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गंगा बरपाने लगी कहर, कटान हुआ तेज
अमर उजाला ब्यूरो/फर्रुखाबाद
Updated Sat, 30 Jul 2016 10:40 PM IST
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कोला सोता गांव में कटान करतीं रामगंगा।
- फोटो : अमर उजाला
चेतावनी बिंदु के नजदीक बह रही गंगा ने खेतों और उसमें खड़ी फसलों पर कहर बरपाना शुरू कर दिया है। गंगा की तेज धारा से किसानों के खेतों का कटान तेजी से हो रहा है। इस कारण ग्रामीणों को काफी नुकसान उठाना पड़ रहा है।
गंगा नदी का जलस्तर चेतावनी बिंदु 136.60 के नजदीक है। जलस्तर 136.55 मीटर पर ठहरने से कटान तेज हो गया है।
इस कारण गंगा की तेज धारा ने खेतों को उजाड़ना शुरू कर दिया है। बासखेड़ा और अचानकपुर गांव में गंगा के कटान से किसानों के खेत तेजी से कट रहे है और फसलें डूबने से नष्ट हो गई हैं। अचानकपुर गांव के ग्रामीण लज्जाराम, जोगराज, रामबहादुर, सुनील कुमार, जसवंत, गंगासिंह समेत एक दर्जन ग्रामीणों के गंगा किनारे आठ से दस बीघा के खेत है। इनमें गन्ना की फसल किसानों ने की थी।
गंगा से कटान तेज होने से ग्रामीणों के खेतों का कटान तेज हो गया है। इस कारण खेतों में खड़ी गन्ना की फसल कटान से नष्ट हो गई। यहीं हाल गांव बासखेड़ा का है। लगभग 150 बीघा खेत कटान से कट गए और इसमें खड़ी गन्ना की फसल नष्ट हो गई है। गंगा के कहर बरपाने से किसानों को काफी नुकसान होने लगा है।
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गंगा नदी का जलस्तर चेतावनी बिंदु 136.60 के नजदीक है। जलस्तर 136.55 मीटर पर ठहरने से कटान तेज हो गया है।
इस कारण गंगा की तेज धारा ने खेतों को उजाड़ना शुरू कर दिया है। बासखेड़ा और अचानकपुर गांव में गंगा के कटान से किसानों के खेत तेजी से कट रहे है और फसलें डूबने से नष्ट हो गई हैं। अचानकपुर गांव के ग्रामीण लज्जाराम, जोगराज, रामबहादुर, सुनील कुमार, जसवंत, गंगासिंह समेत एक दर्जन ग्रामीणों के गंगा किनारे आठ से दस बीघा के खेत है। इनमें गन्ना की फसल किसानों ने की थी।
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गंगा से कटान तेज होने से ग्रामीणों के खेतों का कटान तेज हो गया है। इस कारण खेतों में खड़ी गन्ना की फसल कटान से नष्ट हो गई। यहीं हाल गांव बासखेड़ा का है। लगभग 150 बीघा खेत कटान से कट गए और इसमें खड़ी गन्ना की फसल नष्ट हो गई है। गंगा के कहर बरपाने से किसानों को काफी नुकसान होने लगा है।
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