 PM IST
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श्रीराम शोभायात्रा में चल रहे कमेटी के पदाधिकारियों का स्वागत करते मुसलिम समुदाय के लोग।
- फोटो : amarujala
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श्रीराम विविध कला केंद्र की ओर से रामनवमी पर भगवान श्रीराम की शोभायात्रा धूमधाम से गाजे बाजे के साथ निकाली गई। पूरा शहर भगवाध्वज और गुब्बारों से पटा नजर आया। बाइक पर सवार होकर भगवा पट्टिकाएं लेकर चल रहे थे।
जगह-जगह शोभायात्रा का पुष्पवर्षा कर स्वागत किया गया। शहर जय श्रीराम के नारों से गुंजायमान रहा। सत्ता के पावर ने भीड़ में कई गुना इजाफा किया।
बुधवार को निदेशक विजय दुबे उर्फ मटरलाल के नेतृत्व में पंचाल घाट पर भगवान श्रीराम और गौरी-गणेश का वेद मंत्रों से पूजन हुआ। दूध, दही, शहद, शक्कर और घी आदि से आचार्य शांति स्वरूप त्रिपाठी ने भगवान श्रीराम का अभिषेक किया।
शाम साढ़े छह बजे अग्रवाल धर्मशाला नंबर एक से शोभायात्रा प्रारंभ हुई। इसमें राम, लक्ष्मण, भरत, शत्रुघ्न के साथ ही मां दुर्गा और बाल रूपी हनुमान की झांकी शामिल थी। शोभायात्रा मुख्यमार्गों से होती हुई वापस अग्रवाल धर्मशाला पहुंची जहां समापन हो गया। इस दौरान गगनभेदी नारेबाजी हुई। सड़क किनारे, छतों, छज्जों पर से पुष्पवर्षा होती रही।
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भगवान श्रीराम की आरती उतारकर उन्हें भोग लगाया गया। इसके बाद प्रसाद बांटा गया। इस अवसर पर अरुण प्रकाश तिवारी ददुआ, संजय गर्ग, अजयकृष्ण गुप्ता, अशोक वर्मा, संजीव मिश्र बाबी, सत्यम दीक्षित, अशोक मिश्र, प्रकाशचंद्र, राकेश अग्रवाल आदि रहे।
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जगह-जगह शोभायात्रा का पुष्पवर्षा कर स्वागत किया गया। शहर जय श्रीराम के नारों से गुंजायमान रहा। सत्ता के पावर ने भीड़ में कई गुना इजाफा किया।
बुधवार को निदेशक विजय दुबे उर्फ मटरलाल के नेतृत्व में पंचाल घाट पर भगवान श्रीराम और गौरी-गणेश का वेद मंत्रों से पूजन हुआ। दूध, दही, शहद, शक्कर और घी आदि से आचार्य शांति स्वरूप त्रिपाठी ने भगवान श्रीराम का अभिषेक किया।
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शाम साढ़े छह बजे अग्रवाल धर्मशाला नंबर एक से शोभायात्रा प्रारंभ हुई। इसमें राम, लक्ष्मण, भरत, शत्रुघ्न के साथ ही मां दुर्गा और बाल रूपी हनुमान की झांकी शामिल थी। शोभायात्रा मुख्यमार्गों से होती हुई वापस अग्रवाल धर्मशाला पहुंची जहां समापन हो गया। इस दौरान गगनभेदी नारेबाजी हुई। सड़क किनारे, छतों, छज्जों पर से पुष्पवर्षा होती रही।
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भगवान श्रीराम की आरती उतारकर उन्हें भोग लगाया गया। इसके बाद प्रसाद बांटा गया। इस अवसर पर अरुण प्रकाश तिवारी ददुआ, संजय गर्ग, अजयकृष्ण गुप्ता, अशोक वर्मा, संजीव मिश्र बाबी, सत्यम दीक्षित, अशोक मिश्र, प्रकाशचंद्र, राकेश अग्रवाल आदि रहे।